{"_id":"5ddade7a8ebc3e54aa6b258c","slug":"green-signal-to-construct-three-rob-in-prayagraj-allahabad-news-ald261088540","type":"story","status":"publish","title_hn":"संगमनगरी में तीन आरओबी परियोजनाओं को मंजूरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संगमनगरी में तीन आरओबी परियोजनाओं को मंजूरी
विज्ञापन
भीरपुर, पचदेवरा और मांडा में बनेंगे आरओबी, निर्माण का मार्ग प्रशस्त, सैकड़ों गांवों की शहर से घटेंगी दूरियां
तीनों परियोजनाओं पर 125 करोड़ रुपये से अधिक होंगे खर्च
प्रयागराज। संगमनगरी में तीन स्थानों पर रेलवे ओवर ब्रिज (आरओबी) बनाए जाएंगे। पीडब्ल्यूडी की ओर से भेजे गए प्रस्तावों को शासन ने मंजूरी दे दी है। डीएफसीसी के अंतर्गत भीरपुर, पचदेवरा और मांडा में आरओबी का निर्माण राजकीय सेतु निर्माण निगम कराएगा। इन परियोजनाओं के निर्माण से गंगा-यमुनापार के एक हजार से अधिक गांवों के लोगों के लिए यातायात सुगम हो जाएगा। जाम से मुक्ति मिलने के साथ ही शहर से गांव की दूरी कम हो जाएगी। इन परियोजनाओं पर करीब 125 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होंगे। लंबे समय से इन स्थानों पर आरओबी निर्माण के लिए आवाज उठ रही थी।
लंबे इंतजार के बाद संगमनगरी में तीन सेतु परियोजनाओं के निर्माण का मार्ग प्रशस्त हो गया है। लखनऊ में हुई बैठक से लौटने के बाद राजकीय निर्माण निगम के मुख्य परियोजना प्रबंधक आरके सिंह ने भीरपुर, पचदेवरा और मांडा में आरओबी के प्रस्तावों को स्वीकृति मिलने की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि परियोजनाओं पर क्लीयरेंस मिल गया है। जीओ जारी होते ही निर्माण आरंभ करा दिया जाएगा। भीरपुर -मेजा मार्ग पर भीरपुर के पास रेल समपार संख्या-27 पर 670 मीटर लंबे आरओबी का निर्माण होगा। इसकी लागत 42 करोड़ रुपये निर्धारित है। इस आरओबी के निर्माण से रेलवे क्रासिंग पर हर घंटे लगने वाले जाम में एंबुलेंस व स्कूल वाहन नहीं फंसेंगे।
करछना, हिंदूपुर, पचदेवरा, करछना तहसील, गंधियांव, मुंगारी समेत सैकड़ों गांवों की कस्बे से दूरी घट जाएगी। मेजा ऊर्जा निगम के सैकड़ों कर्मचारियों की आवाजाही सुगम हो जाएगी। इसी तरह रेल समपार संख्या-29 पर भीरपुर-करछना मार्ग पर पचदेवरा में 700 मीटर लंबे आरओबी को मंजूरी मिली है। इस परियोजना पर 39 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसके निर्माण से भी सैकड़ों गांवों के लोगों की आएदिन की जाम की समस्या दूर हो जाएगी। इसी तरह मांडा बाजार से पहले भी एक आरओबी का निर्माण कराया जाएगा। तीनों जगह आरओबी निर्माण की मांग लंबे समय से की जा रही थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
तीनों परियोजनाओं पर 125 करोड़ रुपये से अधिक होंगे खर्च
प्रयागराज। संगमनगरी में तीन स्थानों पर रेलवे ओवर ब्रिज (आरओबी) बनाए जाएंगे। पीडब्ल्यूडी की ओर से भेजे गए प्रस्तावों को शासन ने मंजूरी दे दी है। डीएफसीसी के अंतर्गत भीरपुर, पचदेवरा और मांडा में आरओबी का निर्माण राजकीय सेतु निर्माण निगम कराएगा। इन परियोजनाओं के निर्माण से गंगा-यमुनापार के एक हजार से अधिक गांवों के लोगों के लिए यातायात सुगम हो जाएगा। जाम से मुक्ति मिलने के साथ ही शहर से गांव की दूरी कम हो जाएगी। इन परियोजनाओं पर करीब 125 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होंगे। लंबे समय से इन स्थानों पर आरओबी निर्माण के लिए आवाज उठ रही थी।
लंबे इंतजार के बाद संगमनगरी में तीन सेतु परियोजनाओं के निर्माण का मार्ग प्रशस्त हो गया है। लखनऊ में हुई बैठक से लौटने के बाद राजकीय निर्माण निगम के मुख्य परियोजना प्रबंधक आरके सिंह ने भीरपुर, पचदेवरा और मांडा में आरओबी के प्रस्तावों को स्वीकृति मिलने की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि परियोजनाओं पर क्लीयरेंस मिल गया है। जीओ जारी होते ही निर्माण आरंभ करा दिया जाएगा। भीरपुर -मेजा मार्ग पर भीरपुर के पास रेल समपार संख्या-27 पर 670 मीटर लंबे आरओबी का निर्माण होगा। इसकी लागत 42 करोड़ रुपये निर्धारित है। इस आरओबी के निर्माण से रेलवे क्रासिंग पर हर घंटे लगने वाले जाम में एंबुलेंस व स्कूल वाहन नहीं फंसेंगे।
विज्ञापन
करछना, हिंदूपुर, पचदेवरा, करछना तहसील, गंधियांव, मुंगारी समेत सैकड़ों गांवों की कस्बे से दूरी घट जाएगी। मेजा ऊर्जा निगम के सैकड़ों कर्मचारियों की आवाजाही सुगम हो जाएगी। इसी तरह रेल समपार संख्या-29 पर भीरपुर-करछना मार्ग पर पचदेवरा में 700 मीटर लंबे आरओबी को मंजूरी मिली है। इस परियोजना पर 39 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसके निर्माण से भी सैकड़ों गांवों के लोगों की आएदिन की जाम की समस्या दूर हो जाएगी। इसी तरह मांडा बाजार से पहले भी एक आरओबी का निर्माण कराया जाएगा। तीनों जगह आरओबी निर्माण की मांग लंबे समय से की जा रही थी।
विज्ञापन