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बीएड प्रवेश परीक्षाः सामान्य अभिरुचि के सवालों ने दी राहत
Tue, 16 Apr 2019 01:47 AM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Tue, 16 Apr 2019 01:47 AM IST
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- फोटो : प्रयागराज
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उत्तर प्रदेश राज्य स्तरीय संयुक्त बीएड प्रवेश परीक्षा सोमवार को प्रयागराज के 120 केंद्रों में आयोजित की गई। परीक्षा में अभ्यर्थियों की उपस्थिति 95 फीसदी रही। दो पालियों में हुई परीक्षा में सामान्य अभिरुचि के सवालों ने अभ्यर्थियों को राहत दी जबकि विषय से जुड़े सवाल अभ्यर्थियों को कठिन लगे। निगेटिव मार्किंग के कारण अभ्यर्थियों को काफी सोच समझकर जवाब देना पड़ा।
बीएड प्रवेश परीक्षा के लिए प्रयागराज में बने 120 केंद्रों को 60 सेक्टरों में बांटा गया था। प्रयागराज में परीक्षा के आयोजन के लिए प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया राज्य विश्वविद्यालय को नोडल केंद्र बनाया गया था। परीक्षा के लिए कुल 59940 अभ्यर्थियों ने आवेदन किए थे। सुबह नौ से दोपहर बजे की पहली पाली में 57135 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए और 2805 अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। दोपहर दो से शाम पांच बजे की दूसरी पाली में 57114 अभ्यर्थी शामिल हुए। माना जा रहा है कि पहली पाली में पेपर खराब होने के कारण 21 अन्य अभ्यर्थियों ने दूसरी पाली की परीक्षा छोड़ दी।
पहली पाली में सामान्य अध्ययन एवं भाषा से संबंधित सवाल पूछे गए। पेपर बहुविकल्पीय था और निगेटिव मार्किंग भी थी। सामान्य अध्ययन के पेपर में इतिहास एवं भारतीय राजव्यवस्था से संबंधित अधिक सवाल पूछे गए। सामान्य अध्ययन के ज्यादातर सवाल परंपरागत प्रकार के रहे। इसी पेपर में भाषा से संबंधित सवाल भी आए। हिंदी भाषा में व्याकरण के काफी अधिक सवाल थे। तत्सम, समास, पर्यायवाची से जुड़े सवालों की संख्या अधिक थी। विज्ञान वर्ग से परीक्षा में शामिल बेली रोड की वंदना श्रीवास्तव ने बताया कि दूसरी पाली में हुई विषय की परीक्षा में सामान्य अभिरुचि के सवालों ने काफी राहत दी। सवाल आसान थे लेकिन विषय से संबंधित सवाल कठिन थे।
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वहीं, एकाउंटेंसी विषय से परीक्षा दे रहीं झूंसी में रहने वाली छात्रा वंदिता के अनुसार भी विषय से संबंधित सवाल कठिन थे लेकिन सामान्य अभिरुचि के तहत पूछे गए रिजजिंग के सवाल आसान थे और इस तरह के सवालों को हल करने में दिक्कत नहीं हुई। संस्कृत विषय के साथ परीक्षा में शामिल एक अभ्यर्थी ने बताया कि विषय के पेपर में ‘पर्यंक’ के स्थान पर ‘पर्यक’ और ‘संस्कृतम्’ के स्थान पर ‘संस्कृतं’ लिखा हुआ था, जो गलत है। नवाबगंज के रहने वाले ज्ञानशंकर ने बताया कि सामान्य अध्ययन के सवाल कुछ कठिन थे लेकिन रिजनिंग के सवालों ने राहत प्रदान की।
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बीएड प्रवेश परीक्षा के लिए प्रयागराज में बने 120 केंद्रों को 60 सेक्टरों में बांटा गया था। प्रयागराज में परीक्षा के आयोजन के लिए प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया राज्य विश्वविद्यालय को नोडल केंद्र बनाया गया था। परीक्षा के लिए कुल 59940 अभ्यर्थियों ने आवेदन किए थे। सुबह नौ से दोपहर बजे की पहली पाली में 57135 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए और 2805 अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। दोपहर दो से शाम पांच बजे की दूसरी पाली में 57114 अभ्यर्थी शामिल हुए। माना जा रहा है कि पहली पाली में पेपर खराब होने के कारण 21 अन्य अभ्यर्थियों ने दूसरी पाली की परीक्षा छोड़ दी।
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पहली पाली में सामान्य अध्ययन एवं भाषा से संबंधित सवाल पूछे गए। पेपर बहुविकल्पीय था और निगेटिव मार्किंग भी थी। सामान्य अध्ययन के पेपर में इतिहास एवं भारतीय राजव्यवस्था से संबंधित अधिक सवाल पूछे गए। सामान्य अध्ययन के ज्यादातर सवाल परंपरागत प्रकार के रहे। इसी पेपर में भाषा से संबंधित सवाल भी आए। हिंदी भाषा में व्याकरण के काफी अधिक सवाल थे। तत्सम, समास, पर्यायवाची से जुड़े सवालों की संख्या अधिक थी। विज्ञान वर्ग से परीक्षा में शामिल बेली रोड की वंदना श्रीवास्तव ने बताया कि दूसरी पाली में हुई विषय की परीक्षा में सामान्य अभिरुचि के सवालों ने काफी राहत दी। सवाल आसान थे लेकिन विषय से संबंधित सवाल कठिन थे।
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वहीं, एकाउंटेंसी विषय से परीक्षा दे रहीं झूंसी में रहने वाली छात्रा वंदिता के अनुसार भी विषय से संबंधित सवाल कठिन थे लेकिन सामान्य अभिरुचि के तहत पूछे गए रिजजिंग के सवाल आसान थे और इस तरह के सवालों को हल करने में दिक्कत नहीं हुई। संस्कृत विषय के साथ परीक्षा में शामिल एक अभ्यर्थी ने बताया कि विषय के पेपर में ‘पर्यंक’ के स्थान पर ‘पर्यक’ और ‘संस्कृतम्’ के स्थान पर ‘संस्कृतं’ लिखा हुआ था, जो गलत है। नवाबगंज के रहने वाले ज्ञानशंकर ने बताया कि सामान्य अध्ययन के सवाल कुछ कठिन थे लेकिन रिजनिंग के सवालों ने राहत प्रदान की।