{"_id":"66ffb36797753817b40319bb","slug":"making-effigies-of-ravana-kumbhkaran-meghnath-in-aligarh-2024-10-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Dussehra: रावण का पुतला लगाएगा ठहाका, तीर लगते ही नाभि से बहेगी खून की धार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Dussehra: रावण का पुतला लगाएगा ठहाका, तीर लगते ही नाभि से बहेगी खून की धार
Fri, 04 Oct 2024 02:51 PM IST
चमन शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
Published by: चमन शर्मा
Updated Fri, 04 Oct 2024 02:51 PM IST
सार
बुलंदशहर के कोतवाली डिबाई के दानपुर के मुस्लिम परिवार से नाता रखने वाले अशफाक ठेकेदार अपने परिवार के 12 सदस्यों के साथ पिछले एक माह से रावण, कुंभकरण, मेघनाथ का पुतला तैयार करने में जुटे हुए हैं।
विज्ञापन
रावण के पुतले को तैयार करते कारीगर
- फोटो : संवाद
विस्तार
अलीगढ़ शहर के अचलताल स्थित रामलीला मैदान में चल रही रामलीला में इस बार रावण, कुंभकरण व मेघनाथ के पुतले खास होंगे। नुमाइश मैदान में आयोजित होने वाले दशहरा मेले में रावण का पुतला ठहाका लगाएगा। प्रभु श्रीराम का तीर लगते ही रावण की आंखों व नाभि से खून की धार बहेगी।
विज्ञापन
अलीगढ़ में दशहरा पूरे उल्लास के साथ मनाया जाता है। परंपरा के अनुसार, दशहरे पर राम द्वारा रावण से युद्ध करने के बाद कुंभकरण और मेघनाद का वध किया जाता है। इसके बाद पुतलों का दहन किया जाता है। इस बार तीनों पुतले ठहाके लगाने के साथ ही अपनी गर्दन भी चारों ओर घुमाएंगे, उनकी गर्जना से पूरा मैदान गूंज उठेगा। इतना ही नहीं तीनों पुतलों की ढाल भी घूमती दिखाई देगी। इस दृश्य को देख दर्शक रोमांचित होंगे। इन पुतलों को तैयार करने में करीब साढ़े छह लाख रुपये का खर्च आएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
बुलंदशहर का मुस्लिम परिवार एक महीने से जुटा है तैयारी में
बुलंदशहर के कोतवाली डिबाई के दानपुर के मुस्लिम परिवार से नाता रखने वाले अशफाक ठेकेदार अपने परिवार के 12 सदस्यों के साथ पिछले एक माह से रावण, कुंभकरण, मेघनाथ का पुतला तैयार करने में जुटे हुए हैं। अशफाक ने बताया कि उनके परिवार की तीन पीढि़यां रावण का पुतला बनाती आ रही हैं। जब वह दस वर्ष के थे, तब से अब्बा गफूर के साथ पुतला बनाने का काम कर रहे हैं। अलीगढ़ में आठवीं बार पुतले तैयार कर रहे हैं। इसके अलावा वे नागपुर, मुंबई, गुजरात व दिल्ली में भी रावण के पुतले तैयार कर चुके हैं।
अशफाक ने बताया कि इस बार महंगाई काफी बढ़ चुकी है। इससे खर्चा अधिक आ रहा है। इन पुतलों के अलावा सोने की लंका तैयार करने का भी ठेका मिला है। नयनाभिराम आतिशबाजी भी होगी। उन्होंने बताया कि रावण का पुतला 65 फीट, कुंभकरण 55 फीट व मेघनाथ का पुतला 50 फीट का होगा। अबकी बार इन पुतलों की यह खासियत है कि जब राम-लक्ष्मण के बाण से इन्हें मारा जाएगा, तब रावण ठहाके लगाएगा और उसकी गर्दन भी चारों ओर घूमेगी। तीर लगते ही आंखों व नाभि से खून भी निकलेगा। उन्होंने बताया कि शहर के कुछ लोगों की मांग पर वे छोटे-छोटे रावण के पुतले भी तैयार कर रहे हैं।