{"_id":"5cf69421bdec22077a429721","slug":"155966364516-allahabad-news120","type":"story","status":"publish","title_hn":"सिपाही से हेडकांस्टेबल भर्ती के अभ्सर्थियों को राहत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सिपाही से हेडकांस्टेबल भर्ती के अभ्सर्थियों को राहत
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सभी केंद्र
000000000000000000
सिपाही से हेडकांस्टेबल पद पर
प्रोन्नति के अभ्यर्थियों को राहत
0 हाईकोर्ट ने प्रोन्नति से वंचित सिपाहियों को प्रोन्नति देने का दिया आदेश
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। सिपाही से हेडकांस्टेबल पद पर प्रोन्नति से वंचित अभ्यर्थियों को हाईकोर्ट ने राहत देते हुए उनकी याचिका मंजूर कर ली है। कोर्ट ने पुलिस भर्ती बोर्ड को निर्देश दिया कि जिन सिपाहियों के सर्विस रिकार्ड मेें पिछले तीन वर्षों के दौरान कोई प्रतिकूल प्रविष्टि नहीं है, उनको प्रोन्नति देने पर विचार करें। अनिल कुमार की याचिका पर न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा ने सुनवाई की।
याचिका पर अधिवक्ता स्व. संजय कुमार के चैंबर से जुडे़ वकील हिमांशु गौतम ने पक्ष रखा। याचिका में नौ अक्तूबर 2018 को जारी प्रोन्नति सूची को चुनौती दी गई। याचीगण का कहना था कि कांस्टेबल से हेड कांस्टेबल पद पर प्रोन्नति के लिए सूचना जारी की गई। इसके तहत 2004 तक नियुक्ति पाए सभी कांस्टेबलों पर विचार होना था। याचीगण का नाम प्रोन्नति सूची में इस आधार पर नहीं शामिल किया गया कि उनके खिलाफ 2013 में प्रतिकूल प्रविष्टि दर्ज की गई थी। अधिवक्ता का कहना था कि प्रोन्नति नियमावली के मुताबिक प्रोन्नति तिथि से पिछले तीन वर्ष का रिकार्ड ही देखा जाता है। पिछले तीन वर्षों में याची के खिलाफ कोई प्रतिकूल प्रविष्टि दर्ज नहीं है। कोर्ट ने याचिका मंजूर करते हुए कहा कि कांस्टेबल से हेड कांस्टेबल के पद पर प्रोन्नति उपलब्ध पदों पर वरिष्ठता के आधार पर होगी, बशर्ते कोई अक्षमता न हो। हेडकांस्टेबल के शतप्रतिशत पद प्रोन्नति से ही भरे जाएंगे। कोर्ट ने कहा कि पुलिस भर्ती बोर्ड याची के प्रोन्नति के दावे पर पुनर्विचार करे।
विज्ञापन
000000000000000000
सिपाही से हेडकांस्टेबल पद पर
प्रोन्नति के अभ्यर्थियों को राहत
0 हाईकोर्ट ने प्रोन्नति से वंचित सिपाहियों को प्रोन्नति देने का दिया आदेश
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। सिपाही से हेडकांस्टेबल पद पर प्रोन्नति से वंचित अभ्यर्थियों को हाईकोर्ट ने राहत देते हुए उनकी याचिका मंजूर कर ली है। कोर्ट ने पुलिस भर्ती बोर्ड को निर्देश दिया कि जिन सिपाहियों के सर्विस रिकार्ड मेें पिछले तीन वर्षों के दौरान कोई प्रतिकूल प्रविष्टि नहीं है, उनको प्रोन्नति देने पर विचार करें। अनिल कुमार की याचिका पर न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा ने सुनवाई की।
याचिका पर अधिवक्ता स्व. संजय कुमार के चैंबर से जुडे़ वकील हिमांशु गौतम ने पक्ष रखा। याचिका में नौ अक्तूबर 2018 को जारी प्रोन्नति सूची को चुनौती दी गई। याचीगण का कहना था कि कांस्टेबल से हेड कांस्टेबल पद पर प्रोन्नति के लिए सूचना जारी की गई। इसके तहत 2004 तक नियुक्ति पाए सभी कांस्टेबलों पर विचार होना था। याचीगण का नाम प्रोन्नति सूची में इस आधार पर नहीं शामिल किया गया कि उनके खिलाफ 2013 में प्रतिकूल प्रविष्टि दर्ज की गई थी। अधिवक्ता का कहना था कि प्रोन्नति नियमावली के मुताबिक प्रोन्नति तिथि से पिछले तीन वर्ष का रिकार्ड ही देखा जाता है। पिछले तीन वर्षों में याची के खिलाफ कोई प्रतिकूल प्रविष्टि दर्ज नहीं है। कोर्ट ने याचिका मंजूर करते हुए कहा कि कांस्टेबल से हेड कांस्टेबल के पद पर प्रोन्नति उपलब्ध पदों पर वरिष्ठता के आधार पर होगी, बशर्ते कोई अक्षमता न हो। हेडकांस्टेबल के शतप्रतिशत पद प्रोन्नति से ही भरे जाएंगे। कोर्ट ने कहा कि पुलिस भर्ती बोर्ड याची के प्रोन्नति के दावे पर पुनर्विचार करे।
विज्ञापन