{"_id":"6717468879d007ba4e022528","slug":"statements-of-teachers-in-the-murder-of-kritarth-2024-10-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"कृतार्थ की हत्या: शव ठिकाने लगाने निकले प्रबंधक ने स्कूल ग्रुप पर डाला था छुट्टी का मैसेज, बयान दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कृतार्थ की हत्या: शव ठिकाने लगाने निकले प्रबंधक ने स्कूल ग्रुप पर डाला था छुट्टी का मैसेज, बयान दर्ज
Tue, 22 Oct 2024 12:00 PM IST
चमन शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
Published by: चमन शर्मा
Updated Tue, 22 Oct 2024 12:00 PM IST
सार
हाथरस के सहपऊ ब्लॉक के गांव रसगवां स्थित डीएल पब्लिक स्कूल के हॉस्टल में कक्षा दो के छात्र कृतार्थ की गला दबाकर हत्या कर दी गई थी। कृतार्थ तुरसेन गांव निवासी श्रीकृष्ण का इकलौता बेटा था। पुलिस ने 23 सितंबर को सादाबाद में स्कूल प्रबंधक दिनेश बघेल की कार से बच्चे का शव बरामद किया था।
विज्ञापन
मृतक कृतार्थ
- फोटो : फाइल फोटो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कक्षा दो के छात्र कृतार्थ की हत्या करने के बाद प्रबंधक उसका शव ठिकाने लगाने आगरा तक दौड़ा था। स्कूल में शिक्षक और बच्चे न आएं, इसके लिए उसने स्कूल के ग्रुपों पर छुट्टी का मेसेज भी डाल दिया था। ठीक पांच बजे यह मैसेज पहुंचा था। सोमवार को जांच करने पहुंची तीन अफसरों की कमेटी के समक्ष डीएल पब्लिक स्कूल के शिक्षकों ने यह बयान दर्ज कराए हैं।
विज्ञापन
शिक्षकों ने कहा कि जब मैसेज आ गया तो वह स्कूल गए ही नहीं। उन्हें तो शाम को पता चला कि स्कूल के हॉस्टल में कक्षा दो के छात्र कृतार्थ की हत्या हो गई है। हाथरस के सहपऊ ब्लॉक के गांव रसगवां स्थित डीएल पब्लिक स्कूल के हॉस्टल में कक्षा दो के छात्र कृतार्थ की गला दबाकर हत्या कर दी गई थी। कृतार्थ तुरसेन गांव निवासी श्रीकृष्ण का इकलौता बेटा था। पुलिस ने 23 सितंबर को सादाबाद में स्कूल प्रबंधक दिनेश बघेल की कार से बच्चे का शव बरामद किया था।
विज्ञापन
उस वक्त प्रबंधक ने पुलिस को बताया था कि कृतार्थ (11) की हॉस्टल में रात को तबीयत बिगड़ गई थी। वह उसे पहले सादाबाद के अस्पताल में ले गए और फिर आगरा। वहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। एक बार तो पुलिस ने भी उसकी कहानी पर यकीन कर लिया था, लेकिन जब पुलिस ने पोस्टमार्टम कराया तो पता चला कि कृतार्थ की हत्या गला दबाकर की गई है। रिपोर्ट आने के बाद पुलिस ने प्रबंधक को गिरफ्तार कर लिया था। बाद में पता चला कि प्रबंधक का पिता जसोदन तंत्र-मंत्र का काम करता है।
विज्ञापन
पुलिस ने कई साक्ष्य जुटाने के बाद जसोदन को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में पता चला कि तंत्र-मंत्र के लिए उसकी हत्या की गई है। जसोदन ने अपने बेटे दिनेश को बताया था कि अगर वह किसी बच्चे की बलि दे देता है तो स्कूल तरक्की करेगा। पुलिस इस मामले में प्रबंधक के पिता समेत पांच लोगों को गिरफ्तार करके जेल भेज चुकी है। इस मामले की जांच भी चल रही है।
21 अक्तूबर को तीन सदस्यों की कमेटी ने स्कूल के शिक्षकों के बयान दर्ज किए। शिक्षकों ने एसडीएम संजय कुमार के समक्ष जो बयान दर्ज कराए, उसके मुताबिक 23 सितंबर को ठीक पांच बजे स्कूल के ग्रुपों पर छुट्टी का मैसेज आ गया था, इसलिए कोई बच्चा और शिक्षक स्कूल नहीं गए थे। वहीं शिक्षकों के बयान से साफ हो रहा है कि जिस वक्त स्कूल का प्रबंधक कृतार्थ के शव को ठिकाने लगाने के लिए दौड़ रहा था, उस समय ही छुट्टी का मैसेज डाला गया था।