{"_id":"5bdb6714bdec2269b059cd83","slug":"computer-baba-expelled-mahamandaleshwar-s-title-dropped","type":"story","status":"publish","title_hn":"कंप्यूटर बाबा निष्कासित, महामंडलेश्वर की पदवी छिनी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कंप्यूटर बाबा निष्कासित, महामंडलेश्वर की पदवी छिनी
अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज
Updated Fri, 02 Nov 2018 02:20 AM IST
विज्ञापन
कंप्यूटर बाबा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मध्यप्रदेश सरकार में दर्जा प्राप्त मंत्री रहे नामदेव दास त्यागी उर्फ कंप्यूटर बाबा को पंच दिगंबर अनी अखाड़ा से निष्कासित किए जाने के बाद प्रयाग कुंभ में शाही स्नान, पेशवाई समेत अन्य कार्यक्रमों में उनके हिस्सा लेने पर रोक लगा दी गई है। अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद ने उनको दी गई महामंडलेश्वर की पदवी भी वापस ले ली है। कुंभ में उनको भूमि आवंटन समेत अन्य सभी सुविधाओं से वंचित कर दिया गया है। इसकी पुष्टि बृहस्पतिवार की शाम अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि महाराज ने की। उज्जैन में पंच दिगंबर अनी अखाड़े में महामंडलेश्वरों, महंतों के अलावा षड्दर्शन साधु समाज की हुई बैठक कंप्यूटर बाबा को निष्कासन की कार्रवाई की गई और कुंभ में उनके बहिष्कार का निर्णय लिया गया।
मध्य प्रदेश सरकार में दर्जा प्राप्त मंत्री रहे कंप्यूटर बाबा पर महामंडलेश्वर पद का निजी स्वार्थ के लिए दुरुपयोग करने का आरोप है। पंच दिगंबर अनी अखाड़े के सचिव महंत शिवशंकर दास ने बताया कि नामदेव दास उर्फ कंप्यूटर बाबा द्वारा व्यक्तिगत स्वार्थ और राजनीति के लिए अखाड़े के साथ साधु समाज का इस्तेमाल कर रहे थे। महामंडलेश्वर बनते समय कंप्यूटर बाबा ने शपथ ली थी कि वह गरिमामयी पद का उपयोग निजी स्वार्थ के लिए नहीं करेंगे, लेकिन इसका उन्होंने पालन नहीं किया। इसलिए विचार विमर्श के बाद पंच दिगंबर अनी अखाड़े के महामंडलेश्वर पद से निष्कासित कर उनको पद मुक्त किया गया है। साथ ही प्रयाग में लगने वाले कुंभ से बहिष्कृत कर अखाड़े के खलासे की ओर से जमीन आवंटन समेत अन्य किसी प्रकार की सुविधा देने पर भी रोक लगा दी गई है। भी 13 अखाड़ों को इस आशय की सूचना भेजी गई है कि वह कंप्यूटर बाबा का बहिष्कार करें। सार्वजनिक तौर पर किसी आयोजन में कंप्यूटर बाबा को आमंत्रित न करने और उनके बुलावे पर किसी आयोजन में हिस्सा न लेने के लिए कहा गया है।
एमपी विधानसभा चुनाव से पहले शिवराज सिंह चौहान सरकार के खिलाफ लगातार हमले कर रहे कंप्यूटर बाबा के खिलाफ अखाड़ा परिषद जल्द ही उज्जैन में केस दर्ज कराएगा। अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष नरेंद्र गिरि महाराज ने बताया कि इस मामले में परिषद के महामंत्री हरि गिरि का इंतजार किया जा रहा है। उनके आने के बाद कंप्यूटर बाबा के खिलाफ उज्जैन में प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी। कंप्यूटर बाबा ने व्यक्तिगत हितों के लिए अखाड़े की छवि खराब की है।
विज्ञापन
श्री पंच दिगंबर अनी अखाड़े के पंचों की ओर से लिए गए फैसले के बाद नामदेवदास त्यागी उर्फ कंप्यूटर बाबा को अखाड़े से निष्कासित करने का निर्णय लिया गया। अब वह महामंडलेश्वर नहीं रह गए हैं। कंप्यूटर बाबा को अखाड़े की ओर से प्रयाग कुंभ में न कोई जमीन आवंटित की जाएगी और ना ही उन्हें सुविधा दी जाएगी।महंत नरेंद्र गिरि- अध्यक्ष अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद।
विज्ञापन
मध्य प्रदेश सरकार में दर्जा प्राप्त मंत्री रहे कंप्यूटर बाबा पर महामंडलेश्वर पद का निजी स्वार्थ के लिए दुरुपयोग करने का आरोप है। पंच दिगंबर अनी अखाड़े के सचिव महंत शिवशंकर दास ने बताया कि नामदेव दास उर्फ कंप्यूटर बाबा द्वारा व्यक्तिगत स्वार्थ और राजनीति के लिए अखाड़े के साथ साधु समाज का इस्तेमाल कर रहे थे। महामंडलेश्वर बनते समय कंप्यूटर बाबा ने शपथ ली थी कि वह गरिमामयी पद का उपयोग निजी स्वार्थ के लिए नहीं करेंगे, लेकिन इसका उन्होंने पालन नहीं किया। इसलिए विचार विमर्श के बाद पंच दिगंबर अनी अखाड़े के महामंडलेश्वर पद से निष्कासित कर उनको पद मुक्त किया गया है। साथ ही प्रयाग में लगने वाले कुंभ से बहिष्कृत कर अखाड़े के खलासे की ओर से जमीन आवंटन समेत अन्य किसी प्रकार की सुविधा देने पर भी रोक लगा दी गई है। भी 13 अखाड़ों को इस आशय की सूचना भेजी गई है कि वह कंप्यूटर बाबा का बहिष्कार करें। सार्वजनिक तौर पर किसी आयोजन में कंप्यूटर बाबा को आमंत्रित न करने और उनके बुलावे पर किसी आयोजन में हिस्सा न लेने के लिए कहा गया है।
विज्ञापन
एमपी विधानसभा चुनाव से पहले शिवराज सिंह चौहान सरकार के खिलाफ लगातार हमले कर रहे कंप्यूटर बाबा के खिलाफ अखाड़ा परिषद जल्द ही उज्जैन में केस दर्ज कराएगा। अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष नरेंद्र गिरि महाराज ने बताया कि इस मामले में परिषद के महामंत्री हरि गिरि का इंतजार किया जा रहा है। उनके आने के बाद कंप्यूटर बाबा के खिलाफ उज्जैन में प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी। कंप्यूटर बाबा ने व्यक्तिगत हितों के लिए अखाड़े की छवि खराब की है।
विज्ञापन
श्री पंच दिगंबर अनी अखाड़े के पंचों की ओर से लिए गए फैसले के बाद नामदेवदास त्यागी उर्फ कंप्यूटर बाबा को अखाड़े से निष्कासित करने का निर्णय लिया गया। अब वह महामंडलेश्वर नहीं रह गए हैं। कंप्यूटर बाबा को अखाड़े की ओर से प्रयाग कुंभ में न कोई जमीन आवंटित की जाएगी और ना ही उन्हें सुविधा दी जाएगी।महंत नरेंद्र गिरि- अध्यक्ष अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद।