AMU: 24 घंटे अटकी रहीं सांसें, परिजनों से बात होने पर ली चैन की सांस, थाईलैंड के 18 छात्रों की उड़ी नींद
थाईलैंड निवासी छात्रों की ईद पर अपने देश जाने की तैयारी थी। भूकंप के चलते थाईलैंड में जाने वाली विमान सेवाएं बंद कर दी गई हैं। फ्लाइट के टिकट भी रद्द कर दिए गए हैं। अब ये यहीं पर ईद मनाएंगे।
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म्यांमार और थाईलैंड में 28 मार्च को आए भूकंप की खबर मिलते ही एएमयू में पढ़ रहे थाईलैंड निवासी 18 छात्रों की नींद उड़ गई। वहां संचार सेवा ठप हो गई थी, परिवार के लोगों से संपर्क नहीं हो पा रहा था। टीवी और सोशल मीडिया पर आ रही वहां के भयावह हालात की तस्वीरें और वीडियो उनकी चिंता को बढ़ा रहे थे। शनिवार को काफी प्रयास के बाद बात हुई तो इन्होंने चैन की सांस ली।
थाईलैंड के छात्र 28 मार्च से ही लगातार अपने परिजनों से बात करने की कोशिश करते रहे, लेकिन किसी से संपर्क नहीं हो पाया। 28 मार्च रात को ठीक से सो भी नहीं पाए। 24 घंटे बाद शनिवार को किसी तरह संपर्क हो पाया। इसके बाद इनकी जान में जान आई। कुछ की तो अभी भी परिजनों से बात नहीं हो पाई है, लेकिन परिचितों से संपर्क होने पर उनके सकुशल होने की जानकारी मिल गई है।
छात्र चकायोमहोक व आदिस दजिस फकदी ने बताया कि उनके परिवार को कोई दिक्कत नहीं हुई है मगर भूकंप ने भारी तबाही मचाई है। इन्होंने बताया कि म्यांमार में आए भूकंप का असर वहां से करीब 900 किलोमीटर दूर थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक तक रहा। वहां चातुचक जिले, ग्रेटर और मध्य बैंकॉक में भारी नुकसान हुआ है। उनके कुछ रिश्तेदार भी सर्वाधिक नुकसान वाले क्षेत्रों में रह रहे हैं, लेकिन गनीमत है कि सभी सुरक्षित हैं।
एएमयू में अफगानिस्तान के भी 14 छात्र पढ़ रहे हैं, वहां भी भूंकप के झटके लगे हैं। छात्र अली अहमद सानीवाल, सैफ रहममी हक बिन के अनुसार घर पर सब लोग सकुशल हैं। एएमयू के अंतरराष्ट्रीय अध्ययन सलाहकार प्रो. सैयद अली नवाज जैदी ने बताया कि बैंकॉक में आया भूकंप दुखद है। दोनों देशों के छात्रों ने अब तक किसी तरह की दिक्कत नहीं बताई है।
इस बार ईद पर घर नहीं जा पाएंगे
थाईलैंड निवासी छात्रों की ईद पर अपने देश जाने की तैयारी थी। भूकंप के चलते थाईलैंड में जाने वाली विमान सेवाएं बंद कर दी गई हैं। फ्लाइट के टिकट भी रद्द कर दिए गए हैं। अब ये यहीं पर ईद मनाएंगे। हालांकि ये छात्र अभी भी लगातार अपने परिजनों और परिचितों से बात कर वहां की स्थिति की जानकारी ले रहे हैं।