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प्रभावपूर्ण रहीं बांग्ला समाज की विविध छवियां
Allahabad
Updated Mon, 16 Dec 2013 05:41 AM IST
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इलाहाबाद। लूकरगंज क्लब की ओर से रविवार को अखिल भारतीय समरेंद्र विष्णुपद बंगला लघु नाट्य प्रतियोगिता आरंभ हुई। पहले दिन दुर्गापुर के संभावना नाट्य दल की ओर से नाटक ‘एकटि मोमबातिर गल्पो’ का मंचन किया गया। इसके तहत सोमनाथ हाजरा के निर्देशन में मंच पर एक रचनाकार और एक किशोरी के संवाद के ताने-बाने को बखूबी प्रस्तुत किया गया। झिमिल नाम की किशोरी के साथ अलकेंदु बाबू का संवाद भावपूर्ण रहा।
इसी क्रम में बेलेघाटा नाटुके की ओर से जयदेव चौधरी के निर्देशन में नाटक गारद वार्षिकी का मंचन किया गया जिसमें मानसिक रूप से विक्षिप्तों पर के जेल की कहानी बयां की गई। तीसरी प्रस्तुति के तहत नाट्य संस्था कुशीलब की ओर से प्रियदोश राय केनिर्देशन में नाटक स्वप्नसंभवपुर का मंचन किया गया जिसका मूल आधार झूठे सपने बेचना रहा।
शुरुआत मेें बतौर मुख्य अतिथि बड़ौदा ग्रामीण बैंक केरीजनल मैनेजर एसएन मित्रा ने दीप जलाकर नाट्योत्सव का उद्घाटन किया। क्लब सभापति कल्याण कुमार डे ने अतिथियों का स्वागत और बाबुल भट्टाचार्या ने संचालन किया। संयोजक संजीव कुमार डे के मुताबिक लूकरगंज क्लब में प्रतियोगिता के दौरान 21 दिसंबर तक रोजाना शाम साढ़े पांच बजे से देश के विभिन्न प्रांतों के 20 नाट्य दलों की प्रस्तुतियां होंगी।
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इसी क्रम में बेलेघाटा नाटुके की ओर से जयदेव चौधरी के निर्देशन में नाटक गारद वार्षिकी का मंचन किया गया जिसमें मानसिक रूप से विक्षिप्तों पर के जेल की कहानी बयां की गई। तीसरी प्रस्तुति के तहत नाट्य संस्था कुशीलब की ओर से प्रियदोश राय केनिर्देशन में नाटक स्वप्नसंभवपुर का मंचन किया गया जिसका मूल आधार झूठे सपने बेचना रहा।
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शुरुआत मेें बतौर मुख्य अतिथि बड़ौदा ग्रामीण बैंक केरीजनल मैनेजर एसएन मित्रा ने दीप जलाकर नाट्योत्सव का उद्घाटन किया। क्लब सभापति कल्याण कुमार डे ने अतिथियों का स्वागत और बाबुल भट्टाचार्या ने संचालन किया। संयोजक संजीव कुमार डे के मुताबिक लूकरगंज क्लब में प्रतियोगिता के दौरान 21 दिसंबर तक रोजाना शाम साढ़े पांच बजे से देश के विभिन्न प्रांतों के 20 नाट्य दलों की प्रस्तुतियां होंगी।
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