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शिकवा न शिकायत, फिर क्यूं की हैवानियत

Thu, 23 Aug 2018 01:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Thu, 23 Aug 2018 01:14 AM IST
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Do not teach or complain, then why not
क्राइम
एक घर में पांच मौत की लोमहर्षक वारदात के 48 घंटे बाद पीपलगांव में बुधवार को भी सन्नाटा पसरा रहा। गुलाब कुशवाहा के घर में मातम पसरा हुआ है, परिवार के ज्यादातर लोग जा चुके हैं। घर में अब सिर्फ पिता गुलाब, उसका छोटा बेटा और बहू साधना बची हैं। मीडिया में सुर्खियों में आने के बाद अब परिवार के लोग बाहर से आने वाले किसी भी व्यक्ति से मिलना नहीं चाहते वहीं, बेटा-बहू के साथ अपनी तीन पोतियों को खोने के बाद गुलाब सदमे की हालत में हैं।
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बता दें, सोमवार दोपहर गुलाब कुशवाहा के मझले बेटे मनोज कुशवाहा ने अपनी तीन अबोध बच्चियों एवं पत्नी श्वेता का गला घोंट दिया और खुद फांसी के फंदे पर झूल गया। इस दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी लेकिन परिवार के लोग अभी भी इस घटना को स्वीकार नहीं कर पा रहे। पिता गुलाब का कहना है कि सब कुछ ठीक चल रहा था। कहीं कोई दिक्कत नहीं थी। फिर बेटे ने ऐसा क्यूं किया। हालांकि मनोज के पड़ोसियों का मनाना है  उसने यह कदम आर्थिक तंगी केबाद पैदा
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मनोज के घर के आसपास उसके नातेदार ही रहते हैं। उनका का कहना है वह बहुत अस्थिर दिमाग का व्यक्ति था। परिवार के पास भले करोड़ों रुपये की जमीन थी लेकिन बंटवारा न होने से मनोज का हाथ बेहद तंग था। कमाई के चक्कर में वह कई बार मुंबई जा चुका लेकिन कुछ दिन बाद वापस लौट आता था। पड़ोसी बताते हैं जुए का लती होने से उस पर काफी कर्जा भी था। मनोज के कामकाजी न होने से पिता गुलाब ही घर का पूरा खर्च संभाला था। मनोज की तीनों बेटियां भी पिता के बजाए अपने बाबा से फरमाइशें करती थीं। खेती-किसानी के चलते गुलाब का ज्यादा समय खेत और ट्यूबवेल पर बीतता था लेकिन पोतियों की डिमांड  गुलाब तुरंत पूरा करता था। पत्नी श्वेता को अपनी बेटियों की फिक्र होती तब वह मनोज से कुछ काम करने को कहती। इस पर दोनों के बीच अकसर झगड़ा होता था लेकिन आखिर यह वजह इस लोमहर्षक वारदात के पीछे बनी, इसे सटीक बताने वाला कोई नहीं है। कई लोग मनोज की क्रूरता देखकर ही हैरान थे।
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अपने पत्नी एवं तीन बेटियों को मारकर फांसी में झूल जाने के मामले को प्रारंभिक तौर पर मनोज की खराब आर्थिक दशा, उसका मानसिक असंतुलन एवं पत्नी से अनबन के परिणाम के तौर पर जोड़कर देखा जा रहा, लेकिन पुलिस कुछ बाहरी सूत्र भी तलाश रही है। एसएसपी नितिन तिवारी का कहना है कि मनोज एवं उसके परिवार के लोगों के मोबाइल फोन के कॉल डिटेल्स निकलवाए जा रहे हैं।इससे अगर कोई बाहरी मामला भी इससे जुड़ता हो तो उसकी पड़ताल की जा सके।
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