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बेटियों को टेक्नोलॉजी से जोड़ेगा विज्ञान परिषद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Thu, 28 Jul 2016 01:40 AM IST
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कार्यशाला
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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विज्ञान परिषद अब बेटियों को टेक्नोलॉजी से जोड़ने का काम करेगा, जिससे बेटियां वक्त के साथ कदम ताल बढ़ाते हुए आगे बढ़ सकें। परिषद में बुधवार को डॉ. कलाम की पुण्यतिथि पर डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्र का उद्घाटन किया गया। मुख्य अतिथि विज्ञानरत्न लक्ष्मण प्रसाद ने कहा कि एपीजे अब्दुल कलाम की पुण्यतिथि पर कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्र का उद्घाटन सराहनीय कदम है। डॉ. कलाम एक महान वैज्ञानिक, कर्मयोगी और संत थे, जिनका व्यक्तित्व अत्यंत प्रेरणादायी है।
कार्यक्रम अध्यक्ष इलाहाबाद विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. हनुमान प्रसाद तिवारी ने कहा कि प्रशिक्षण केंद्र में बेटियों को अत्यंत कम शुल्क में कंप्यूटर सिखाया जाएगा। इससे पूर्व कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों ने डॉ. कलाम को पुष्पांजलि अर्पित की। डॉ. प्रभाकर द्विवेदी ‘प्रभामाल’ ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। अतिथियों का स्वागत प्रधानमंत्री डॉ. शिवगोपाल मिश्र ने किया। प्रो. केके भूटानी ने कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्र का परिचय दिया। कार्यक्रम में धन्यवाद ज्ञापन प्रो. केबी पांडेय और संचालन देवव्रत द्विवेदी ने किया।
कार्यक्रम में भोपाल की डॉ. सुलभा माकोड़े को ‘उमा प्रसाद विज्ञान पुरस्कार’ और शाहजहांपुर के डॉ. इरफान ह्यूमन को ‘तुरशन पाल पाठक बाल विज्ञान पुरस्कार’ प्रदान किया गया। इसके अतिरिक्त चंद्रमणि सिंह की पुस्तक ‘असीम सृष्टि’ सहित कुल 11 पुस्तकों का लोकार्पण किया गया।
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अंजुमने रूहे अदब में डॉ.कलाम की स्मृति में यादे रफतगां और मुशायरे का आयोजन किया गया। बतौर मुख्य अतिथि डॉ.फाजिल हाशमी ने कहा, डॉ.कलाम विनम्रता में विश्वास रखते थे। पूरा देश उनके कलाम से प्रेम करता था। युवाओं को उनके बताए रास्ते पर चलना चाहिए। दूसरे चरण में आयोजित मुशायरे में नामचीन शायरों ने अपने कलाम पेश किये। इसमें हैदर जैदी, फरमूद इलाहाबादी, शाहिद अली, शाहनवाज आलम, सागर होशियारपुरी आदि ने कलाम को याद किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रेम सागर बहल ‘सागर होशियारपुरी’, संचालन जलाल फूलपुरी और स्वागत सचिव कर्नल अबरार अहमद ने किया।
मिसाइल मैन डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम की प्रथम पुण्यतिथि पर बुधवार को सामाजिक संगठनों और राजनैतिक पार्टियों ने उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किया। भाजपा चौक मंडल के तत्वावधान में निरंजन सिनेमा स्थित नर्सरी स्कूल में कार्यकर्ताओं ने डॉ. कलाम को भावभीनी श्रद्धांजलि दी। अध्यक्ष राजेश केसरवानी ने कहा कि डॉ. कलाम ने जिंदगी की तमाम चुनौतियों का सामना करते हुए प्रसिद्ध वैज्ञानिक और राष्ट्रपति बने। वे हमारे दिलों में हमेशा जिंदा रहेंगे। इस दौरान लता उपाध्याय, जरीना सिद्दीकी, पूनम केसरवानी, सत्या तिवारी, हर्ष केसरी आदि शामिल रहे।
वीर शिरोमणि रूपन बारी युवा सेवा संस्थान की ओर से बुधवार को राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम को श्रद्धा सुमन अर्पित किया गया। संस्थान अध्यक्ष प्रदीप बारी ने कहा कि डॉ. कलाम युवाओं के आदर्श हैं। भारत को महाशक्ति के रूप में स्थापित करने की उनकी ख्वाहिश थी। इसीलिए उन्हें मिसाइल मैन के नाम से भी जाना जाता है। इस मौके पर शंभू रावत, नरेंद्र, सुरेश चंद्र, शंभूनाथ, मनोज, कमला, शील कुमार आदि मौजूद रहे।
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कार्यक्रम अध्यक्ष इलाहाबाद विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. हनुमान प्रसाद तिवारी ने कहा कि प्रशिक्षण केंद्र में बेटियों को अत्यंत कम शुल्क में कंप्यूटर सिखाया जाएगा। इससे पूर्व कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों ने डॉ. कलाम को पुष्पांजलि अर्पित की। डॉ. प्रभाकर द्विवेदी ‘प्रभामाल’ ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। अतिथियों का स्वागत प्रधानमंत्री डॉ. शिवगोपाल मिश्र ने किया। प्रो. केके भूटानी ने कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्र का परिचय दिया। कार्यक्रम में धन्यवाद ज्ञापन प्रो. केबी पांडेय और संचालन देवव्रत द्विवेदी ने किया।
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कार्यक्रम में भोपाल की डॉ. सुलभा माकोड़े को ‘उमा प्रसाद विज्ञान पुरस्कार’ और शाहजहांपुर के डॉ. इरफान ह्यूमन को ‘तुरशन पाल पाठक बाल विज्ञान पुरस्कार’ प्रदान किया गया। इसके अतिरिक्त चंद्रमणि सिंह की पुस्तक ‘असीम सृष्टि’ सहित कुल 11 पुस्तकों का लोकार्पण किया गया।
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अंजुमने रूहे अदब में डॉ.कलाम की स्मृति में यादे रफतगां और मुशायरे का आयोजन किया गया। बतौर मुख्य अतिथि डॉ.फाजिल हाशमी ने कहा, डॉ.कलाम विनम्रता में विश्वास रखते थे। पूरा देश उनके कलाम से प्रेम करता था। युवाओं को उनके बताए रास्ते पर चलना चाहिए। दूसरे चरण में आयोजित मुशायरे में नामचीन शायरों ने अपने कलाम पेश किये। इसमें हैदर जैदी, फरमूद इलाहाबादी, शाहिद अली, शाहनवाज आलम, सागर होशियारपुरी आदि ने कलाम को याद किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रेम सागर बहल ‘सागर होशियारपुरी’, संचालन जलाल फूलपुरी और स्वागत सचिव कर्नल अबरार अहमद ने किया।
मिसाइल मैन डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम की प्रथम पुण्यतिथि पर बुधवार को सामाजिक संगठनों और राजनैतिक पार्टियों ने उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किया। भाजपा चौक मंडल के तत्वावधान में निरंजन सिनेमा स्थित नर्सरी स्कूल में कार्यकर्ताओं ने डॉ. कलाम को भावभीनी श्रद्धांजलि दी। अध्यक्ष राजेश केसरवानी ने कहा कि डॉ. कलाम ने जिंदगी की तमाम चुनौतियों का सामना करते हुए प्रसिद्ध वैज्ञानिक और राष्ट्रपति बने। वे हमारे दिलों में हमेशा जिंदा रहेंगे। इस दौरान लता उपाध्याय, जरीना सिद्दीकी, पूनम केसरवानी, सत्या तिवारी, हर्ष केसरी आदि शामिल रहे।
वीर शिरोमणि रूपन बारी युवा सेवा संस्थान की ओर से बुधवार को राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम को श्रद्धा सुमन अर्पित किया गया। संस्थान अध्यक्ष प्रदीप बारी ने कहा कि डॉ. कलाम युवाओं के आदर्श हैं। भारत को महाशक्ति के रूप में स्थापित करने की उनकी ख्वाहिश थी। इसीलिए उन्हें मिसाइल मैन के नाम से भी जाना जाता है। इस मौके पर शंभू रावत, नरेंद्र, सुरेश चंद्र, शंभूनाथ, मनोज, कमला, शील कुमार आदि मौजूद रहे।