फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Gyanvapi Case: Hearing in Allahabad High Court today on petitions filed by Muslim side

Gyanvapi Case : ज्ञानवापी मामले में मुस्लिम पक्ष की ओर से दाखिल याचिकाओं पर इलाहाबाद हाईकोर्ट में आज सुनवाई

Mon, 28 Nov 2022 07:06 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Mon, 28 Nov 2022 07:06 AM IST
सार

Gyanvapi Case: आज की सुनवाई में हिंदू पक्ष अपनी बची हुई दलीलें जारी रखेगा. इसके बाद मुस्लिम पक्ष को अपनी बात रखने का मौका दिया जाएगा।

विज्ञापन
Gyanvapi Case: Hearing in Allahabad High Court today on petitions filed by Muslim side
Gyanvapi Masjid Case - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

ज्ञानवापी परिसर के एएसआई से सर्वेक्षण कराए जाने के आदेश से जुड़े मामले में मुस्लिम पक्ष की तरफ से दाखिल की गई याचिकाओं पर इलाहाबाद हाईकोर्ट में आज हुई सुनवाई होगी। आज की सुनवाई में हिंदू पक्ष अपनी बची हुई दलीलें जारी रखेगा. इसके बाद मुस्लिम पक्ष को अपनी बात रखने का मौका दिया जाएगा।

विज्ञापन


पिछली सुनवाई में भारतीय पुरातत्व विभाग से सर्वे कराने पर लगी रोक के खिलाफ  मंदिर पक्ष की ओर से कहा गया था कि तार्किक निष्कर्ष तक पहुंचने के लिए जांच जरूरी है। प्रथम दृष्टया सच बाहर लाने के लिए एएसआई से विवादित परिसर का सर्वे कराया जाना चाहिए।
विज्ञापन


पहले सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता सी एस वैद्यनाथन ने कहा था कि विवादित परिसर मंदिर का हिस्सा है। यह नंगी आंखों से देखने से स्पष्ट होता है। इसलिए सर्वे किया जाना चाहिए ताकि सच बाहर आ सके। याचिका की सुनवाई कर रहे न्यायमूर्ति प्रकाश पाडिया ने कहा, इस बिंदु पर फैसला सुरक्षित किया जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


किंतु उत्तर प्रदेश सुन्नी सेंट्रल वक्फ  बोर्ड की ओर से कहा गया कि उनके वरिष्ठ अधिवक्ता एसएफ ए नकवी शहर से बाहर हैं। ऐसे में उन्हें पक्ष रखने के लिए दस दिनों के लिए सुनवाई स्थगित की जाए। इसे स्वीकार करते हुए कोर्ट ने अगली सुनवाई की तिथि 28 नवंबर तय की और कहा, उस दिन अंतिम बहस होगी। सुनवाई टाली नहीं जाएगी।

मंदिर पक्ष के अधिवक्ता ने कहा था कि 13 अगस्त 1998 को सुनवाई पर रोक लगी थी, जिसे बढ़ाया नहीं गया। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के फैसले के हवाले से कहा, यदि केस की सुनवाई पर रोक लगी है और इसे बढ़ाया नहीं गया है तो छह माह बाद वह रोक स्वयं खत्म हो जाएगी। इसलिए अधीनस्थ अदालत ने सुनवाई करते हुए सच का पता लगाने के लिए सर्वे कराने का आदेश दिया है, जो पूरी तरह से सही है। मुकदमे के तार्किक निष्कर्ष के लिए एएसआई सर्वे जरूरी है। इसलिए उस पर लगी रोक हटाई जाए।


मुस्लिम पक्ष की अधीनस्थ अदालत के आदेश के खिलाफ  दाखिल याचिकाओं की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने सर्वे कराने के अधीनस्थ अदालत के आदेश पर रोक लगा रखी है, जो 31 दिसंबर तक जारी है और केस की सुनवाई रुकी हुई है। लिहाजा पर अगली सुनवाई 28 नवंबर को दोपहर 12 बजे से होगी।

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed