चुनाव से पहले गंगा के बहाने संघ प्रमुख भागवत ने साधा हिंदुत्व पर निशाना, एकजुटता का दिया संदेश
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सर संघचालक मोहन भागवत ने अगले वर्ष यूपी में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा के हिंदुत्व एजेंडे को गंगा के बहाने धार देने का प्रयास किया है। संगम तीरे गंगा समग्र का कार्यकर्ता संगम कार्यक्रम यूं तो गंगा के निर्मलीकरण को लेकर आयोजित था, लेकिन संघ प्रमुख ने इस आयोजन के दूसरे दिन गंगा किनारे सभी गांवों में गंगा आरती का आयोजन करवाने की बात कहने के साथ हिंदुओं को आपस में जोड़े जाने का भी संदेश दे दिया। चर्चा है कि इस कार्य में संघ के साथ भाजपा कार्यकर्ताओं को भी जोड़ा जाएगा।
दो वर्ष पूर्व भी संघ प्रमुख ने संगम तट पर विहिप शिविर में आयोजित संत सम्मेलन में कुंभ मेले जरिए जातपात से इतर हिंदुओं को जोड़े जाने का संदेश दिया। इस दौरान उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण का संकल्प लिया। इसका असर यह रहा कि वर्ष 2019 में केंद्र में मोदी सरकार लगातार दूसरी बार काबिज हो गई। इसी तर्ज पर संघ प्रमुख वर्ष 2022 में होने वाले विधानसभा चुनाव के पूर्व प्रयागराज पहुंचने के साथ पहले दिन ही गंगा पूजन कर यहां गो और राष्ट्र रक्षा का संकल्प ले लिया।
माना जा रहा है कि इस दौरान उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण शुरू होने पर मां गंगा का आभार भी जताया। दरअसल यूपी के साथ कई अन्य राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनाव के पूर्व संघ चाहता है कि हिंदू वोटरों का बिखराव न हो। इसी वजह से उन्हें जोड़े रखने के लिए पिछले वर्ष नवंबर माह में जहां अयोध्या में श्री राम मंदिर निर्माण के लिए हर एक हिंदू की सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए धन संग्रह की व्यापक रणनीति बनाने के साथ देश भर में एक साथ यह अभियान शुरू किया। क्योंकि यह अभियान माघी पूर्णिमा तक ही चलना है इस वजह से संघ ने अब गंगा के निर्मलीकरण अभियान के जरिए हिंदुओं को जोड़ने की रणनीति बनाई है।