{"_id":"617071e9961e721f4b12bbb3","slug":"maharishi-valmiki-jayanti-city-office-news-ali2762469173","type":"story","status":"publish","title_hn":"अलीगढ़ः धूमधाम से निकली महर्षि वाल्मीकि की शोभायात्रा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अलीगढ़ः धूमधाम से निकली महर्षि वाल्मीकि की शोभायात्रा
विज्ञापन
महर्षि वाल्मीकि शोभायात्रा में निकाली गई झांकी।
- फोटो : CITY OFFICE
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
महर्षि वाल्मीकि जयंती पर महानगर में भव्य शोभा यात्रा निकाली गई। महर्षि वाल्मीकि की जय जयकार से शहर गूंज उठा। जगह-जगह पुष्प वर्षा का श्रद्धालुओं ने शोभायात्रा का स्वागत किया। झांकी देखने के लिए सड़क के दोनों ओर काफी संख्या में लोग पहुंचे।
शिशियापाड़ा से शोभायात्रा का प्रारंभ हुआ। पांच बैंड एवं छह झांकियों के साथ यात्रा का शुभारंभ भगवान दास, हरज्ञान स्वरूप विवेकी, प्रकाश देव, सतीश चंद्र, बाबूलाल सेवक और अमरज्ञान ने किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता घनश्याम सिंह चौहान ने किया। अतिथि के रूप में महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष प्रतिमा सिंह, अपर नगर आयुक्त अरुण कुमार गुप्त आदि उपस्थित थे। मेला समिति के संस्थापक अध्यक्ष श्यौराज जीवन एवं राजेश राज जीवन के अतिरिक्त बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे।
प्रतिमा सिंह ने कहा कि महर्षि वाल्मीकि ने संसार में मानवता का संदेश दिया। राजा का प्रजा के साथ, पति का पत्नी के साथ, पिता का पुत्र के साथ, माता का बेटों के साथ, भाई का भाई के साथ क्या कर्तव्य होता है, यह भी दर्शाया। श्यौराज जीवन ने कहा कि महर्षि वाल्मीकि ने महाकाव्य लिखकर अयोध्या के राजा श्रीराम चंद्र को भगवान बना दिया। शिशियापाड़ा से प्रारंभ शोभा यात्रा मामू भांजा, मीरीमल प्याऊ, पत्थरबाजार, बारहद्वारी, सराय हकीम, रेलवे रोड, पुराना बस स्टैंड, दूबे का पड़ाव, रामलीला मैदान होते हुए अचलताल स्थित वाल्मीकि मंदिर में संपन्न हुआ। इस अवसर पर आकाश मसीह, महेंद्र राठौर, सुनील चौहान, रामगोपाल रैना, प्रमोद शेखर, संदीप चौधरी, राजकुमार पंछी, राजेंद्र सिंह आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
शिशियापाड़ा से शोभायात्रा का प्रारंभ हुआ। पांच बैंड एवं छह झांकियों के साथ यात्रा का शुभारंभ भगवान दास, हरज्ञान स्वरूप विवेकी, प्रकाश देव, सतीश चंद्र, बाबूलाल सेवक और अमरज्ञान ने किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता घनश्याम सिंह चौहान ने किया। अतिथि के रूप में महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष प्रतिमा सिंह, अपर नगर आयुक्त अरुण कुमार गुप्त आदि उपस्थित थे। मेला समिति के संस्थापक अध्यक्ष श्यौराज जीवन एवं राजेश राज जीवन के अतिरिक्त बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे।
विज्ञापन
प्रतिमा सिंह ने कहा कि महर्षि वाल्मीकि ने संसार में मानवता का संदेश दिया। राजा का प्रजा के साथ, पति का पत्नी के साथ, पिता का पुत्र के साथ, माता का बेटों के साथ, भाई का भाई के साथ क्या कर्तव्य होता है, यह भी दर्शाया। श्यौराज जीवन ने कहा कि महर्षि वाल्मीकि ने महाकाव्य लिखकर अयोध्या के राजा श्रीराम चंद्र को भगवान बना दिया। शिशियापाड़ा से प्रारंभ शोभा यात्रा मामू भांजा, मीरीमल प्याऊ, पत्थरबाजार, बारहद्वारी, सराय हकीम, रेलवे रोड, पुराना बस स्टैंड, दूबे का पड़ाव, रामलीला मैदान होते हुए अचलताल स्थित वाल्मीकि मंदिर में संपन्न हुआ। इस अवसर पर आकाश मसीह, महेंद्र राठौर, सुनील चौहान, रामगोपाल रैना, प्रमोद शेखर, संदीप चौधरी, राजकुमार पंछी, राजेंद्र सिंह आदि मौजूद थे।
विज्ञापन