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पराजय से निराश कार्यकर्ताओं में शाह ने की जान फूंकने की कोशिश 

Thu, 07 Feb 2019 01:09 AM IST
राजेश सिंह न्यूूज डेस्क, कौशल कुमार ओझा, अलीगढ़।
न्यूूज डेस्क, कौशल कुमार ओझा, अलीगढ़। Published by: राजेश सिंह Updated Thu, 07 Feb 2019 01:09 AM IST
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Shah disapproves of the defeated workers
कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए अमित शाह - फोटो : अमर उजाला
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ एवं राजस्थान विधान सभा चुनाव में पराजय के बाद निराश कार्यकर्ताओं में जान फूंकने का प्रयास किया। राम मंदिर एवं घुसपैठ का मुद्दा मजबूती से उठाकर ध्रुवीकरण की कोशिश की। 
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मेयर चुनाव के दौरान अलीगढ़ में भाजपा को पराजय का मुंह देखना पड़ा था। यही हाल उपचुनाव के दौरान प्रदेश में देखने को मिला। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ एवं राजस्थान के विधान सभा चुनाव में भाजपा को हार का सामना करना पड़ा। विरोधी पार्टियां मोदी मैजिक खत्म होने की बातें कर रहे हैं। सपा-बसपा गठबंधन एवं विरोधी दलों का महा गठबंधन बनने की संभावना तथा उसके प्रभाव को लेकर कार्यकर्ताओं के मन में तरह-तरह के सवाल उठ रहे हैं।
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राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने पिछले अनुभव का उल्लेख कर कार्यकर्ताओं के मन से निराशा दूर कर जोश एवं उत्साह का संचार करने की कोशिश की। शाह ने कहा कि 2014 में जब कहता था कि उत्तर प्रदेश में 70 से ज्यादा सीटें जीतेंगे तो लोग मेरा मखौल उड़ाते थे। कार्यकर्ताओं ने 70 के बदले 73 सीट दे दिए। इसी तरह 2017 के विधान सभा चुनाव में यूपी के दो लड़के (राहुल गांधी एवं अखिलेश यादव) इकट्ठा हो गए। मैने कहा 300 प्लस सीटें मिलेंगी।
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कोई विश्वास नहीं करता था। कार्यकर्ताओं के परिश्रम के कारण 325 सीटें मिल गई। 2019 में भी कार्यकर्ता 73 के बदले 74 सीटें देकर बुआ-भतीजा की दुकान पर अलीगढ़ का ताला लगा देंगे। सर्जिकल स्ट्राइक का उल्लेख कर उन्होंने कहा कि अमेरिका एवं इजरायल के बाद भारत का नाम नाम जुड़ गया है, जो सैनिक के मरने पर बदला लेता है।

ममता पर बरसे शाह
अमित शाह ने पश्चिम बंगाल में चिटफंड घोटाले में पूछताछ करने गई सीबीआई टीम को बंधक बनाने का मुद्दा भी उठाया। कहा कि घुसपैठियों के सहारे सरकार बनाने वाली ममता गरीबों के पैसों को हड़पने वाले आरोपियों के बचाव में खड़ी हो गई हैं। आज भाजपा को रोकने के लिए पश्चिम बंगाल में ममता धरने पर बैठ गई हैं। हमारे नेताओं को रोका जा रहा है। लेकिन बंगाल में भी हम 23 सीटों पर विजय हासिल करने वाले हैं। 

‘मेरा बूथ, सबसे मजबूत’ का दिया नारा
अमित शाह ने बूथ अध्यक्षों को ‘मेरा बूथ, सबसे मजबूत’ का नारा दिया। उन्होंने बूथ अध्यक्षों से कहा कि वह मोदी सरकार की उपलब्धियों को लेकर लोगों के बीच में जाएं और बताएं कि 1947 से 2014 के बीच की सरकारों ने जो काम नहीं किया, उससे कहीं ज्यादा काम मोदी सरकार ने पिछले साढ़े चार वर्षों में कर दिखाया। उन्होंने आयुष्मान योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, उज्ज्वला योजना, दीनदयाल ग्राम ज्योति योजना आदि उपलब्धियों के आंकड़ों को जनता के बीच रखने के लिए कहा। सर्जिकल स्ट्राइक, विदेशों में देश का गौरव, आत्म सम्मान, अपराध मुक्त देश और प्रदेश का हवाला देते हुए जनता से भावनात्मक रूप से जुड़कर नरेंद्र मोदी को एक बार फिर से देश का नेतृत्व सौंपने की अपील की।

योगी सरकार कर रही अलीगढ़ के ताले की मार्केटिंग
ताला नगरी मैदान में आयोजित सम्मेलन में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को पटका पहनाने के साथ साथ पीतल का ताला भी भेंट किया गया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार आज अलीगढ़ के तालों की मार्केटिंग के लिए काम कर रही है।

गुंडे पलायन कर गए यूपी से
सन 2017 में हमें दंगों से ग्रस्त उत्तर प्रदेश मिला था। यूपी अंधेरे से ग्रस्त था। लेकिन आज दंगा करने वाले यूपी से पलायन कर रहे हैं। गले में बोर्ड लिखवा कर टंगवा लिए हैं कि हमें गिरफ्तार कर लो। कुछ जिले ऐसे थे, जहां पर पुलिस गुंडों से डरती थी। लेकिन आज वहां पर गुंडे पुलिस को देखकर डर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यूपी जातिवाद, परिवारवाद से ग्रस्त था। हमने विकास को घर घर तक पहुंचाने का काम किया। जो लोग हमारे एंटी रोमियो अभियान पर हंसते थे, आज उसी की बदौलत रात के 12 बजे भी बेटियां, बहनें गहने पहन कर सुरक्षित चलती हैं। गड्ढामुक्त सड़कें हुई हैं तो युवाओं का पलायन रुका है। प्रदेश का चहुंमुखी विकास हुआ है।

अमेरिका और इजराइल के बाद हम
शाह ने कहा कि केंद्र की पिछली सरकारें देश की सुरक्षा के प्रति गंभीर नहीं थीं। लेकिन मोदी सरकार ने पहली बार रक्षा बजट में बढ़ोत्तरी की है। उन्होंने कहा कि उरी में हमारे 13 जवानों को मार कर जला दिया गया। इस घटना के दो-तीन दिन बाद हमारे जवान पाकिस्तान के घर में घुसकर सर्जिकल स्ट्राइक कर वापस लौटे। सैनिकों का बदला लेने वाले देशों में अमेरिका और इजराइल के बाद भारत तीसरा देश बन गया।

घुसपैठियों को चुन-चुन कर निकालेंगे
भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि जब हम एनआरसी सदन में लाए तो कांग्रेस ने इसका विरोध किया। राहुल गांधी ने कहा कि यह लोग कहां जाएंगे? बेचारे कहां रहेंगे। जबकि यह घुसपैठिए देश को दीमक की तरह चाट रहे हैं। यह देश की सुरक्षा को खतरा हैं। हम देश से घुसपैठियों को चुन-चुन कर बाहर निकालेंगे।

अब यूपी को ज्यादा पैसा
शाह ने कहा कि मोदी सरकार ने व्यापारियों को जीएसटी में राहत देते हुए 40 लाख रुपये से कम आय वालों को जीएसटी से मुक्त किया है। इसी तरह आम आदमी को भी पांच लाख रुपये से कम आय वालों को आयकर से मुक्त किया है। यूपीए सरकार के समय यूपी को 3.30 हजार करोड़ रुपये का अनुदान मिलता था। जबकि आज मोदी सरकार में यूपी को 8.8 लाख करोड़ रुपये से भी ज्यादा पैसा दिया जा रहा है।

सम्मेलन शामिल हुए बड़े नेता
 इस बूथ सम्मेलन में केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी, जेपी नड्डा, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. महेंद्र नाथ पांडेय, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष दुष्यंत कुमार गौतम, राष्ट्रीय महासचिव अनिल जैन, प्रदेश कैबिनेट मंत्री एसपी सिंह बघेल, संदीप सिंह, सांसद राजवीर सिंह राजू, सतीश गौतम सहित अन्य जनप्रतिनिधि और नेता मौजूद थे।


उपलब्धियों का बखान, बूथ अध्यक्ष को बताया महान
ताला नगरी में बुधवार को हुआ भाजपा का बूथ अध्यक्ष सम्मेलन पार्टी का एक ब्रांडिंग शो की तरह नजर आया। सन 2019 के चुनाव को अगर बाजार माना जाए तो भाजपा नाम के प्रोडक्ट के लिए राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह और सीएम योगी आदित्य नाथ एक सेल्समैन की भूमिका में नजर आए, जो अपने उत्पाद की खूबियों का बखान करता है और उपभोक्ता को उसे स्वीकार करवाता है। 

 इस ब्रांडिंग में बूथ अध्यक्ष की भूमिका का महिमा मंडन किया गया। केंद्र और राज्यों की उपलब्धियां गिनाई। राम कृष्ण का हवाला दिया। सर्जिकल स्ट्राइक का तड़का भी लगाया और राष्ट्रवाद का हवाला भी दिया गया। ब्रांडिंग के ही क्रम में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह का स्वागत ताला नगरी बूथ के अध्यक्ष शैलेंद्र चौहान ने किया।

संदेश दिया गया कि बूथ अध्यक्ष कितना महत्वपूर्ण है। मंच से यह भी कहा गया कि 38 साल पहले गुजरात का एक बूथ अध्यक्ष भाजपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बना है। साधारण कार्यकर्ता प्रधानमंत्री बना है। यह भाजपा में ही संभव है। क्या कांग्रेस में यह संभव है कि वह किसी कार्यकर्ता को प्रधानमंत्री बनाए। इसी तरह अयोध्या में राम मंदिर और मथुरा में कृष्ण के साथ रंग और फाग की बात कहकर बूथ अध्यक्ष की आस्था को छूने की कोशिश की।


अमित शाह ने उरी में हुई सर्जिकल स्ट्राइक का जिक्र करके बूथ अध्यक्ष के राष्ट्रवाद को भी छूने की कोशिश की। क्षेत्रीय अध्यक्ष रजनीकांत माहेश्वरी ने सन 2019 के लिए अपने आपसी छोटे छोटे मतभेद भी भूल जाने जाने की अपील की। इस तरह आगामी चुनाव में जीत हासिल करने के लिए बूथ अध्यक्षों की भूमिका अधिक से अधिक मुखर की जा सके, इसके इर्द गिर्द ही प्रयास रहे। 
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