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एएमयू में बनेगा 4.93 करोड़ रुपये से आईटीबीआई केंद्र
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अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (एएमयू) में 4.93 करोड़ रुपये की लागत से इनोवेशन काउंसिल एंड यूनिवर्सिटी इनक्यूबेशन सेंटर के तहत इंक्लूसिव टेक्नोलॉजी बिजनेस इन्क्यूबेटर (आईटीबीआई) केंद्र बनेगा। भारत सरकार के विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग की राष्ट्रीय विशेषज्ञ सलाहकार समिति ने केंद्र की सिफारिश की है।
इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर इकराम खान व मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर सैयद फहद अनवर व पेट्रोलियम अध्ययन विभाग के डॉ. सैयद जावेद रिजवी ने इस परियोजना को तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। वह परियोजना के क्रमश: नोडल अधिकारी, समन्वयक व सह समन्वयक हैं। कुलपति प्रो. तारिक मंसूर ने टीम के सदस्यों को बधाई दी और आईसीयूआईसी के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह परियोजना इस मायने में अद्वितीय है कि एएमयू को निधि में शामिल होने का अवसर मिला है। यह एक अच्छा मंच प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि प्रो. इकराम, प्रो. सैयद व डॉ. जावेद की कड़ी मेहनत और विशेषज्ञों के सामने आत्मविश्वास के साथ इस परियोजना की प्रस्तुति के कारण ही संभव हो पाया है। भौतिकी विभाग के प्रोफेसर मोहम्मद सज्जाद अतहर ने कहा कि यह परियोजना आने वाले वर्षों के लिए हमारी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए बहुआयामी दृष्टिकोण अपनाने में एएमयू शिक्षकों और वैज्ञानिकों के प्रयासों का प्रमाण है।
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इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर इकराम खान व मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर सैयद फहद अनवर व पेट्रोलियम अध्ययन विभाग के डॉ. सैयद जावेद रिजवी ने इस परियोजना को तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। वह परियोजना के क्रमश: नोडल अधिकारी, समन्वयक व सह समन्वयक हैं। कुलपति प्रो. तारिक मंसूर ने टीम के सदस्यों को बधाई दी और आईसीयूआईसी के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह परियोजना इस मायने में अद्वितीय है कि एएमयू को निधि में शामिल होने का अवसर मिला है। यह एक अच्छा मंच प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि प्रो. इकराम, प्रो. सैयद व डॉ. जावेद की कड़ी मेहनत और विशेषज्ञों के सामने आत्मविश्वास के साथ इस परियोजना की प्रस्तुति के कारण ही संभव हो पाया है। भौतिकी विभाग के प्रोफेसर मोहम्मद सज्जाद अतहर ने कहा कि यह परियोजना आने वाले वर्षों के लिए हमारी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए बहुआयामी दृष्टिकोण अपनाने में एएमयू शिक्षकों और वैज्ञानिकों के प्रयासों का प्रमाण है।
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