{"_id":"5cd19f8dbdec2207436380dd","slug":"51557241741-allahabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सड़क की मरम्\nम्त नहीं कराने पर डीएम नगर आयुक्त तलब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सड़क की मरम् म्त नहीं कराने पर डीएम नगर आयुक्त तलब
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सड़क की मरम्मत नहीं कराने
पर डीएम, नगर आयुक्त तलब
0 हाईकोर्ट ने बुधवार सुबह दस बजे अदालत में हाजिर होने का निर्देश दिया
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। करेली स्थित एक सड़क की मरम्मत के आदेश देने के बावजूद काम पूरा नहीं कराए जाने पर नाराजगी जताते हुए हाईकोर्ट ने प्रयागराज के जिलाधिकारी और नगर आयुक्त को तलब कर लिया है। कोर्ट ने बुधवार सुबह दस बजे दोनों अधिकारियों को मुख्य न्यायाधीश की अदालत में हाजिर होने के लिए कहा है। करेली के शब्बीर अली की जनहित याचिका पर मुख्य न्यायमूर्ति गोविंद माथुर और न्यायमूर्ति अली जामिन की पीठ ने सुनवाई की।
याची का कहना था कि जीटीबी नगर करेली में सीवर लाइन बिछाने के कारण पूरी सड़क खोद दी गई। इसके बाद सड़क की मरम्मत कराने के लिए याची ने स्थानीय और शासन स्तर पर काफी लिखापढ़ी की, मगर कोई सुनवाई नहीं हुई। इस पर उसने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दाखिल की। कोर्ट ने 15 दिन के भीतर सड़क की मरम्मत और इंटर लॉकिंग करने का आदेश दिया। अदालत के आदेश के बावजूद न तो सड़क बनाई गई और न ही इंटरलॉकिंग की गई।
मंगलवार को याचिका पर सुनवाई के दौरान प्रशासन की ओर से हलफनामा दाखिल कर बताया गया कि सड़क जल्दी ही बना दी जाएगी। इस रवैये पर हाईकोर्ट ने नाराजगी जताते हुए कहा कि हम यह समझ पाने में नाकाम हैं कि अब तक खराब सड़क की मरम्मत के लिए नगर निगम की ओर से कोई कदम क्यों नहीं उठाया गया? कोर्ट ने इस पर स्पष्टीकरण देने के लिए डीएम और नगर आयुक्त को बुधवार सुबह दस बजे अदालत में हाजिर होने का निर्देश दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
पर डीएम, नगर आयुक्त तलब
0 हाईकोर्ट ने बुधवार सुबह दस बजे अदालत में हाजिर होने का निर्देश दिया
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। करेली स्थित एक सड़क की मरम्मत के आदेश देने के बावजूद काम पूरा नहीं कराए जाने पर नाराजगी जताते हुए हाईकोर्ट ने प्रयागराज के जिलाधिकारी और नगर आयुक्त को तलब कर लिया है। कोर्ट ने बुधवार सुबह दस बजे दोनों अधिकारियों को मुख्य न्यायाधीश की अदालत में हाजिर होने के लिए कहा है। करेली के शब्बीर अली की जनहित याचिका पर मुख्य न्यायमूर्ति गोविंद माथुर और न्यायमूर्ति अली जामिन की पीठ ने सुनवाई की।
याची का कहना था कि जीटीबी नगर करेली में सीवर लाइन बिछाने के कारण पूरी सड़क खोद दी गई। इसके बाद सड़क की मरम्मत कराने के लिए याची ने स्थानीय और शासन स्तर पर काफी लिखापढ़ी की, मगर कोई सुनवाई नहीं हुई। इस पर उसने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दाखिल की। कोर्ट ने 15 दिन के भीतर सड़क की मरम्मत और इंटर लॉकिंग करने का आदेश दिया। अदालत के आदेश के बावजूद न तो सड़क बनाई गई और न ही इंटरलॉकिंग की गई।
विज्ञापन
मंगलवार को याचिका पर सुनवाई के दौरान प्रशासन की ओर से हलफनामा दाखिल कर बताया गया कि सड़क जल्दी ही बना दी जाएगी। इस रवैये पर हाईकोर्ट ने नाराजगी जताते हुए कहा कि हम यह समझ पाने में नाकाम हैं कि अब तक खराब सड़क की मरम्मत के लिए नगर निगम की ओर से कोई कदम क्यों नहीं उठाया गया? कोर्ट ने इस पर स्पष्टीकरण देने के लिए डीएम और नगर आयुक्त को बुधवार सुबह दस बजे अदालत में हाजिर होने का निर्देश दिया है।
विज्ञापन