फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Cremation of 414 dead bodies at four crematoriums in Prayagraj

Prayagraj News: प्रयागराज के चार श्मशान घाटों पर 414 शवों का अंतिम संस्कार, शव रखने के लिए नहीं बची जगह

Wed, 19 Jun 2024 10:41 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: अमर उजाला ब्यूरो Updated Wed, 19 Jun 2024 10:41 AM IST
सार

प्रयागराज में पड़ रही भीषण गर्मी का असर अब घाटों पर दिख रहा है। गंगा और यमुना के घाटों पर शव का अंतिम संस्कार करने के लिए जगह नहीं बची है। मंगलवार को घाटों पर 400 से अधिक शवों का अंतिम संस्कार किया गया। तमाम लोग शव को रेत में दफनाकर चले जा रहे हैं। अधिकारी ऐसे लोगों पर भी नजर बनाए हुए हैं। 

विज्ञापन
Cremation of 414 dead bodies at four crematoriums in Prayagraj
अंतिम संस्कार। सांकेतिक चित्र - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

तीन दिन से देश में सर्वाधिक गर्म रिकॉर्ड किए गए प्रयागराज में श्मशान घाटों पर अंतिम संस्कार के लिए जगह नहीं बची। शृंग्वेरपुर धाम श्मशान घाट के रास्ते शव लेकर आने वालों की भीड़ से पैक हो गए। वहां दो पहिया वाहनों को खड़ा करने की भी जगह नहीं बची। शहर और आसपास के चार श्मशान घाटों को मिलाकर 414 शवों का अंतिम संस्कार किया गया।

विज्ञापन


शहर के दारागंज श्मशान गाट पर प्रयागराज के अलावा पड़ोसी राज्य मध्य प्रदेश के रीवा, हनुमान तक के लोग शवों के अंतिम संस्कार के लिए पहुंचे। यहां रात के 11 बजे तक 80 शवों का अंतिम संस्कार किया गया। घाट के लकड़ी विक्रेता राजाराम के मुताबिक दो दिनों से श्मशान घाट पर लाए जा रहे शवों को देखकर कोरोना काल की यादें ताजा हो गईं। इसी तरह रसूलाबाद घाट पर 24 घंटे के भीतर 60 से अधिक शवों का अंतिम संस्कार किया गया। इसी तरह शृंग्वेरपुरधाम के श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार के लिए चिताओं की संख्या बढ़ती गई।
विज्ञापन


मंगलवार दोपहर दो बजे तक चिताओं की संख्या 100 तक पहुंच गईं। देर रात तक यहां 150 शवों के अंतिम संस्कार किए गए। इस दौरान घाट पर लकड़ियों की भी किल्लत हो गई। इसी तरह झूंसी के छतनाग श्मशान घाट पर दो दिन के भीतर 92 शवों का अंतिम संस्कार किया गया। श्मशान घाटों पर धधकती चिताएं प्रचंड गर्मी की गवाही दे रही थीं। पिछले दो दिनों से छतनाग श्मशान घाट पर चिता की राख ठंडी तक नहीं हो पा रही है। पिछले दो दिनों से छतनाग श्मशान घाट पर दिनरात चिताएं जलाई जा रही हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


गर्मी और लू लगने के कारण मरने वालों में बुजुर्ग, अधेड़ के साथ ही युवाओं की संख्या भी ज्यादा है। एक साथ भारी तादाद में चिताओं को जलाने के लिए लकड़ी तक कम पड़ जा रही है। ऐसे में आसपास के इलाकों से श्मशान घाट पर लकड़ी मंगाई जा रही है। फाफामऊ श्मशान घाट पर इस दिन 32 शवों का अंतिम संस्कार किया गया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed