2000 Rupees Note : दो हजार की नोटों को लेकर बैंकों ने बनाई रणनीति, आरबीआई के निर्देश पर बैंकों में हुई बैठक
बैंकों में दो हजार के नोटों को बदलने की सुविधा मंगलवार से लागू हो जाएगी। वहीं, रविवार को सार्वजनिक अवकाश होने के बावजूद कई सरकारी व प्राइवेट बैंकों की बैठक हुई। इसमें बैंकों को निर्देश दिया गया कि वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांगजनों आदि को असुविधा न हो इसकी व्यवस्था करें। इसके साथ ही ग्राहकों की शंका निवारण और नोट बदलने की प्रक्रिया कैसे आसानी से समझाई जाए इस पर भी चर्चा हुई। बैंक ऑफ बड़ौदा, यूनियन बैंक, इंडियन बैंक, महाराष्ट्र बैंक, पंजाब नेशनल बैंक सहित अन्य बैंकों की यह बैठक आरबीआई के निर्देश पर हुई।
बैठक में बताया गया कि यदि किसी ग्राहक को कोई शिकायत है तो वह पहले संबंधित बैंक से संपर्क कर सकते हैं। यदि बैंक शिकायत दर्ज करने के 30 दिनों की अवधि के भीतर जवाब नहीं देता है या यदि शिकायतकर्ता बैंक द्वारा दिए गए जवाब से संतुष्ट नहीं है, तो वह रिजर्व बैंक-एकीकृत लोकपाल योजना के तहत शिकायत दर्ज कर सकता है। जिसमें बताया कि एक्सचेंज सुविधा का लाभ उठाने के लिए 23 मई से आरबीआई के मौजूदा नो योर कस्टमर (केवाईसी) के आधार पर किसी भी बैंक में दो हजार रुपए बदले जा सकते हैं।
एक गैर-खाताधारक एक बार में किसी भी बैंक शाखा में 22 लाख रुपए की सीमा तक दो हजार नोटों का आदान-प्रदान कर सकता है। इसके अलावा खातों में जमा बिना किसी प्रतिबंध के किया जा सकता है। बैठक में बताया गया कि 30 सितंबर तक खातों में जमा करने और दो हजार बैंक नोटों को बदलने की सुविधा सभी बैंकों में उपलब्ध होगी। वहीं, व्यवसाय के लिए एक खाताधारक प्रति दिन 4 हजार की सीमा तक बीसी के माध्यम से 2 हजार के बैंक नोटों का लेन देन कर सकता है। इसके अलावा लेन देन की सुविधा निशुल्क रहेगी।
दो हजार की नोट मंगलवार से बदली जाएंगी। इसको लेकर सभी तैयारी कर ली गई है। फिलहाल जरूरत पड़ने पर ही अलग से काउंटर बनाए जाएंगे। फिलहाल लोगों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े, इसका विशेष ध्यान रखा जाएगा। - अनिल कुमार सिंह, लीड बैंक मैनेजर।