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यूपी पुलिस पर 'कवि' की चुटकी: मुंह से ठांय-ठांय कर होता है एनकाउंटर, अपराधी करता है वॉट्सएप-हम मर गए...
Sun, 21 Feb 2021 02:43 PM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
Published by: शाहरुख खान
Updated Sun, 21 Feb 2021 02:43 PM IST
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कुमार विश्वास
- फोटो : अमर उजाला
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उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले में राजकीय औद्योगिक एवं कृषि प्रदर्शनी के कोहिनूर मंच पर शनिवार को प्रसिद्ध कवि कुमार विश्वास का जादू सुनने वालों के सिर चढ़कर बोला। कुमार विश्वास की एक-एक पंक्ति पर सुनने वालों ने जमकर दाद दी।
पंक्तियों के साथ-साथ कुमार विश्वास ने बीच-बीच में अपने कथन और संबोधन के माध्यम से सामाजिक, राजनीतिक और वैश्विक विसंगतियों पर जबरदस्त व्यंग प्रस्तुत किया। उनके निशाने पर विपक्षी राजनीतिक दलों के साथ-साथ सत्ताधारी पार्टी और उसके नेता भी आ गए।
सभी ने कुमार विश्वास के अंदाज का आनंद उठाया। कविताओं की प्रस्तुति के दौरान मंच पर जब कुमार विश्वास ने अपने चिरपरिचित अंदाज में राजनीतिक और सामाजिक विसंगतियों के विषय में अपना शब्द विन्यास प्रस्तुत किया तो कोहिनूर पंडाल तालियों से गूंज उठा।
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कुमार विश्वास ने अपनी पंक्तियां पढ़ी, मैं अपने गीत गजलों से उसे पैगाम करता हूं, उसी की दी हुई दौलत उसी के नाम करता हूं, हवा का काम है चलना दिए का काम है जलना, वह अपना काम करती है मैं अपना काम करता हूं, इसे सुनकर पूरा पंडाल तालियों से गूंज उठा।
इसके बाद कुमार विश्वास ने किसी के दिल की मायूसी जहां से होकर गुजरी है, कोई दीवाना कहता है कोई पागल समझता है, एशिया के हम सिकंदर हार हम अपनी न मानें, जैसी एक से बढ़कर एक पंक्तियां प्रस्तुत करके पूरी महफिल अपने नाम कर ली।
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पंक्तियों के साथ-साथ कुमार विश्वास ने बीच-बीच में अपने कथन और संबोधन के माध्यम से सामाजिक, राजनीतिक और वैश्विक विसंगतियों पर जबरदस्त व्यंग प्रस्तुत किया। उनके निशाने पर विपक्षी राजनीतिक दलों के साथ-साथ सत्ताधारी पार्टी और उसके नेता भी आ गए।
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सभी ने कुमार विश्वास के अंदाज का आनंद उठाया। कविताओं की प्रस्तुति के दौरान मंच पर जब कुमार विश्वास ने अपने चिरपरिचित अंदाज में राजनीतिक और सामाजिक विसंगतियों के विषय में अपना शब्द विन्यास प्रस्तुत किया तो कोहिनूर पंडाल तालियों से गूंज उठा।
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कुमार विश्वास ने अपनी पंक्तियां पढ़ी, मैं अपने गीत गजलों से उसे पैगाम करता हूं, उसी की दी हुई दौलत उसी के नाम करता हूं, हवा का काम है चलना दिए का काम है जलना, वह अपना काम करती है मैं अपना काम करता हूं, इसे सुनकर पूरा पंडाल तालियों से गूंज उठा।
इसके बाद कुमार विश्वास ने किसी के दिल की मायूसी जहां से होकर गुजरी है, कोई दीवाना कहता है कोई पागल समझता है, एशिया के हम सिकंदर हार हम अपनी न मानें, जैसी एक से बढ़कर एक पंक्तियां प्रस्तुत करके पूरी महफिल अपने नाम कर ली।
मंच पर आते ही नीरज को याद किया
कोहिनूर मंच पर आए कुमार विश्वास ने मंच पर आते ही पद्मभूषण गोपालदास नीरज को याद किया। इसके साथ ही रविंद्र भ्रमर, सुरेंद्र सुकुमार, प्रेम किशोर पटाखा, शहरयार आदि कवियों व साहित्यकारों को याद करते हुए कहा कि उनके लिए अलीगढ़ हमेशा ही पूज्यनीय धरती रहा है।
मुंह से आवाज निकाल कर अपराधी को दहशत में कर देती है यूपी पुलिस
उत्तर प्रदेश पुलिस के संबंध में व्यंग करते हुए कुमार विश्वास ने कहा कि उत्तर प्रदेश की पुलिस अपराधियों को अपने साथ कार में ले जाती है, लेकिन अपराधी कहते हैं नहीं नहीं हम खुले में ही अच्छे हैं। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि यह उत्तर प्रदेश पुलिस का ही कमाल है कि अगर हाथ में अत्याधुनिक हथियार न भी हो तो मुंह से ही ठाएं ठाएं की आवाज निकाल कर अपराधी को दहशत में कर देते हैं। बदले में अपराधी भी व्हाट्सएप पर मैसेज भेज देता है अब हम मर गए हैं।
अलीगढ़ में कोई उपद्रव समझो सांसद ने बयान दिया है
कुमार विश्वास ने अपने व्यंग के निशाने पर सांसद सतीश गौतम को भी ले लिया। उन्होंने कहा कि जब भी वह टीवी पर अलीगढ़ के संबंध में कोई उपद्रव पूर्ण बयान या स्थिति को देखते हैं तो समझ जाते हैं कि सतीश गौतम ने कुछ किया होगा। कुमार के इस अंदाज का सांसद सहित वहां मौजूद सभी अधिकारियों और जनता के लोगों ने खूब आनंद उठाया।
यह नारियल कब टपक कर गिर पड़े
कुमार विश्वास ने कार्यक्रम के दौरान कहा कि आजकल उनको सुनने के लिए भारतीय जनता पार्टी के लोग भारी संख्या में कार्यक्रमों में आते हैं। साथ ही कार्यक्रम में उनके काव्य की प्रशंसा भी खूब करते हैं। उन्हें लगता है कि यह नारियल पता नहीं कब टूट कर गिर पड़े। इस पर पंडाल में जमकर ठहाके लगे।
मुंह से आवाज निकाल कर अपराधी को दहशत में कर देती है यूपी पुलिस
उत्तर प्रदेश पुलिस के संबंध में व्यंग करते हुए कुमार विश्वास ने कहा कि उत्तर प्रदेश की पुलिस अपराधियों को अपने साथ कार में ले जाती है, लेकिन अपराधी कहते हैं नहीं नहीं हम खुले में ही अच्छे हैं। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि यह उत्तर प्रदेश पुलिस का ही कमाल है कि अगर हाथ में अत्याधुनिक हथियार न भी हो तो मुंह से ही ठाएं ठाएं की आवाज निकाल कर अपराधी को दहशत में कर देते हैं। बदले में अपराधी भी व्हाट्सएप पर मैसेज भेज देता है अब हम मर गए हैं।
अलीगढ़ में कोई उपद्रव समझो सांसद ने बयान दिया है
कुमार विश्वास ने अपने व्यंग के निशाने पर सांसद सतीश गौतम को भी ले लिया। उन्होंने कहा कि जब भी वह टीवी पर अलीगढ़ के संबंध में कोई उपद्रव पूर्ण बयान या स्थिति को देखते हैं तो समझ जाते हैं कि सतीश गौतम ने कुछ किया होगा। कुमार के इस अंदाज का सांसद सहित वहां मौजूद सभी अधिकारियों और जनता के लोगों ने खूब आनंद उठाया।
यह नारियल कब टपक कर गिर पड़े
कुमार विश्वास ने कार्यक्रम के दौरान कहा कि आजकल उनको सुनने के लिए भारतीय जनता पार्टी के लोग भारी संख्या में कार्यक्रमों में आते हैं। साथ ही कार्यक्रम में उनके काव्य की प्रशंसा भी खूब करते हैं। उन्हें लगता है कि यह नारियल पता नहीं कब टूट कर गिर पड़े। इस पर पंडाल में जमकर ठहाके लगे।