फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Patients groaning in district hospital, doctor missing

अलीगढ़ः जिला अस्पताल में कराहते रहे मरीज, डॉक्टर गायब

Fri, 17 Sep 2021 06:18 PM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Fri, 17 Sep 2021 06:18 PM IST
विज्ञापन
Patients groaning in district hospital, doctor missing
कोरोना महामारी एवं डेंगू, बुखार के समय में भी मलखान सिंह जिला अस्पताल के डॉक्टर एवं कर्मचारी गंभीर नहीं हैं। सीएमओ के औचक निरीक्षण के दौरान चार से अधिक डॉक्टर अपने कक्ष में नहीं थे। दर्द से कराहते मरीज डॉक्टर के आने का इंतजार कर रहे थे। अव्यवस्था एवं गंदगी देखकर सीएमओ ने कहा कि इसकी रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेजेंगे।
विज्ञापन

सीएमएस डॉ. आनंद कुमार उपाध्याय शुक्रवार को करीब साढ़े आठ बजे मलखान सिंह जिला अस्पताल का निरीक्षण करने पहुंचे। वहां की हालत देखकर सीएमओ दंग रह गए। सीएमएस डॉ. रामकिशन निरीक्षण के दौरान कमरे में नहीं थे। बाद में वह पहुंचे। बाल रोग, हड्डी रोग एवं ईएनटी के डॉक्टर 9.30 बजे तक नहीं आए थे। मरहम पट्टी कक्ष में भी कोई नहीं था। कुछ कमरों के बाहर दर्द से कराहते मरीज डॉक्टर का इंतजार कर रहे थे। वार्ड में 9 बजे तक सफाई नहीं हुई थी। शौचालय में इतनी गंदगी थी कि स्वस्थ आदमी पहुंच जाए तो बीमार पड़ जाए। कई मरीज बिना चादर बेड पर पड़े थे। सभी बेड पर मच्छरदानी नहीं थी। कुछ मच्छरदानी फटी थीं। डेंगू वार्ड में ताला लगा था। कूड़े दान कचरे से भरे थे। मानसिक रोग कक्ष में डॉ. अंशु सोम मोबाइल चलाते मिलीं। एक ही खिड़की पर फार्मासिस्ट रविंद्र शर्मा द्वारा दवा का वितरण किया जा रहा था। शेष खिड़की पर कोई उपस्थित नहीं था।
विज्ञापन

लापरवाही से संचारी रोग अभियान को झटका
ओपीडी के पर्चा बनाने वाले काउंटर पर दो व्यक्ति अलीम खान एवं दिलशाद उपस्थित थे। अलीम खान द्वारा मैन्युअल पर्चे बनाए जा रहे थे एवं मैन्युअल पर्चों पर पूरा रिकार्ड (मोबाइल नंबर, क्त्रस्म संख्या, पता) अंकित नहीं किया जा रहा था। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. राहुल कुलश्रेष्ठ का कहना है कि 7 सितंबर को डेंगू धनात्मक रोगी शिव शंकर का पता अंकित नहीं किया गया था। शुभान नामक व्यक्ति का गलत पता दर्ज किया गया था, जिसकी वजह से ढूंढने के बावजूद वह नहीं मिल पाया। डेंगू धनात्मक रोगी दीक्षा का पता एवं मोबाइल नंबर अंकित नहीं किया गया था। ऐसी स्थिति में मरीज को चिन्हित कर उपचार के साथ ही निरोधात्मक कार्रवाई नहीं हो पाती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed