पूर्व केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद ने किया सरेंडर, मिली जमानत
प्रयागराज। आचार संहिता उल्लंघन के लंबित मुकदमे में बृहस्पतिवार को पूर्व केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद ने स्पेशल कोर्ट एमपीएमएलए में सरेंडर कर जमानत अर्जी पेश की। सुनवाई के बाद कोर्ट ने जमानत मंजूर कर ली और जमानते दाखिल करने पर रिहा कर दिया। इससे पहले जितिन प्रसाद के उपस्थित न होने पर कोर्ट ने उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया था। यह आदेश स्पेशल कोर्ट के जज पवन कुमार तिवारी ने एडीजीसी राजेश गुप्ता और बचाव पक्ष की ओर से शीतला प्रसाद मिश्र को सुनकर दिया है।
घटना 25 अप्रैल 2014 की लखीमपुर खीरी के मितौली थाने की है। सचल दस्ता के मजिस्ट्रेट नरेश चन्द्र ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप है कि लोकसभा चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी जितिन प्रसाद अपने समर्थकों के साथ 120 बाइक, 45 चार पहिया वाहन के साथ जुलूस के साथ धौराहरा आए थे। जुलूस के कारण यातायात बाधित हुआ था। प्रशासन से जुलूस की अनुमति ब्लाक अध्यक्ष राम सागर मिश्रा के नाम ली गई थी। पुलिस ने आचार संहिता की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था। जितिन प्रसाद के साथ कांग्रेस के नेता देवव्रत मिश्र, प्रदीप मिश्र अंशुमन, डीपी पांडेय, आलोक कुमार, लाल जी पांडेय अधिवक्ता संघ के मंत्री कृष्ण चन्द मिश्र बऊ सहित कई नेता कोर्ट परिसर में उपस्थित रहे।