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जिस कॉलेज में पढ़े उसी में पढ़ा भी सकते हैं
Updated Tue, 27 Nov 2018 09:47 PM IST
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प्रयागराज। हाईकोर्ट ने जिस कॉलेज में पढ़े उसी में पढ़ाने की वैधता को चुनौती देने वाली याचिका खारिज कर दी है। कोर्ट ने कहा कि ऐसे मामलों में हस्तक्षेप करने का कोई आधार नहीं है। कानपुर नगर के वेदप्रकाश पांडेय ने याचिका दाखिल की थी। याचिका पर न्यायमूर्ति अश्वनी कुमार मिश्र ने सुनवाई की। याची ने सरस्वती ब्रह्मचर्य आश्रम संस्कृत डिग्री कॉलेज कानपुर में याची के विपक्षी की नियुक्ति कर दी। याची का कहना था कि विपक्षी उसी कॉलेज का छात्र रहा है इसलिए वहां अध्यापन नहीं कर सकता है। कोर्ट को बताया कि संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय वाराणसी ने कॉलेज में प्राचार्य की नियुक्ति के लिए कमेटी गठित की थी। कमेटी ने याची के विपक्षी को योग्य पाते हुए उनकी नियुक्ति कर दी।
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प्रयागराज। हाईकोर्ट ने जिस कॉलेज में पढ़े उसी में पढ़ाने की वैधता को चुनौती देने वाली याचिका खारिज कर दी है। कोर्ट ने कहा कि ऐसे मामलों में हस्तक्षेप करने का कोई आधार नहीं है। कानपुर नगर के वेदप्रकाश पांडेय ने याचिका दाखिल की थी। याचिका पर न्यायमूर्ति अश्वनी कुमार मिश्र ने सुनवाई की। याची ने सरस्वती ब्रह्मचर्य आश्रम संस्कृत डिग्री कॉलेज कानपुर में याची के विपक्षी की नियुक्ति कर दी। याची का कहना था कि विपक्षी उसी कॉलेज का छात्र रहा है इसलिए वहां अध्यापन नहीं कर सकता है। कोर्ट को बताया कि संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय वाराणसी ने कॉलेज में प्राचार्य की नियुक्ति के लिए कमेटी गठित की थी। कमेटी ने याची के विपक्षी को योग्य पाते हुए उनकी नियुक्ति कर दी।