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Prayagraj : हाईकोर्ट अधिवक्ताओं, जजों, और कर्मचारियों के उपचार के लिए कैंटोनमेंट बोर्ड आया आगे

Sat, 27 Sep 2025 02:28 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sat, 27 Sep 2025 02:28 PM IST
सार

सबकुछ ठीक रहा तो जल्दी ही इलाहाबाद हाईकोर्ट के अधिवक्ताओं, जजों, कर्मचारियों सहित उनके आश्रितों को बेहतर चिकित्सकीय सलाह और उपचार हो सकेगा।

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Cantonment Board comes forward for the treatment of High Court advocates, judges, and employees
उपचार करते डॉक्टर। सांकेतिक चित्र - फोटो : चैट जीपीटी।

विस्तार

सबकुछ ठीक रहा तो जल्दी ही इलाहाबाद हाईकोर्ट के अधिवक्ताओं, जजों, कर्मचारियों सहित उनके आश्रितों को बेहतर चिकित्सकीय सलाह और उपचार हो सकेगा। रक्षा मंत्रालय की ओर से संचालित कैंटोमेंट बोर्ड (छावनी परिषद) चिकित्सालय प्रशासन ने यूथ बार एसोसिएशन के अध्यक्ष लक्ष्मीकांत मिश्रा के प्रस्ताव को स्वीकार करते हुए देश के बेहतरीन विशेषज्ञों की टीम द्वारा नि:शुल्क चिकित्सकीय उपचार करने सहमति दे दी है। 

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कैंटोंमेंट बोर्ड चिकित्सालय के निदेशक सिद्धार्थ पांडेय ने इसके लिए हाईकोर्ट बार एसोसिएशन अध्यक्ष राकेश पांडेय को पत्र लिखकर जगह की मांग की है। पत्र में कहा गया कि इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन उन्हें हाईकोर्ट परिसर में जगह उपलब्ध कराता है तो वह एकल खिड़की पंजीकरण काउंटर स्थापित कर ओपीडी सुविधा मुहैया कराई जाएगी। हाईकोर्ट की ओर से सहयोग मिलता रहा तो यह व्यवस्था निर्बाध जारी रहेगी। कैशलेश उपचार भी होगा। इसके अलावा 70 वर्ष से अधिक उम्र वालों को आयुष्मान योजना का लाभ भी दिया जाएगा। 
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यूथ बार एसोसिएशन के मीडिया प्रवक्ता योगेंद्र पांडेय ने बताया कि यूथ बार के अध्यक्ष लक्ष्मीकांत मिश्रा ने कुछ दिन पहले ही कैंटोमेंट बोर्ड के निदेशक के समक्ष यह प्रस्ताव रखा था, जिसे निदेशक ने स्वीकार कर लिया और इससे हाईकोर्ट के न केवल न अधिवक्ताओं का बल्कि यहां के जजों और कर्मचारियों व उनके आश्रितों को बेहतर चिकित्सकीय सुविधा मिल सकेगी। कैंटोंमेंट बोर्ड चिकित्सालय में दिल, दिमाग, किडनी, पेट, हड्डी, त्वचा, आंख, महिलाओं से संबंधित सभी गंभीर बीमारियों के साथ उसकी गंभीर सर्जरी भी होती है।

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सीजीएचएस की दर पर सीटी स्कैन, एमआरआई, जांच हो सकेगी। इसके अलावा आईसीयू सहित कई अन्य गंभीर बीमारियों की सेवा भी उपलब्ध हो सकेगी। हाईकोर्ट बार के साथ कैंटोमेंट बोर्ड चिकित्सालय के बीच समन्वय बनने से बेहतर उपचार की सुविधा बहाल हो सकेगी। हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष एवं वरिष्ठ अधिवक्ता राकेश पांडेय ने यूथ बार एसोसिएशन की इस पहल का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि हाईकोर्ट में चिकित्सकीय जरूरतों की अभी बहुत कमी है। ऐसे में अगर कैंटोंमेंट बोर्ड चिकित्सालय अपनी सेवा देगा तो यह बहुत ही अच्छा होगा। उन्होंने कहा कि नवंबर से यह व्यवस्था शुरू हो जाएगी। 

एक अक्टूबर से बनाए जाएंगे आयुष्मान कार्ड

कैंटोंमेंट चिकित्सालय प्रशासन की ओर से बार अध्यक्ष को भेजी गई सूचना के मुताबिक अगर बार स्थान देता है तो यहां 70 वर्ष से अधिक आयु वाले अधिवक्ताओं और उनके परिवार के सदस्यों को आयुष्मान कार्ड भी बना दिया जाएगा, जिससे कि मुफ्त उपचार करने में असुविधा का सामना न करना पड़े। 

मैक्स के दो विशेषज्ञ की ओपीडी जल्द होगी शुरू

योजना के तहत मैक्स स्मार्ट सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल के दो चिकित्सकों की ओपीडी जल्दी ही शुरू होगी। हाईकोर्ट यूथ बार अध्यक्ष लक्ष्मीकांत मिश्रा ने बताया कि आर्थोपेडिक डॉ. चंदीप सिंह और कार्डियक स्पेशलिस्ट डॉ. रिपेन गुप्ता हर बृहस्पतिवार और शुक्रवार ओपीडी में चिकित्सकीय सलाह देंगे। हालांकि, इसके लिए समय अभी तय नहीं है। 

जगह तय होने तक हाईकोर्ट बार के कार्यालय में चलेगी ओपीडी

हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष वरिष्ठ अधिवक्ता राकेश पांडेय ने बड़ा दिल दिखाया है। उन्होंने कहा कि चिकित्सकीय टीम के जगह तय करने के लिए हाईकोर्ट प्रशासन से बातचीत चल रही है। जब तक चिकित्सकीय टीम के लिए जगह तय नहीं हो जाती है तब तक चिकित्सक हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के कार्यालय में जरूरतमंद अधिवक्ताओं व अन्य लोगों को चिकित्सकीय परामर्श दें सकेंगे।

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