फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Still active in the list of historic mafia three years ago

तीन साल पहले मारा गया हिस्ट्रीशीटर माफिया सूची में अब भी सक्रिय

Fri, 09 Jun 2017 02:13 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Fri, 09 Jun 2017 02:13 AM IST
विज्ञापन
Still active in the list of historic mafia three years ago
रास्ते के विवाद में गई महिला की जान - फोटो : demo pic
जिले की पुलिस का एक और कारनामा सामने आया है। पुलिस ने तीन साल पहले लखनऊ के गोमतीनगर इलाके में गैंगवार में मारा गया झूंसी का हिस्ट्रीशीटर बदमाश आशीष मिश्र अब भी पुलिस की नजर में अपराधी माफिया है। अप्रैल 2017 में शासन के निर्देश पर पुलिस ने माफियाओं की नई सूची तैयार की। इस सूची में मारे गए बदमाश का नाम शामिल होने से पुलिस के सक्रियता की पोल खुल गई।
विज्ञापन


सूबे में योगी सरकार आने के बाद सभी जिले के कप्तानों को निर्देश दिया गया कि लगातार अपराध करने वाले बदमाशों और माफियाओं को सूची तैयार कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। जिसके बाद जिले में कप्तान के निर्देश पर सभी थानों में माफियाओं क ो सूचीबद्ध किया गया। अप्रैल 2017 में माफिया गिरोह की तैयार सूची में कुल 62 माफियाओं का नाम शामिल है। माफिया सूची में 27 वें नंबर पर अपराधी माफिया आशीष मिश्र पुत्र सुशील मिश्र निवासी नई झूंसी का नाम है। जबकि वह 29 जनवरी 2014 को लखनऊ  के गोमतीनगर में बदमाशों से गैंगवार में मारा जा चुका है। उसके शरीर में 32 गोलियां लगी थी। 
विज्ञापन


मौके पर ही उसकी मौत हो गई थी। गोमतीनगर पुलिस ने पहले अज्ञात में शव का पोस्टमार्टम कराया था। बाद में उसकी शिनाख्त इलाहाबाद के झूंसी थाने के शातिर बदमाश हिस्ट्रीशीटर आशीष मिश्र के रूप में हुई थी। लखनऊ पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। हाल ही में पुलिस महकमे की ओर तैयार सूची में मारे गए बदमाश आशीष मिश्र का नाम शामिल होने से झूंसी पुलिस की सक्रि यता की पोल खुलती है। पुलिस को इतना भी नहीं पता कि उनके क्षेत्र का बदमाश तीन साल पहले ही मारा जा चुका है। पुलिस ने बिना पड़ताल के ही थाने से ही बैठकर सूची तैयार कर भेज दिया। जब झूंसी पुलिस से इस बारे में पूछा गया तो इंस्पेक्टर झूंसी ने बताया कि यह सूची एसडीएम के यहां से गई है। हमें जानकारी नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed