मामू-भांजा प्रकरण: तनाव के बीच खुले बाजार, बढ़ाई गई फोर्स, ड्रोन से पहरा, नेताओं की रही आवाजाही
18 जून रात को मोहल्ला मामू भांजा में कपड़ा व्यापारी के घर घुसने की कोशिश कर रहे औरंगजेब उर्फ फरीद की पिटाई से मौत हो गई थी। इसके बाद 19 जून को दोनों समुदाय की बहुलता वाले इलाकों में बाजार बंद रहे। धरने, जाम और प्रदर्शन से टकराव की स्थिति बन गई थी।
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अलीगढ़ महानगर के मिश्रित आबादी वाले मामू भांजा इलाके में चोरी के शक में युवक औरंगजेब की पिटाई से मौत के बाद 19 जून को हुए बवाल के बाद 20 जून को हालात सामान्य रहे। शहर पटरी पर लौटता दिखा, मगर तनाव बरकरार है। औरंगजेब और उसकी हत्या के आरोप में जेल गए अंकित सहित छह लोगों के घर नेताओं की आवाजाही लगी रही। पुलिस-प्रशासन पूरी तरह से चौकन्ना रहा।
18 जून रात को मोहल्ला मामू भांजा में कपड़ा व्यापारी के घर घुसने की कोशिश कर रहे औरंगजेब उर्फ फरीद की पिटाई से मौत हो गई थी। इसके बाद 19 जून को दोनों समुदाय की बहुलता वाले इलाकों में बाजार बंद रहे। धरने, जाम और प्रदर्शन से टकराव की स्थिति बन गई थी। हालांकि शाम को हालात सामान्य होने पर खान- पान की कुछ दुकानें जरूर खुल गई थीं।
मध्य रात्रि तक पुलिस प्रशासन सक्रिय रहा। पुराने शहर में सेक्टर योजना लागू कर दी गई। तीन कंपनी पुलिस के अलावा पीएसी और एक कंपनी आरएएफ की लगाई गई है। ड्रोन कैमरों से शहर की निगरानी होती रही। पुराने शहर में 12-12 घंटे की शिफ्ट में सात-सात सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। मिश्रित आबादी वाले अतिसंवेदनशील क्षेत्रों में अलग से पुलिस बल तैनात किया गया है। बृहस्पतिवार सुबह से बाजार में स्थितियां सामान्य दिखने लगीं। पुराने शहर के जो बाजार 19 जून को बंद रहे थे, वे सभी 20 जून को खुल गए। हालांकि बाजारों में लोगों की आवाजाही अन्य दिनों की अपेक्षा बेहद कम दिखी। दुकानदार भी इस बात को लेकर चिंतित दिखाई दिए।
घटना में मारे गए औरंगजेब के घास की मंडी स्थित घर पर शोकाकुल परिवार को सांत्वना देने सुबह से ही लोगों की आवाजाही शुरू हो गई। इस दौरान स्थानीय सियासी लोगों के साथ-साथ मोहल्ले, परिवार के लोग और नाते रिश्तेदारों की आवाजाही लगी रही। हत्या के आरोप में जेल गए मामू भांजा इलाके के अंकित व राहुल के घर भी नेताओं की आवाजाही रही।
सुबह सुबह मेयर प्रशांत सिंघल, विधायक मुक्ता संजीव राजा, अनिल पाराशर, राजकुमार सहयोगी, भाजपा जिलाध्यक्ष कृष्णपाल सिंह लाला, महासचिव शिव नारायण शर्मा आदि अंकित के घर पहुंचे। इस दौरान परिवार ने अपनी बात रखते हुए अंकित को निर्दोष बताया और रिहाई कराने की मांग की। इस पर जनप्रतिनिधियों ने जेल गए लोगों को शीघ्र रिहा कराने का भरोसा दिया है।
19 जून के घटनाक्रम के बाद शहर में 20 जून को हालात पूरी तरह सामान्य रहे हैं। बाजार भी सामान्य दिनों की तरह खुले हैं। पुलिस प्रशासनिक टीमें सक्रिय हैं। सेक्टर स्कीम लागू है। दोनों पक्षों की ओर से जो विषय रखे गए हैं, उन पर जांच व अधिकारियों से विमर्श के बाद ही निर्णय लिया जाएगा।-मृगांक शेखर पाठक, एसपी सिटी