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आकस्मिक सेवाएं देनी हैं तो अस्पतालों को करने होंगे पांच इंतजाम
Tue, 21 Apr 2020 12:38 AM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Tue, 21 Apr 2020 12:38 AM IST
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कोरोना वायरस की जांच
- फोटो : Amar Ujala
चिकित्सकीय आपातकाल में सोमवार से थोड़ी ढील दिए जाने के बाद से निजी अस्पतालों में भी चिकित्सकीय सेवाएं बढ़ जाएंगी। ऐसे में उन्हें आकस्मिक सेवाओं को प्रदान करने के लिए पहले कुछ इंतजाम करने होंगे। बिना इस इंतजाम के आकस्मिक सेवाओं का संचालन नहीं किया जा सकेगा। केंद्र सरकार की गाइडलाइन के मुताबिक अगर कोई भी निजी अस्पताल ऐसा करता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
केंद्र सरकार की गाइडलाइन के मुताबिक आकस्मिक सेवाओं के संचालन के लिए पांच शर्तें निर्धारित की गई हैं। सीएमओ मेजर डॉ. जीएस बाजपेई ने कहा कि इन पांच शर्तों को पूरा करने के बाद ही निजी अस्पतालों में आकस्मिक सेवाओं को बहाल की छूट दी जाएगी। जिससे कि कोरोना के फैलने की आशंका न हो।
2. अस्पतालों में मरीजों की स्क्रीनिंग करने के लिए एक पृथक स्थल पर व्यवस्था स्थापित की गई हो।
3. सुरक्षात्मक उपकरण मास्क, ग्लब्स, इत्यादि समुचित मात्रा एवं आवश्यक पीपीई उपलब्ध हो।
4. अस्पताल का लगातार सैनिटाइजेशन किया जाना
5. बायोमेडिकल वेस्ट के निस्तारण की गाइडलाइंस का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित किया जाए।
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केंद्र सरकार की गाइडलाइन के मुताबिक आकस्मिक सेवाओं के संचालन के लिए पांच शर्तें निर्धारित की गई हैं। सीएमओ मेजर डॉ. जीएस बाजपेई ने कहा कि इन पांच शर्तों को पूरा करने के बाद ही निजी अस्पतालों में आकस्मिक सेवाओं को बहाल की छूट दी जाएगी। जिससे कि कोरोना के फैलने की आशंका न हो।
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पांच निर्धारित की गई शर्तें
1. अस्पतालों के चिकित्सकों और पैरामेडिकल स्टाफ को कोविड-19 संबंधि प्रोटोकाल का समुचित प्रशिक्षण मिला हो।2. अस्पतालों में मरीजों की स्क्रीनिंग करने के लिए एक पृथक स्थल पर व्यवस्था स्थापित की गई हो।
3. सुरक्षात्मक उपकरण मास्क, ग्लब्स, इत्यादि समुचित मात्रा एवं आवश्यक पीपीई उपलब्ध हो।
4. अस्पताल का लगातार सैनिटाइजेशन किया जाना
5. बायोमेडिकल वेस्ट के निस्तारण की गाइडलाइंस का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित किया जाए।