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High Court : वेश्या संग रंगरेलियां मनाना मानव तस्करी व देह व्यापार नहीं, स्पा सेंटर में पकड़े गए आरोपी को राहत
Fri, 21 Mar 2025 11:49 AM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Fri, 21 Mar 2025 11:49 AM IST
सार
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मानव तस्करी और देह व्यापार के आरोपी के खिलाफ ट्रायल कोर्ट में शुरू हुई आपराधिक कार्यवाही को रद्द कर दिया। कहा कि वेश्या संग रंगरेलियां मनाना मानव तस्करी व देह व्यापार नहीं है।
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अदालत(सांकेतिक)
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मानव तस्करी और देह व्यापार के आरोपी के खिलाफ ट्रायल कोर्ट में शुरू हुई आपराधिक कार्यवाही को रद्द कर दिया। कहा कि वेश्या संग रंगरेलियां मनाना मानव तस्करी व देह व्यापार नहीं है। यह टिप्पणी न्यायमूर्ति विनोद दिवाकर की अदालत ने गाजियाबाद निवासी विपुल कोहली की याचिका पर दिया है। मामला गौतम बुद्ध नगर के सेक्टर-49 थाना क्षेत्र का है।
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20 मई 2024 को गाजियाबाद स्थित एलोरा थाई स्पा सेंटर में पुलिस ने दबिश देकर याची को महिला के साथ आपत्तिजनक हालत में पकड़ा था। पुलिस ने उसके खिलाफ मानव तस्करी व अनैतिक देह व्यापार की धाराओं ने मुकदमा पंजीकृत किया था। विवेचना के बाद आरोप पत्र भी दाखिल कर दिया गया। एसीजेएम की अदालत ने मामले का संज्ञान लेकर याची के खिलाफ समन आदेश जारी किया है। इसके खिलाफ याची ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।
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याची के अधिवक्ता ने दलील दी कि याची न तो स्पा सेंटर का मालिक है और ना ही महिलाओं को देह व्यापार में ढकेलने का आरोपी है। याची स्पा सेंटर का ग्राहक है। उसने ली गयी सेवाएं के बदले भुगतान किया है। कोर्ट ने याचिका स्वीकार कर ट्रायल कोर्ट में शुरू हुयी आपराधिक कार्यवाही को रद्द कर दिया।
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