{"_id":"5f9534bd577ff031467313d7","slug":"dussehra-2020-ravan-idol-missing-from-numaish-maidan-aligarh","type":"story","status":"publish","title_hn":"हे राम! अलीगढ़ में लापता हो गया रावण, बच्चे-बड़े सब हैरान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हे राम! अलीगढ़ में लापता हो गया रावण, बच्चे-बड़े सब हैरान
Sun, 25 Oct 2020 02:55 PM IST
प्राची प्रियम
राजा तिवारी, अलीगढ़
राजा तिवारी, अलीगढ़
Published by: प्राची प्रियम
Updated Sun, 25 Oct 2020 02:55 PM IST
विज्ञापन
मैदान से गायब हो गया रावण
- फोटो : अमर उजाला
उत्तर प्रदेश में विख्यात अलीगढ़ की सरयू पाल रामलीला में दहन होने वाला रावण का पुतला रविवार सुबह लापता हो गया है। यह बात भले ही आपको अटपटी लगे, लेकिन कमेटी भी अभी असमंजस में है। बताया जा रहा है कि रविवार तड़के पुतले को लेकर कारीगर फरार हो गया है। जबकि मैदान में मौजूद पुलिसकर्मियों का कहना है कि जब वह ड्यूटी पर आए, पुतला मैदान में नहीं था।
श्री रामलीला गोशाला कमेटी ने परंपरा को कायम रखने के लिए इस बार मंचन की जगह संगीतमय रामायण पाठ कराया। विजयदशमी के अवसर पर सूक्ष्म रूप में नुमाइश मैदान की जगह रामलीला मैदान में रावण के पुतले का दहन होना था। लेकिन रविवार तड़के से रामलीला मैदान में सन्नाटा है।
अमर उजाला ने देखा कि यहां रावण का पुतला अभी तक खड़ा नहीं हुआ है तो पड़ताल की। पड़ताल में पता चला कि रावण के पुतले का अता-पता नहीं है। पुतला बनाने वाला कारीगर भी घर छोड़कर कहीं चला गया है। सुबह कमेटी के पदाधिकारियों की बैठक हुई, लेकिन रावण के पुतले का कोई सुराग नहीं लग सका।
विज्ञापन
बैठक समिति के अध्यक्ष वेद प्रकाश जैन को बुलाया गया, लेकिन वह आए नहीं। उपाध्यक्ष विमल अग्रवाल ने बताया कि अनुमान के मुताबिक सुबह तड़के पुतले को लेकर कारीगर फरार हो गया है। उसे किसी ने यहां से भगाया है, लेकिन अभी तक इसकी स्थिति साफ नहीं हुई है।
पुलिस के नोटिस ने डाला था खलल
शनिवार को स्थानीय पुलिस चौकी से रावण के पुतले का दहन न करने वाले नोटिस के बाद पदाधिकारियों ने चौकी में नाराजगी जताई थी। हालांकि इस बीच कहा गया कि पुतले का दहन रामलीला मैदान में ही किया जाएगा।
प्रशासन ने कोरोना संक्रमण से बचाव के नियमों का पालन करते हुए पुतले दहन की रजामंदी जाहिर कर दी थी, लेकिन श्री रामलीला गोशाला कमेटी के अंदर खाने विरोध उत्पन्न हो गया। किसी पदाधिकारी की शह पर ही रावण का पुतला लेकर कारीगर फरार हो गया है।
विज्ञापन
श्री रामलीला गोशाला कमेटी ने परंपरा को कायम रखने के लिए इस बार मंचन की जगह संगीतमय रामायण पाठ कराया। विजयदशमी के अवसर पर सूक्ष्म रूप में नुमाइश मैदान की जगह रामलीला मैदान में रावण के पुतले का दहन होना था। लेकिन रविवार तड़के से रामलीला मैदान में सन्नाटा है।
विज्ञापन
अमर उजाला ने देखा कि यहां रावण का पुतला अभी तक खड़ा नहीं हुआ है तो पड़ताल की। पड़ताल में पता चला कि रावण के पुतले का अता-पता नहीं है। पुतला बनाने वाला कारीगर भी घर छोड़कर कहीं चला गया है। सुबह कमेटी के पदाधिकारियों की बैठक हुई, लेकिन रावण के पुतले का कोई सुराग नहीं लग सका।
विज्ञापन
बैठक समिति के अध्यक्ष वेद प्रकाश जैन को बुलाया गया, लेकिन वह आए नहीं। उपाध्यक्ष विमल अग्रवाल ने बताया कि अनुमान के मुताबिक सुबह तड़के पुतले को लेकर कारीगर फरार हो गया है। उसे किसी ने यहां से भगाया है, लेकिन अभी तक इसकी स्थिति साफ नहीं हुई है।
पुलिस के नोटिस ने डाला था खलल
शनिवार को स्थानीय पुलिस चौकी से रावण के पुतले का दहन न करने वाले नोटिस के बाद पदाधिकारियों ने चौकी में नाराजगी जताई थी। हालांकि इस बीच कहा गया कि पुतले का दहन रामलीला मैदान में ही किया जाएगा।
प्रशासन ने कोरोना संक्रमण से बचाव के नियमों का पालन करते हुए पुतले दहन की रजामंदी जाहिर कर दी थी, लेकिन श्री रामलीला गोशाला कमेटी के अंदर खाने विरोध उत्पन्न हो गया। किसी पदाधिकारी की शह पर ही रावण का पुतला लेकर कारीगर फरार हो गया है।
जनता पूछ रही, कहां गया रावण
रामलीला मैदान में बच्चे, महिलाएं, युवतियां आदि घूमने के लिए आ रहे हैं। इस बीच लोगों ने जब रावण का पुतला नहीं देखा तो वह पुलिसकर्मियों से पूछने लगे। पुलिसकर्मी कुछ भी बताने में असमर्थ दिखे। पुलिसकर्मियों का कहना है कि जब वह सुबह ड्यूटी के समय पर पहुंचे तो रावण का पुतला मैदान में नहीं था।
रामलीला मैदान में बच्चे, महिलाएं, युवतियां आदि घूमने के लिए आ रहे हैं। इस बीच लोगों ने जब रावण का पुतला नहीं देखा तो वह पुलिसकर्मियों से पूछने लगे। पुलिसकर्मी कुछ भी बताने में असमर्थ दिखे। पुलिसकर्मियों का कहना है कि जब वह सुबह ड्यूटी के समय पर पहुंचे तो रावण का पुतला मैदान में नहीं था।