Atiq Ahmed : माफिया अतीक अहमद की सात करोड़ की संपत्ति मिली, गैंगस्टर में होगी कुर्क
खास बात यह है कि पूर्व में खोजी गई संपत्तियों की तरह अतीक ने इसे किसी और नहीं बल्कि अपने ही नाम पर जबरन लिखाया था। 20 अप्रैल 2006 में इस जमीन का बैनामा उसने अपने हक में कराया था। डीसीपी नगर दीपक भूकर के नेतृत्व में कमिश्नरेट पुलिस की एक टीम लगातार माफिया की अपराध से अर्जित संपत्तियों का पता लगाने में जुटी है।
विस्तार
कमिश्नरेट पुलिस ने माफिया अतीक अहमद की सात करोड़ की एक और बेनामी संपत्ति खोज निकाली है। लगभग 500 वर्ग गज क्षेत्रफल वाली बेशकीमती भूमि करेली के जीटीबी नगर में है। पुलिस ने गैंगस्टर एक्ट के तहत इसे कुर्क करने के लिए कार्रवाई शुरू कर दी है।
खास बात यह है कि पूर्व में खोजी गई संपत्तियों की तरह अतीक ने इसे किसी और नहीं बल्कि अपने ही नाम पर जबरन लिखाया था। 20 अप्रैल 2006 में इस जमीन का बैनामा उसने अपने हक में कराया था। डीसीपी नगर दीपक भूकर के नेतृत्व में कमिश्नरेट पुलिस की एक टीम लगातार माफिया की अपराध से अर्जित संपत्तियों का पता लगाने में जुटी है।
डरा-धमकाकर कराया था बैनामा
सूत्रों के मुताबिक पुलिस ने जब इस संपत्ति के बारे में जानकारी जुटाई तो पता चला कि अतीक ने यह जमीन मंसूर आलम पुत्र नईम उल्ला निवासी जीटीबी नगर से खरीदी थी। यह जमीन आलम सहकारी आवास समिति की थी। तब मंसूर आलम इस समिति के सचिव थे। पूछताछ की गई तो उन्होंने बताया कि यह आवासीय समिति थी। अतीक को जब इसके बारे में मालूम हुआ तो उसने कहा कि पहले 500 वर्ग गज जमीन उसके नाम की जाए, वरना वह समिति को किसी तरह का काम नहीं करने देगा। साथ ही उसकी बात न मानने पर धमकाया। दहशत में आकर उन्होंने जमीन का बैनामा कर दिया।
सरकारी मालियत 23.76 लाख, विक्रय मूल्य 14.85 लाख
इस संपत्ति के बारे में यह भी पता चला है कि बैनामे में जो विक्रय मूल्य था, वह तत्कालीन सरकारी मालियत से कम था। इसके विक्रय पत्र में कुल सरकारी मालियत 23.76 लाख दर्शाई गई, जबकि विक्रय मूल्य 14.85 लाख अंकित है।
यह संपत्ति अपराध से अर्जित की गई है। इसे गैंगस्टर एक्ट की धारा 14 (1) के तहत कुर्क करने के संबंध में कार्रवाई शुरू कर दी गई है। - दीपक भूकर, डीसीपी नगर