{"_id":"5939b52f4f1c1b831c9ca8a2","slug":"everything-happened-in-two-minutes","type":"story","status":"publish","title_hn":"सब कुछ दो मिनट में हो गया","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
सब कुछ दो मिनट में हो गया
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Fri, 09 Jun 2017 02:13 AM IST
विज्ञापन
इलाहाबाद।
- फोटो : इलाहाबाद।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हिस्ट्रीशीटर अनुज अग्रवाल और पवन हजारी के कार में बैठने से लेकर रिटायर्ड डीआईजी स्टांप के बेटे धीरज सिंह की गोली मारकर हत्या करने में मुश्किल से दो मिनट नहीं लगे। एजी आफिस के बाहर स्टार्ट कार में अंदर लाइट जलती देखकर दोनों हत्यारों ने गाड़ी का दरवाजा खोला और बैठ गए। धीरज की पत्नी निधि कुछ समझ ही नहीं पाई और जब चिल्लाई तो धीरज आ गए। उसी समय अनुज ने धीरज और निधि पर गोली चला दी।
एसएसपी आनंद कुलकर्णी ने पुलिस लाइन में पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहा कि अनुज को गिरफ्तार कर लिया गया है। इसके दूसरे साथी को गिरफ्तार करने के लिए दबिश दी जा रही है। बताया कि स्टार्ट कार को देखकर पवन हजारी तेजी से कार ले जाने की कोशिश में था। उसी उद्देश्य से दोनों कार में बैठ गए और कार आगे बढ़ाई। कार थोड़ा आगे बढ़कर बंद हो गई और फिर स्टार्ट नहीं हुई। इसी बीच निधि ने बांया गेट खोला और जोर से चिल्लाने लगी। उसी समय धीरज सिंह पवन हजारी को पकड़कर चिल्लाते हुए खींचने लगा। पकड़े जाने के डर से अनुज अग्रवाल ने निधि को गोली मारी दी। दूसरी गोली पवन हजारी को खींच रहे धीरज को मारी। इन दोनों अपराधियों की शीघ्र आवेश (शॉर्ट टेम्परड्) में आकर क्राइम करने की मॉडस ऑपरेंडी है। इस खुलासे पर आईजी ने 15 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है।
थाना मुट्ठीगंज के ऊंचामंडी निवासी अनुज अग्रवाल पर जान लेवा हमले, लूूट, पुलिस से मुठभेड़ सहित संगीन धाराओं में 12 मुकदमे दर्ज हैं। ये मुकदमे इलाहाबाद के मुट्ठीगंज. कीड़गंज, जार्जटाउन थानों में दर्ज है। इनके अलावा कानपुर के कोहना, फतेहपुर के दरियांव थानों में भी मुकदमे दर्ज हैं। इसके खिलाफ मुट्ठीगंज थाने में हिस्ट्रीशीट खुली हुई है।
विज्ञापन
फतेहपुर जिले के मलवा निवासी पवन हजारी के खिलाफ लूट, जान लेवा हमला, दुष्कर्म, गोकशी के मुकदमे फतेहपुर के थाना मलवा, बाकरगंज तथा हुसैनगंज थानों में दर्ज हैं। थाना मलवा में हिस्ट्रीसीट खुली हुई है।
पवन को फतेहपुर के जिलाधिकारी ने आपराधिक घटनाओं के कारण जिला बदर कर दिया गया था। वह छह महीने की फरारी इलाहाबाद और कानपुर में काट रहा था।
दूसरे जिलों के जिला बदर निशाने पर एसएसपी का कहना है कि धीरज की हत्या में शामिल पवन हजारी फ तेहपुर का जिला बदर है। इस तरह के दूसरे जिलों के जिला बदर इलाहाबाद में छिपे हो सकते हैं। प्रदेश के अन्य जिलों से आपराधिक घटनाओं में लिप्त जिला बदर किए गए बदमाशों का ब्योरा मांगा जा रहा है। ऐेसे अपराधियों के इलाहाबाद में रहने की संभावना है। उनके खिलाफ विशेष अभियान चलाया जाएगा।
विज्ञापन
एसएसपी आनंद कुलकर्णी ने पुलिस लाइन में पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहा कि अनुज को गिरफ्तार कर लिया गया है। इसके दूसरे साथी को गिरफ्तार करने के लिए दबिश दी जा रही है। बताया कि स्टार्ट कार को देखकर पवन हजारी तेजी से कार ले जाने की कोशिश में था। उसी उद्देश्य से दोनों कार में बैठ गए और कार आगे बढ़ाई। कार थोड़ा आगे बढ़कर बंद हो गई और फिर स्टार्ट नहीं हुई। इसी बीच निधि ने बांया गेट खोला और जोर से चिल्लाने लगी। उसी समय धीरज सिंह पवन हजारी को पकड़कर चिल्लाते हुए खींचने लगा। पकड़े जाने के डर से अनुज अग्रवाल ने निधि को गोली मारी दी। दूसरी गोली पवन हजारी को खींच रहे धीरज को मारी। इन दोनों अपराधियों की शीघ्र आवेश (शॉर्ट टेम्परड्) में आकर क्राइम करने की मॉडस ऑपरेंडी है। इस खुलासे पर आईजी ने 15 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है।
विज्ञापन
थाना मुट्ठीगंज के ऊंचामंडी निवासी अनुज अग्रवाल पर जान लेवा हमले, लूूट, पुलिस से मुठभेड़ सहित संगीन धाराओं में 12 मुकदमे दर्ज हैं। ये मुकदमे इलाहाबाद के मुट्ठीगंज. कीड़गंज, जार्जटाउन थानों में दर्ज है। इनके अलावा कानपुर के कोहना, फतेहपुर के दरियांव थानों में भी मुकदमे दर्ज हैं। इसके खिलाफ मुट्ठीगंज थाने में हिस्ट्रीशीट खुली हुई है।
विज्ञापन
फतेहपुर जिले के मलवा निवासी पवन हजारी के खिलाफ लूट, जान लेवा हमला, दुष्कर्म, गोकशी के मुकदमे फतेहपुर के थाना मलवा, बाकरगंज तथा हुसैनगंज थानों में दर्ज हैं। थाना मलवा में हिस्ट्रीसीट खुली हुई है।
पवन को फतेहपुर के जिलाधिकारी ने आपराधिक घटनाओं के कारण जिला बदर कर दिया गया था। वह छह महीने की फरारी इलाहाबाद और कानपुर में काट रहा था।
दूसरे जिलों के जिला बदर निशाने पर एसएसपी का कहना है कि धीरज की हत्या में शामिल पवन हजारी फ तेहपुर का जिला बदर है। इस तरह के दूसरे जिलों के जिला बदर इलाहाबाद में छिपे हो सकते हैं। प्रदेश के अन्य जिलों से आपराधिक घटनाओं में लिप्त जिला बदर किए गए बदमाशों का ब्योरा मांगा जा रहा है। ऐेसे अपराधियों के इलाहाबाद में रहने की संभावना है। उनके खिलाफ विशेष अभियान चलाया जाएगा।