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अधिग्रहीत जमीन पर बन रहा था मंदिर
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Mon, 04 Jan 2016 11:48 PM IST
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एडीए ने फाफामऊ स्थित शांतिपुरम आवास योजना में जिस जगह पर निर्माणधीन मंदिर गिराया, वह उसकी अधिग्रहीत जमीन है। कुछ लोग रोड पटरी पर अवैध रूप से कब्जा कर मंदिर का निर्माण करा रहे थे। यहां मंदिर न बनाने के लिए एडीए के जोनल अफसर ने पूर्व में भी चेतावनी दी थी लेकिन निर्माणकार्य चोरी छिपे जारी था।
शांतिपुरम आवास योजना में एडीए की काफी व्यावसायिक जमीन है। इस जमीन के आगे रोड वाइंडिंग भी छोड़ी गई है ताकि आगे सड़क चौड़ीकरण में किसी तरह की बाधा न उत्पन्न हो। जोनल अधिकारी आलोक पांडेय का कहना है कि रोड वाइंडिंग के लिए छोड़ी गई जमीन पर ही मंदिर का निर्माण कराया जा रहा था। पूर्व में कई बार चेतावनी भी दी गई लेकिन काम चोरी-छिपे जारी था। सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए निर्माणकर्ताओं को लगातार चेतावनी दी जा रही थी लेकिन मौके पर काम लगातार जारी था। बीच में कई बार कार्रवाई की भी कोशिश की गई लेकिन लोगों के विरोध के कारण कार्रवाई नहीं हो सकी।
इस निर्माण समेत क्षेत्र में अन्य अवैध निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई के लिए 29 दिसंबर को सचिव वंदना त्रिपाठी की अध्यक्षता में बैठक कर योजना बनाई गई थी। बैठक में सोरांव के एसडीएम और सीओ भी मौजूद थे। ताकि कार्रवाई के दौरान किसी तरह का बवाल होने पर उससे निपटने की भी तैयारी रहे। बताया कि कार्रवाई के दौरान एडीए ने वीडियो रिकार्ड भी कराई है। इसके लिए बवाल करने वालों को चिह्नित कर लिया गया है। उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
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शांतिपुरम आवास योजना में एडीए की काफी व्यावसायिक जमीन है। इस जमीन के आगे रोड वाइंडिंग भी छोड़ी गई है ताकि आगे सड़क चौड़ीकरण में किसी तरह की बाधा न उत्पन्न हो। जोनल अधिकारी आलोक पांडेय का कहना है कि रोड वाइंडिंग के लिए छोड़ी गई जमीन पर ही मंदिर का निर्माण कराया जा रहा था। पूर्व में कई बार चेतावनी भी दी गई लेकिन काम चोरी-छिपे जारी था। सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए निर्माणकर्ताओं को लगातार चेतावनी दी जा रही थी लेकिन मौके पर काम लगातार जारी था। बीच में कई बार कार्रवाई की भी कोशिश की गई लेकिन लोगों के विरोध के कारण कार्रवाई नहीं हो सकी।
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इस निर्माण समेत क्षेत्र में अन्य अवैध निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई के लिए 29 दिसंबर को सचिव वंदना त्रिपाठी की अध्यक्षता में बैठक कर योजना बनाई गई थी। बैठक में सोरांव के एसडीएम और सीओ भी मौजूद थे। ताकि कार्रवाई के दौरान किसी तरह का बवाल होने पर उससे निपटने की भी तैयारी रहे। बताया कि कार्रवाई के दौरान एडीए ने वीडियो रिकार्ड भी कराई है। इसके लिए बवाल करने वालों को चिह्नित कर लिया गया है। उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
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