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पीसीएस जे का इंटरव्यू
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चार को सजा मिली तो एक बरी क्यों?
0 राम जन्मभूमि पर आतंकी हमले मामले में पूछा गया सवाल
0 पीसीएस-जे इंटरव्यू में शत प्रतिशत रही अभ्यर्थियों की उपस्थिति
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। पीसीएस-जे परीक्षा 2018 के इंटरव्यू में दूसरे दिन शनिवार को राम जन्मभूमि पर आतंकी हमले मामले में अभ्यर्थियों से सवाल किए गए। एक अभ्यर्थी से पूछा गया कि मामले में चार लोगों को सजा दी गई तो एक आरोपी को बरी क्यों किया गया। इसके अलावा भी कई ज्वलंत मुद्दों से जुड़े सवाल पूछे गए। इंटरव्यू में अभ्यर्थियों की उपस्थिति शत प्रतिशत रही।
इसके अलावा तमाम अभ्यर्थियों से तीन तलाक संबंधी विधेयक के बारे में भी पूछा गया। लोकसभा चुनाव के दौरान आजम खां की ओर से जया प्रदा पर की गई टिप्पणी के कारण भारत निर्वाचन आयोग ने आजम खां के खिलाफ जो कार्रवाई की थी, उसके बारे में भी एक अभ्यर्थी से पूछा गया। अभ्यर्थी से सवाल किया गया कि आयोग ने जो कार्रवाई की, वह सही थी या नहीं? अभ्यर्थियों से यह भी पूछा गया कि अदालत की अवमानना क्या होती है?
साथ ही अभ्यर्थियों से अपील और रिवीजन के बीच अंतर स्पष्ट करने को कहा गया। वहीं, अचल संपत्ति के बारे में भी सवाल किया गया। सबरीमाला विवाद के बारे में भी सवाल हुए। इंटरव्यू के दूसरे दिन भी ज्यादातर सवाल विधि पर आधारित रहे। समसामयिक मुद्दों से जुड़े वही सवाल किए गए, जिन्हें लेकर विधिक कार्रवाई हो चुकी है या चल रही है। आयोग के सचिव जगदीश ने बताया कि शनिवार को इंटरव्यू के लिए तकरीबन 100 अभ्यर्थियों को बुलाया गया था और सभी अभ्यर्थी साक्षात्कार में उपस्थित रहे।
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0 राम जन्मभूमि पर आतंकी हमले मामले में पूछा गया सवाल
0 पीसीएस-जे इंटरव्यू में शत प्रतिशत रही अभ्यर्थियों की उपस्थिति
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। पीसीएस-जे परीक्षा 2018 के इंटरव्यू में दूसरे दिन शनिवार को राम जन्मभूमि पर आतंकी हमले मामले में अभ्यर्थियों से सवाल किए गए। एक अभ्यर्थी से पूछा गया कि मामले में चार लोगों को सजा दी गई तो एक आरोपी को बरी क्यों किया गया। इसके अलावा भी कई ज्वलंत मुद्दों से जुड़े सवाल पूछे गए। इंटरव्यू में अभ्यर्थियों की उपस्थिति शत प्रतिशत रही।
इसके अलावा तमाम अभ्यर्थियों से तीन तलाक संबंधी विधेयक के बारे में भी पूछा गया। लोकसभा चुनाव के दौरान आजम खां की ओर से जया प्रदा पर की गई टिप्पणी के कारण भारत निर्वाचन आयोग ने आजम खां के खिलाफ जो कार्रवाई की थी, उसके बारे में भी एक अभ्यर्थी से पूछा गया। अभ्यर्थी से सवाल किया गया कि आयोग ने जो कार्रवाई की, वह सही थी या नहीं? अभ्यर्थियों से यह भी पूछा गया कि अदालत की अवमानना क्या होती है?
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साथ ही अभ्यर्थियों से अपील और रिवीजन के बीच अंतर स्पष्ट करने को कहा गया। वहीं, अचल संपत्ति के बारे में भी सवाल किया गया। सबरीमाला विवाद के बारे में भी सवाल हुए। इंटरव्यू के दूसरे दिन भी ज्यादातर सवाल विधि पर आधारित रहे। समसामयिक मुद्दों से जुड़े वही सवाल किए गए, जिन्हें लेकर विधिक कार्रवाई हो चुकी है या चल रही है। आयोग के सचिव जगदीश ने बताया कि शनिवार को इंटरव्यू के लिए तकरीबन 100 अभ्यर्थियों को बुलाया गया था और सभी अभ्यर्थी साक्षात्कार में उपस्थित रहे।
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