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सांसद आदित्यनाथ को रास्ते में रोके जाने से भड़के इविवि के छात्र योगी के लिए चले पत्थर बरसीं लाठियां
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Fri, 20 Nov 2015 11:47 PM IST
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इलाहाबाद। इलाहाबाद विश्वविद्यालय में शुक्रवार को एक बार फिर तनाव और दहशत का माहौल रहा। कुछ घंटे पहले छात्रसंघ उद्घाटन समारोह पर रोक लगाए जाने तथा भाजपा सांसद योगी आदित्य नाथ को औराई में ही रोके जाने से गुस्साए छात्रों ने जमकर हंगामा किया। भाजपा सांसद केशव प्रसाद मौर्या और विनोद सोनकर को भी रोकने तथा उनकी गिरफ्तारी से छात्र और उत्तेजित हो गए।
इससे नाराज दोनों सांसद भी लक्ष्मी टाकीज चौराहे पर धरने पर बैठ गए। अचानक हजारों छात्रों के सड़क पर आने से दहशत का माहौल बन गया। रोके जाने पर नाराज युवकों की ओर से फोर्स पर पत्थरबाजी भी की र्गई। लक्ष्मी टाकीज चौराहे पर हंगामा बढ़ता देख पुलिस ने छात्रों पर लाठीचार्ज कर दिया। इससे चारों तरफ भगदड़ मच गई। लाठीचार्ज और भगदड़ में छात्रों के अलावा आम नागरिक भी बुरी तरह से घायल हो गए। हालांकि राहत की बात यह रही कि छात्राें ने दुकानों तथा आम लोगों को किसी तरह का नुकसान नहीं पहुंचाया।
एबीवीपी के बैनर तले विजयी विश्वविद्यालय छात्रसंघ के चार पदाधिकारियों की ओर से समारोह की घोषणा की गई थी। योगी आदित्य नाथ को मुख्य अतिथि बनाया गया था लेकिन छात्रसंघ अध्यक्ष ऋचा सिंह समारोह के विरोध में रहीं। हालांकि विश्वविद्यालय प्रशासन ने इसके लिए अनुमति दे दीथी। इसके विरोध में ऋचा तथा अन्य छात्रों ने बृहस्पतिवार को अनशन शुरू कर दिया। इसके बाद देर रात जिला प्रशासन ने कार्यक्रम निरस्त कर दिया। इससे छात्रों में जबरदस्त नाराजगी रही। जिला प्रशासन के रोक के बावजूद समारोह आयोजित हुआ। हजारों की संख्या में छात्र भी पहुंचे। परिसर एक दिन पहले से ही छावनी में तब्दील रहा, लेकिन शुरू में फोर्स ने छात्रों को नहीं रोका।
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हालांकि अफसरों के आदेश पर कुछ देर बाद छात्रों का परिसर में प्रवेश रोक दिया गया। इसी दौरान वहां सांसद केशव प्रसाद मौर्या भी पहुंच गए लेकिन उन्हें लक्ष्मी टाकीज चौराहे पर रोक दिया गया। कुछ देर बाद सांसद विनोद सोनकर छात्रसंघ भवन गेट तक पहुंच गए लेकिन सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें भीतर नहीं जाने दिया। इसके बाद केशव प्रसाद से वार्ता के बाद विनोद भी लक्ष्मी टाकीज पहुंच गए और धरने में शामिल हो गए। वहां यातायात बाधित होता देख दोनों सांसद जीएन झा हॉस्टल के पास आकर धरना देने लगे।
इन घटनाक्रम के बीच आयोजकों की ओर से विश्वविद्यालय परिसर में मंच से लगातार आदित्य नाथ के आने की सूचना दी जाती रही, लेकिन योगी को इलाहाबाद आते समय औराई के पास रोक लिया गया। इसके बाद योगी आदित्य नाथ ने मोबाइल पर छात्रों को संबोधित किया। आदित्य नाथ का संबोधन समाप्त होने के बाद छात्रों का हुजूम सड़क पर आ गया। वे धरना दे रहे सांसदों के पास जा रहे थे। पुलिस की ओर से उन्हें छात्रसंघ भवन गेट पर भीतर ही रोकने की कोशिश की गई लेकिन छात्रों ने धक्का देकर गेट खोल दिया। नाराज छात्रों ने पत्थरबाजी भी की। इस तरह से हजारों युवकों के सड़क पर आ जाने से दहशत फैल गई।
साथ में माहौल बिगड़ने की आशंका भी बन गई। छात्रों के धरना स्थल पर पहुंचने बाद पुलिस ने दोनों सांसदों तथा दर्जनों समर्थकों को गिरफ्तार कर लिया। इससे उनका गुस्सा और भड़क गया और उन्होंने हंगामा शुरू कर दिया। हंगामा बढ़ता देख पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। फोर्स ने छात्रों को नेतराम चौराहा, बैंक रोड, विश्वविद्यालय चारों तरफ छात्रों को खदेड़ा। इसमें कई लोगों को गंभीर रूप से चोट लग गई। इस दौरान आसपास के इलाके में भय और तनाव का माहौल रहा। बाद में सांसदों तथा अन्य छात्रों को छोड़ दिया गया।
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इससे नाराज दोनों सांसद भी लक्ष्मी टाकीज चौराहे पर धरने पर बैठ गए। अचानक हजारों छात्रों के सड़क पर आने से दहशत का माहौल बन गया। रोके जाने पर नाराज युवकों की ओर से फोर्स पर पत्थरबाजी भी की र्गई। लक्ष्मी टाकीज चौराहे पर हंगामा बढ़ता देख पुलिस ने छात्रों पर लाठीचार्ज कर दिया। इससे चारों तरफ भगदड़ मच गई। लाठीचार्ज और भगदड़ में छात्रों के अलावा आम नागरिक भी बुरी तरह से घायल हो गए। हालांकि राहत की बात यह रही कि छात्राें ने दुकानों तथा आम लोगों को किसी तरह का नुकसान नहीं पहुंचाया।
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एबीवीपी के बैनर तले विजयी विश्वविद्यालय छात्रसंघ के चार पदाधिकारियों की ओर से समारोह की घोषणा की गई थी। योगी आदित्य नाथ को मुख्य अतिथि बनाया गया था लेकिन छात्रसंघ अध्यक्ष ऋचा सिंह समारोह के विरोध में रहीं। हालांकि विश्वविद्यालय प्रशासन ने इसके लिए अनुमति दे दीथी। इसके विरोध में ऋचा तथा अन्य छात्रों ने बृहस्पतिवार को अनशन शुरू कर दिया। इसके बाद देर रात जिला प्रशासन ने कार्यक्रम निरस्त कर दिया। इससे छात्रों में जबरदस्त नाराजगी रही। जिला प्रशासन के रोक के बावजूद समारोह आयोजित हुआ। हजारों की संख्या में छात्र भी पहुंचे। परिसर एक दिन पहले से ही छावनी में तब्दील रहा, लेकिन शुरू में फोर्स ने छात्रों को नहीं रोका।
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हालांकि अफसरों के आदेश पर कुछ देर बाद छात्रों का परिसर में प्रवेश रोक दिया गया। इसी दौरान वहां सांसद केशव प्रसाद मौर्या भी पहुंच गए लेकिन उन्हें लक्ष्मी टाकीज चौराहे पर रोक दिया गया। कुछ देर बाद सांसद विनोद सोनकर छात्रसंघ भवन गेट तक पहुंच गए लेकिन सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें भीतर नहीं जाने दिया। इसके बाद केशव प्रसाद से वार्ता के बाद विनोद भी लक्ष्मी टाकीज पहुंच गए और धरने में शामिल हो गए। वहां यातायात बाधित होता देख दोनों सांसद जीएन झा हॉस्टल के पास आकर धरना देने लगे।
इन घटनाक्रम के बीच आयोजकों की ओर से विश्वविद्यालय परिसर में मंच से लगातार आदित्य नाथ के आने की सूचना दी जाती रही, लेकिन योगी को इलाहाबाद आते समय औराई के पास रोक लिया गया। इसके बाद योगी आदित्य नाथ ने मोबाइल पर छात्रों को संबोधित किया। आदित्य नाथ का संबोधन समाप्त होने के बाद छात्रों का हुजूम सड़क पर आ गया। वे धरना दे रहे सांसदों के पास जा रहे थे। पुलिस की ओर से उन्हें छात्रसंघ भवन गेट पर भीतर ही रोकने की कोशिश की गई लेकिन छात्रों ने धक्का देकर गेट खोल दिया। नाराज छात्रों ने पत्थरबाजी भी की। इस तरह से हजारों युवकों के सड़क पर आ जाने से दहशत फैल गई।
साथ में माहौल बिगड़ने की आशंका भी बन गई। छात्रों के धरना स्थल पर पहुंचने बाद पुलिस ने दोनों सांसदों तथा दर्जनों समर्थकों को गिरफ्तार कर लिया। इससे उनका गुस्सा और भड़क गया और उन्होंने हंगामा शुरू कर दिया। हंगामा बढ़ता देख पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। फोर्स ने छात्रों को नेतराम चौराहा, बैंक रोड, विश्वविद्यालय चारों तरफ छात्रों को खदेड़ा। इसमें कई लोगों को गंभीर रूप से चोट लग गई। इस दौरान आसपास के इलाके में भय और तनाव का माहौल रहा। बाद में सांसदों तथा अन्य छात्रों को छोड़ दिया गया।