डिप्टी सीएम बोले: बाढ़ के स्थाई समाधान के लिए बनेगा कॉरिडोर, मांगा प्रस्ताव
- उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का किया हवाई निरीक्षण
- की समीक्षा, इंतजाम से दिखे संतुष्ट, जो खामियां दिखीं उसमें सुधार के दिए निर्देश
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नियमित अंतराल पर बाढ़ की विभिषिका झेलने वाले कछारी इलाके के हजारों परिवारों को राहत मिलने की उम्मीद है। बाढ़ से स्थाई तौर पर निजात के लिए कॉरिडोर बनाने की योजना तैयार की जा रही है। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सिंचाई विभाग के अफसरा से इसका प्रस्ताव मांगा है।
बृहस्पतिवार को प्रयागराज आए उप मुख्यमंत्री ने हेलीकॉप्टर से बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया। इसके बाद उन्होंने संबंधित सभी विभाग के अफसरों के साथ बाढ़ पीड़ितों की राहत के लिए किए गए इंतजामों की समीक्षा की। उप मुख्यमंत्री अब तक के इंतजाम से संतुष्ट दिखे। उन्होंने बाढ़ से हुए नुकसान के सर्वे का भी निर्देश दिया।
बैठक के बाद हुई प्रेसवार्ता में उप मुख्यमंत्री ने कहा कि जहां कमी दिखाई दी उसे दूर करने के निर्देश प्रशासन को दिए गए। केशव प्रसाद ने बताया कि बाढ़ के स्थाई समाधान के लिए कॉरिडोर पर विचार चल रहा है। इसके लिए प्रस्ताव मांगे गए हैं। इसमें बांध के निर्माण के अलावा कई अन्य कार्य शामिल होंगे। मुख्यमंत्री का कहना था कि गंगा और यमुना दोनों नदियों का जलस्तर कम होने लगा है। इसके बाद बीमारियों से बचाव की चुनौती होगी। इसके लिए प्रशासन, स्वास्थ्य, नगर निगम समेत अन्य संबंधित विभाग के अफसरों को समुचित तैयारी कर लेने के निर्देश दिए गए हैं। बैठक में डीएम संजय कुमार खत्री समेत अनेक अफसर मौजूद रहे।
रामवन गमन मार्ग के शेष तीन चरणों की एक साथ रखी जाएगी आधारशिला
अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के साथ रामवन गमन मार्ग का काम भी पूरा हो जाएगा। इस मार्ग के अंतर्गत भगवान राम से जुड़े 44 स्थानों को श्रृंग्वेरपुर से जोड़ा जाएगा। चार लेन वाली इन सड़कों के लिए राज्य योजना से बजट का इंतजाम किया जाएगा। अयोध्या से चित्रकूट के बीच रामवन गमन मार्ग का निर्माण शुरू है। चार चरणों वाली इस परियोजना पर कुल 3300 करोड़ रुपये की लागत आएगी। इस परियोजनों में भगवान राम से जुड़े 44 स्थलाें के विकास का काम भी शामिल हैं। प्रयागराज आए उप मुख्यमंत्री ने बृहस्पतिवार को इसकी समीक्षा की।
दूसरे चरण में अवतारगंज से श्रृंग्वेरपुर होते हुए मूरतगंज, तीसरे चरण में मूरतगंज से समदाबाद तथा चौथे और अंतिम चरण में रेपुरा से चित्रकूट के बीच सड़क का निर्माण होना है। इसके बीच में श्रृंग्वेरपुर में सिक्स लेन के फ्लाईओवर का निर्माण कराया जाएगा। यह पुल 1200 मीटर लंबा होगा। बुजुर्गों के लिए इस पर रैंप भी होगा। इस परियोजना में कई बाईपास तथा यमुना नदी पर चार लेन का पुल भी प्रस्तावित है। उप मुख्यमंत्री ने बताया कि इस परियोजना के पहले चरण का काम करीब पूरा होने वाला है।
शेष तीन चरणों के कार्र्यों की जल्द ही एक साथ आधारशिला रखी जाएगी। केशव प्रसाद ने बताया कि रामवन गमन मार्ग में पड़ने वाले 44 स्थलों को श्रृंग्वेरपुर से सड़क मार्ग से जोड़ा जाएगा। इसके लिए प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। इन संपर्क मार्गों के लिए राज्य योजना से बजट का इंतजाम किया जाएगा। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि रामवन गमन मार्ग के निर्माण से अयोध्या, प्रयागराज, कौशाम्बी, चित्रकूट का विकास होगा।
एयरपोर्ट होते हुए अंदावा से कौशाम्बी के बीच बनेगी फोर लेन सड़क
अंदावा से कौशाम्बी के बीच भी फोर लेन सड़क का निर्माण होगा। यह सड़क बमरौली एयरपोर्ट से गुजरेगी। 800 करोड़ रुपये लागत से बनने वाली इस सड़क के लिए प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। जल्द ही इसकी आधारशिला रखी जाएगी। इसके निर्माण से वाराणसी के साथ प्रयागराज से कौशाम्बी के बीच भी आवागमन सुलभ हो जाएगा।
हंडिया से अंदावा के बीच फोर लेन सड़क पहले ही स्वीकृत हो चुकी है। इसके लिए 300 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं। इसका निर्माण होने से वाराणसी की यात्रा और आसान हो जाएगी। साथ ही कम समय लगेंगे। इसी क्रम में अब अंदावा से कौशाम्बी के बीच फोर लेन सड़क की योजना तैयार की जा रही है। प्रयागराज आए केशव प्रसाद मौर्य ने बताया कि जल्द इस सड़क का भी निर्माण शुरू होगा। उप मुख्यमंत्री ने बताया कि करछना में गंगा नदी पर पुल का निर्माण भी जल्द शुरू होगा। इस पुल से गौहनिया के बीच फोर लेन की सड़क का भी निर्माण होगा। उप मुख्यमंत्री ने कई अन्य योजनाओं के बारे में भी जानकारी दी।