{"_id":"5c899d3aa67554f735654a2801d7f2d2","slug":"crime-news-hindi-news-463","type":"story","status":"publish","title_hn":"सो रहे किसान की गोली मारकर हत्या","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
सो रहे किसान की गोली मारकर हत्या
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Mon, 05 Oct 2015 11:52 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
यमुनापार के मांडा इलाके में रविवार रात खेत की सिंचाई के दौरान चारपायी पर सो रहे किसान मेवालाल बिंद (50) की गोली मारकर हत्या कर दी गई। सोमवार सुबह गांव के कुछ लोग उधर गए तो कत्ल का पता चला। खबर पाकर वहां क्षेत्रीय पुलिस के साथ सीओ और एसपी पहुंचे तथा डॉग स्कवॉयड और फोरेसिंक टीम को घटनास्थल पर बुलाकर जांच की। सात लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की गई है।
हेमपुर गांव निवासी मेवालाल बिंद (50) रविवार रात घर से कुछ दूर बसखरी गांव में अपने धान के खेत की सिंचाई कराने गया था। रात में सरकारी नलकूप से खेत में पानी लगाकर वह सो गया। रात में किसी ने उसके माथे पर गोली मार दी। उसके कत्ल की जानकारी सोमवार सुबह हुई जब गांव वाले उधर गए। चारपायी पर मेवालाल की खून सनी लाश देख लोग स्तब्ध रह गए। खबर फैली तो वहां भीड़ लग गई। मेवालाल के परिवार के लोग भी रोते-कलपते आ गए। फिर मांडा थाने की पुलिस फोर्स पहुंची।
खोजी कुत्ते और फोरेेंसिक टीम को भी बुलाया गया मगर कातिलों के बारे में कुछ पता नहीं चल सका। मेवालाल छह भाइयों में तीसरे नंबर पर था। उसके पांच बेटे और दो बेटियां हैं। बड़े भाई नंदलाल बिंद की तहरीर पर मांडा थाने में परशुराम विश्राम, उमाशंकर, छोटेलाल, विजयशंकर, राकेश, पारसनाथ समेत सात लोगों के खिलाफ कत्ल का मुकदमा लिखा। देर रात तक पुलिस का कहना था कि कोई भी पकड़ा नहीं गया है। पता चला है कि मेवालाल और नामजद आरोपियों के बीच पहले से दुश्मनी थी। उनके बीच मारपीट का एक केस भी चल रहा था। पुलिस जांच कर रही है। इसमें पारसनाथ तो रेप केस में फरार चल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
हेमपुर गांव निवासी मेवालाल बिंद (50) रविवार रात घर से कुछ दूर बसखरी गांव में अपने धान के खेत की सिंचाई कराने गया था। रात में सरकारी नलकूप से खेत में पानी लगाकर वह सो गया। रात में किसी ने उसके माथे पर गोली मार दी। उसके कत्ल की जानकारी सोमवार सुबह हुई जब गांव वाले उधर गए। चारपायी पर मेवालाल की खून सनी लाश देख लोग स्तब्ध रह गए। खबर फैली तो वहां भीड़ लग गई। मेवालाल के परिवार के लोग भी रोते-कलपते आ गए। फिर मांडा थाने की पुलिस फोर्स पहुंची।
विज्ञापन
खोजी कुत्ते और फोरेेंसिक टीम को भी बुलाया गया मगर कातिलों के बारे में कुछ पता नहीं चल सका। मेवालाल छह भाइयों में तीसरे नंबर पर था। उसके पांच बेटे और दो बेटियां हैं। बड़े भाई नंदलाल बिंद की तहरीर पर मांडा थाने में परशुराम विश्राम, उमाशंकर, छोटेलाल, विजयशंकर, राकेश, पारसनाथ समेत सात लोगों के खिलाफ कत्ल का मुकदमा लिखा। देर रात तक पुलिस का कहना था कि कोई भी पकड़ा नहीं गया है। पता चला है कि मेवालाल और नामजद आरोपियों के बीच पहले से दुश्मनी थी। उनके बीच मारपीट का एक केस भी चल रहा था। पुलिस जांच कर रही है। इसमें पारसनाथ तो रेप केस में फरार चल रहा है।
विज्ञापन