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Vegetable Treatment: जड़गांठ रोग की जड़ पर होगा वार.. अब देसी नुस्खे से सब्जियों का इलाज

Fri, 03 Oct 2025 05:43 PM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़ Published by: चमन शर्मा Updated Fri, 03 Oct 2025 05:43 PM IST
सार

जड़गांठ रोग एक सूत्रकृमि जनित रोग है। इस रोग से पौधे की जड़ों में गांठे बन जाती हैं। जिससे पौधे की बढ़वार रुक जाती है और पीले पड़ जाते हैं।

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Treatment of vegetables with home remedies
सब्जियों में जड़गांठ - फोटो : स्वयं

विस्तार

अब नीम से सब्जियों में लगने वाली बीमारियों का भी इलाज होगा। भिंडी, टमाटर, बैंगन, गाजर, मूली, लौकी, मिर्च के पौधे की जड़ों में लगने वाले जड़गांठ रोग के इलाज का देसी नुस्खा एएमयू के वनस्पति विभाग के छात्रों ने पांच साल के शोध में ढूंढ निकाला है। नीम की पत्ती और राख का मिश्रण बनाकर पौधे की जड़ में डालने से यह रोग काफी हद तक खत्म हो रहा है। शोध के अनुसार इससे फसलों की पैदावार में भी इजाफा हो रहा है।

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जड़गांठ रोग एक सूत्रकृमि जनित रोग है। इस रोग से पौधे की जड़ों में गांठे बन जाती हैं। जिससे पौधे की बढ़वार रुक जाती है और पीले पड़ जाते हैं। कई बार पौधे सूखने भी लगते हैं। सब्जियों की फसल में इस रोग का प्रकोप ज्यादा होता है। अब एएमयू के वनस्पति विभाग ने एक ऐसा देसी नुस्खा तलाश लिया है जो इस रोग पर नियंत्रण कर रहा है। पांच साल तक चले शोध में इसके अच्छे नतीजे भी आए हैं। वनस्पति विभाग के अध्यक्ष प्रो. अबरार अहमद खान के निर्देशन में शोधार्थी आदिल खान भट्ट, मोहम्मद हारिस ने शोध में पाया कि सूत्रकृमि फसलों की जड़ में घुसकर उसमें गांठ बना देते हैं, जिससे पत्तियां मुरझाने लगती हैं। इससे 40 फीसदी उत्पादन घट जाता है।

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जड़ गांठ सूत्रकृमियों पर नियंत्रण पाने के लिए मेरे शोधार्थियों ने शोध किए। उन्हें जबर्दस्त सफलता मिली। फसलों का उत्पादन बढ़ेगा। जड़ों में जो राख, नीम और अखरोट की पत्तियां इस्तेमाल की गई हैं, वह पर्यावरण के अनुकूल है। जड़ गांठ से 40 फीसदी उत्पादन कम हो जाता है। - प्रो. अबरार अहमद खान, अध्यक्ष, वनस्पति विभाग, एएमयू

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जड़ वाली फसलों की जड़ में सूत्र कृमियों के घुसने से उत्पादन पर असर पड़ता है। धीरे-धीरे फसलों की पत्तियां मुरझाने लगती हैं। फलों का विकास रुक जाता है। इससे किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। जड़ों से जो फलों को पोषक मिलते हैं, उसे सूत्रकृमि खा जाते हैं, जिससे उत्पादन कम हो जाता है। - बलजीत सिंह, उप निदेशक, कृषि उद्यान

शोधार्थियों ने तैयार किया जड़ गांठ खत्म करने का नुस्खा

शोधार्थियों ने जड़ गांठ को खत्म करने के लिए नुस्खा तैयार किया। इसके लिए उन्होंने वर्ष 2020 से 2025 तक शोध किया। शोधार्थियों के मुताबिक, पहले फाॅर्मूले के तहत एक हेक्टेयर खेत में सब्जियां बोने से पहले एक क्विंटल नीम की पत्तियों का पाउडर डाल सकते हैं। हालांकि, किसानों को पत्तियों को पीसने में दिक्कतें होती हैं, इसलिए वह पत्तियों को बारीक टुकड़ों में करके डाल सकते हैं। दूसरे फॉर्मूले के तहत एक हेक्टेयर खेत में 50 किलो अखरोट की पत्तियां डाल सकते हैं। इसी तरह तीसरे फाॅर्मूले में एक हेक्टेयर खेत में पांच क्विंटल फ्लाई ऐश डाल सकते हैं। उपज बढ़ाने के लिए तीनों फॉर्मूलों को एक साथ खेते में मानक के अनुसार प्रयोग कर सकते हैं। इससे सूत्रकृमियों की अंडों की रोकथाम और बच्चों की मृत्यु दर सर्वाधिक रही।
सब्जियों में जड़गांठ
उत्पादन

फसल हेक्टेयर उत्पादन क्विंटल में
भिंडी 90 12600
टमाटर 150 82500
बैंगन 30 9600
मूली 10 2000
गाजर 275 68750
लौकी 4 1250
खीरा 80 16800
हरी मिर्च 75 19200
तोरई 250 19350

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