Mahakumbh : सनातन की एकता के महायज्ञ पर 7500 करोड़ खर्च, शहर का हो गया कायाकल्प
विश्व के सबसे बड़े आयोजन के रूप में संगम तट पर 45 दिन में पूर्ण हुए महाकुंभ में सनातन की एकता के महायज्ञ पर कुल सात हजार 500 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं।
विस्तार
विश्व के सबसे बड़े आयोजन के रूप में संगम तट पर 45 दिन में पूर्ण हुए महाकुंभ में सनातन की एकता के महायज्ञ पर कुल सात हजार 500 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। इसमें स्थाई और अस्थायी दोनों तरह के काम शामिल हैं। तंबुओं की नगरी की बसावट का बजट भी इसी में निहित है।
सीएम योगी ने एकता के इस महायज्ञ में आहुति देने वालों को बृहस्पतिवार को सम्मानित किया। 13 जनवरी से 26 फरवरी के बीच 66 करोड़ 30 लाख लोगों से ज्यादा ने संगम स्नान कर मानव समागम का अब तक का सबसे बड़ा और अभिनव इतिहास रच दिया है। आईआईटी कानपुर के निदेशक प्रो.मणींद्र अग्रवाल के मुताबिक अब तक के सौ वर्षों से अधिक समय के रिकॉर्ड में इतना बड़ा मानव समागम विश्व के किसी भी देश में दर्ज नहीं हुआ है।
यह संख्या भारत की आबादी का लगभग 50 फीसदी से अधिक है। जबकि, अमेरिका, कनाडा, ब्राजील जैसे दुनिया के कई देशों की आबादी से भी यह आंकड़ा कहीं ज्यादा पहुंच गया है। महाकुंभ विदा तो हो गया, लेकिन कई नसीहत भी दे गया। मेले के दौरान तरह- तरह की चुनौतियां भी रहीं। 7500 करोड़ खर्च हुए बजट में सड़क, 14 फ्लाईओवर, नौ अंडरपास, 12 कॉरिडोर और मेले की बसावट आदि शामिल हैं।