फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Last Lok Adalat of the year 2024 in Aligarh

एक दिन में 106954 मामलों का फैसला: लोक अदालत में 31 करोड़ की वसूली, 63 जोड़ों का मनमुटाव हुआ दूर

Sun, 15 Dec 2024 10:56 AM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़ Published by: चमन शर्मा Updated Sun, 15 Dec 2024 10:56 AM IST
सार

अलीगढ़ में लोक अदालत लगी। एक दिन में 1,06,954 मामलों का निस्तारण हुआ। 31,93,29,918.20 रुपये की राशि जुर्माने में तय की गई। 63 जोड़ों के मनमुटाव दूर हुए।

विज्ञापन
Last Lok Adalat of the year 2024 in Aligarh
दीवानी कचहरी में लोक आदलत का आयोजन - फोटो : संवाद

विस्तार

राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा 14 दिसंबर को आयोजित वर्ष 2024 की अंतिम लोक अदालत में सभी न्यायालयों में सुलह समझौते के आधार पर व प्रीलिटिगेशन के तहत कुल 1,06,954 वादों का निस्तारण किया गया। लगभग 31 करोड़ 93 लाख 29 हजार 918 रुपये की राशि जुर्माना व प्रतिकर के तौर पर निर्धारित की गई।

विज्ञापन


इस दौरान सभी न्यायालयों में सुलह समझौते के आधार पर 28,600 मुकदमों का निस्तारण कर कुल 3 करोड़ 37 लाख 36 हजार 800 रुपये रुपये वसूले गए। वहीं बैंक संबंधी प्री-लिटिगेशन एवं अन्य के माध्यम से कुल 78,200 वादों का निस्तारण कर 14, 24,00,369 रुपये की राशि दिलाई गई। इस तरह कुल 1,06,954 वादों का निस्तारण कर 31,93,29,918.20 रुपये की राशि जुर्माने में तय की गई।
विज्ञापन


जिला जज संजीव कुमार, पीठासीन अधिकारी वाणिज्यिक न्यायालय विवेक त्रिपाठी, प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय रणधीर सिंह एवं पीठासीन अधिकारी मोटरयान दावा अधिकरण जयसिंह पुंढीर ने संयुक्त रूप से इसका शुभारंभ किया। जिला न्यायाधीश संजीव कुमार ने कहा कि लोक अदालत में आपसी समझौते के आधार पर मामलों का निपटारा होता है। यह ऐसा प्लेटफार्म है, जहां समझौते के आधार पर दोनों पक्ष विजयी होते हैं। प्राधिकरण सचिव नितिन श्रीवास्तव ने सभी का आभार व्यक्त किया।

विज्ञापन
विज्ञापन

मनमुटाव हुआ दूर तो हंसी-खुशी घर लौटे 63 जोड़े

राष्ट्रीय लोक अदालत में दंपती का सात साल पुराना विवाद निपटाया गया। मनमुटाव दूर होने पर मायके रह रही पत्नी हंसी-खुशी पति के साथ लौट गई। इसी तरह के कुल 63 अन्य मामले निपटाए गए। वर्षों से अदालतों के चक्कर काट रहे दोनों पक्षों के लोगों को राहत मिली। सभी जोड़ों को माला पहनाकर व मिष्ठान खिलाकर हंसी-खुशी से विदा किया गया। प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय रणवीर सिंह ने 63 परिवारों को जोड़ा और कुल 302 वाद निस्तारित किए गए।
दीवानी कचहरी में पारिवारिक राष्ट्रीय लोक अदालत में जोड़ों के साथ न्यायाधीश परिवार न्यायालय रणवीर सिंह
स्थायी लोक अदालत में 18 वाद निपटाए गए
स्थायी लोक अदालत की पीठ में अध्यक्ष शंकरलाल, वरिष्ठ सदस्य सत्यदेव, सदस्य आरती ने सुलह-समझौते के आधार पर 18 वादों का निस्तारण कराया। अवार्ड धनराशि 7,77,700 का अर्थदंड वसूला।

ये रहे मौजूद
लोक अदालत में पीठासीन अधिकारी वाणिज्यिक न्यायालय विवेक त्रिपाठी, प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय रणधीर सिंह, पीठासीन अधिकारी मोटरयान दावा अधिकरण जय सिंह पुंढीर, एडीजे सुरेन्द्र मोहन सहाय, संजय कुमार यादव, ऋषि कुमार, अभिषेक कुमार बागड़िया, पारुल अत्री, रवीश अत्री, नवल किशोर सिंह, प्रदीप कुमार राम, विनय तिवारी, ललिता गुप्ता, नूपुर, ज्ञानेन्द्र सिंह, ज्योति सिंह, अमित कुमार तिवारी, वीरेन्द्र नाथ पांडेय, राजीव शुक्ला, अंजू राजपूत, राघवेंद्र मणि, अशोक कुमार सिंह, सीजेएम शिवम कुमार, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, रेलवे मजिस्ट्रेट शिवांक सिंह आदि तमाम न्यायिक अधिकारी मौजूद रहे और वादों की सुनवाई की। यहां अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय चतुर्थ ललिता गुप्ता, अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय प्रथम नूपुर, अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय तृतीय ज्योति सिंह, अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय द्वितीय ज्ञानेंद्र सिंह मौजूद रहे। परिवार न्यायालय के काउंसलर योगेश सारस्वत, योगेश शंकर भारद्वाज, अनीता गर्ग, यतेंद्र कुमार, मीडिएटर योगेंद्र उपाध्याय, नरेंद्र कुमार, शबनम फातिमा, सुमन वर्मा भी उपस्थित रहे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed