फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Corona has swallowed other health services

दूसरी स्वास्थ्य सेवाओं को निगल चुका है कोरोना

Fri, 29 May 2020 08:03 PM IST
राजेश सिंह न्यूूज डेस्क, कौशल कुमार ओझा, अलीगढ़।
न्यूूज डेस्क, कौशल कुमार ओझा, अलीगढ़। Published by: राजेश सिंह Updated Fri, 29 May 2020 08:03 PM IST
विज्ञापन
Corona has swallowed other health services
prayagraj news - फोटो : prayagraj
कोरोना वायरस से काफी नुकसान हुआ हैै। इसने दूसरी स्वास्थ्य सेवाओं को भी निगल लिया है। इसकी वजह से तरह-तरह की दूसरी बीमारियों से ग्रसित लोगों को तो उपचार तक नहीं मिल पा रहा है। बहुत से लोग तो उपचार के अभाव में जान गंवा चुके हैं। राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम भी या तो ठप हो गए हैं या फिर सुस्त पड़ गए हैं।  
विज्ञापन



पिछले छह महीने से दुनिया का फोकस कोविड-19 की ओर है। मार्च महीने से अपने देश में लॉकडाउन चल रहा है। दो महीने में कोविड-19 को छोड़कर अन्य बीमारी से पीड़ित लोगों को ठीक से उपचार नहीं मिल पा रहा है। दवा की सप्लाई लाइन में भी व्यवधान उत्पन्न हुआ है। राष्ट्रीय स्वास्य सेवाएं ठप है या उसकी रफ्तार धीमी पड़ गई है। जेएन मेडिकल कॉलेज के कम्युनिटी मेडिसन डिपार्टमेंट के वरिष्ठ प्रोफेसर डॉ. नजम खलिक कहते हैं कि अब तक रिसर्च से जाहिर हो चुका है कि कोविड-19 महामारी जल्दी खत्म होने को नहीं है। ऐसे में नॉन कोविड बीमारियां या सेवाओं का दोबारा संचालन बेहद जरूरी हो गया है। 
विज्ञापन



आंकड़े पर एक नजर...
- जेएन मेडिकल कॉलेज के इमरजेंसी एवं ट्रॉमा सेंटर में अप्रैल 2019 में मरीजों की संख्या 7590 जबकि अप्रैल 2020 में यह संख्या 3678 रही। 
- मोहनलाल गौतम महिला जिला चिकित्सालय में 1 अप्रैल से 20 मई 2020 के बीच ओपीडी की संख्या 4158, भर्ती 1578 एवं लैब टेस्ट 2156 है। जबकि 2019 में यह संख्या इसी अवधि में क्रमश: 12857, 1924 एवं 4993 थी। 
विज्ञापन
विज्ञापन



प्रभावित हो रहीं राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवाएं 
-संचारी व गैर संचारी बीमारियों को लेकर समस्याएं सामने आ रही हैं,  जैसे टीबी, लेप्रोसी, मलेरिया, डेंगू फीवर आदि। 
- गैर संचारी बीमारी जैसे... रक्तचाप, हार्ट अटैक, मधुमेह, कैंसर, मनोचिकित्सा से संबंधित बीमारियां, त्वचा इंफेक्शन, आंखों की समस्याएं, कान, नाक व गले की समस्याएं,  गर्भवती महिलाओं का चेकअप, प्रसव, 

बच्चों की बीमारियां।
-राष्ट्रीय टीकाकरण कार्यक्रम बुरी तरह प्रभावित, इसके रुकने से बीमारियां बच्चों में दोबारा फैल सकती है। 
- हमारे स्कूल एवं आंगनबाड़ी केंद्र बंद है, बच्चों का खाना बंद है, इससे बच्चों में कुपोषण बढ़ने का खतरा
- नान कोविड दवाओं का सप्लाई चेन में रुकावट या डिस्क्रिप्शन आ गया है। अर्जेंट इमरजेंसी केयर भी प्रभावित। 
- कोविड की वजह से स्ट्रेस, एंजायटी एवं डिप्रेशन भी देखा जा रहा है। 


राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों पर ध्यान केंद्रित करने का निर्देश
 कोरोना वायरस के कारण अन्य सभी राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम ठप पड़ गए हैं। इसका अहसास शासन को भी हो रहा है। चंद रोज पहले शासन द्वारा अधिकारियों को फिर से राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यकमों पर ध्यान केंद्रित करने का निर्देश दिया गया है। उसके बाद स्थानीय स्तर पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी हरकत में आ गए है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. बीपी सिंह कल्याणी ने जनपद के तमाम सीएचसी एवं पीएचसी के अधिकारियों के साथ बैठक कर कोविड के साथ-साथ अन्य स्वास्थ्य कार्यक्रमों पर ध्यान देने का निर्देश दिया है। मलेरिया, डायरिया, टीकाकरण व अन्य राष्ट्रीय कार्यक्रमों का लक्ष्य हासिल करने को कहा है ताकि अलीगढ़ जनपद को प्रदेश में सम्मानजनक स्थान हासिल हो। सीएमओ ने कहा कि धीरे-धीरे अन्य स्वास्थ्य सेवाएं शुरू किया जा रहा है। कुत्ते काटे का इंजेक्शन आ गया है। डायबिटीज, हार्ट, हाईपरटेंशन क्लीनिक चालू किया जा रहा है। मलखान सिंह एवं दीनदयाल चिकित्सालय में सर्जरी ओपीडी चालू किया गया है। धीरे-धीरे सभी स्वास्थ्य सुविधाओं को पटरी पर लाना है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed