फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   विजय गंगल हत्याकांड- धरने में सांसद संग पहुंचे एसपीआरए, सीओ

विजय गंगल हत्याकांड- धरने में सांसद संग पहुंचे एसपीआरए, सीओ

Mon, 17 Sep 2018 02:32 AM IST
Updated Mon, 17 Sep 2018 02:32 AM IST
विज्ञापन
विजय गंगल हत्याकांड- धरने में सांसद संग पहुंचे एसपीआरए, सीओ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, खैर (अलीगढ़)।
विज्ञापन


विजय गंगल हत्याकांड में साजिशकर्ता का नाम उजागर किए जाने की मांग को लेकर जारी धरना, प्रदर्शन स्थल पर रविवार को सांसद सतीश गौतम, पुलिस अधीक्षक देहात मणीलाल पाटीदार, सीओ तेजवीर सिंह पहुंचे। सांसद ने उच्चाधिकारियों से मिलकर सही कार्रवाई का भरोसा दिलाते हुए मृतक के बेटे शीतल गंगल की भूख हड़ताल तो समाप्त करा दी, लेकिन वह पूर्व विधायक प्रमोद गौड़ को नहीं मना पाए। पूर्व विधायक ने कहा कि एसएसपी के कहने पर वह धरने पर बैठे हैं। कहा साजिशकर्ता का नाम उजागर होने तक धरना जारी रहेगा। जरूरत पड़ी तो वह आत्मदाह भी कर सकते हैं।

व्यापारी विजय गंगल हत्याकांड में साजिशकर्ता के नाम का खुलासा न होने से मृतक के परिजन और पूर्व विधायक प्रमोद गौड़ में नाराजगी है। गुरुवार को उन्होंने आंबेडकर पार्क में धरना शुरू कर दिया था। विजय गंगल के पुत्र शीतल गंगल भूख हड़ताल पर बैठ गए थे। सांसद सतीश गौतम ने कहा कि विजय गंगल सज्जन व्यक्ति थे। उनकी हत्या का उन्हें भी बेहद दुख है। हत्या किसने कराई इसका खुलासा होना चाहिए। परिजन चाहेंगे तो वह मुख्यमंत्री, गृह सचिव व केंद्रीय गृह मंत्री से मिलेंगे। एसपीआरए मणीलाल ने आश्वस्त किया कि पुलिस गंभीरता से खुलासे में जुटी है। कानूनी प्रक्रिया के तहत हर कोशिश की जा रही है। समय जरूर लग रहा है, लेकिन साजिशकर्ता का खुलासा किया जाएगा।
विज्ञापन


पूर्व विधायक प्रमोद गौड़ ने कहा कि एकदम साफ है कि हत्या रुपये देकर कराई गई। बदमाशों का निशाना विजय गंगल ही थे इस बात पर संदेह है। विजय गंगल की किसी से कोई रंजिश नहीं थी। उनकी कोई व्यापारिक व राजनैतिक प्रतिद्वंदिता नहीं थी। विजय गंगल की हत्या करनी होती तो वह रोजाना दिन व रात में गली में अकेले आते-जाते थे। बदमाश उनकी कहीं भी हत्या कर सकते थे। भरे बाजार में इतना बड़ा रिस्क लेने का मतलब समझ नहीं आता? उन्होंने कहा कि हत्या मेरी की जानी थी! मेरी हत्या कौन करना चाहता है?
विज्ञापन
विज्ञापन


यह तब तक पता नहीं चलेगा, जब तक सुपारी देने वाले का नाम सामने न आए। कहा वह एसएसपी से मिलने गए थे, लेकिन उन्होंने बात नहीं सुनी। यह कह दिया कि आप जाकर धरने पर बैठ जाइये, इसीलिये धरने पर बैठा हूं। धरने में नगर पालिका चेयरमैन संजीव अग्रवाल, ब्लाक प्रमुख दिवाकर गौड़, भाजपा नेता सुशील गर्ग, श्यौराज गौतम, सुखदेव गर्ग, कालीचरन शर्मा, अनूप गिरी गोस्वामी, आनंद शर्मा मोनू, कांता शर्मा, रानू शर्मा, अनिल रावत, विवेक वशिष्ठ, रक्को गौतम भी पहुंचे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed