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चांद का हुआ दीदार, ईद मुबारक हो

Mon, 25 May 2020 01:24 AM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Mon, 25 May 2020 01:24 AM IST
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As moon apeared, id will be celebrated.
अमीरनिशा मार्केट में ईद पर सामान खरीदती महिलाएं व युवतियां। - फोटो : CITY OFFICE
चांद दिखते ही हर किसी ने एक-दूसरे को ईद की मुबारकबाद दी। रविवार को लोगों ने चांद देखा। सोमवार को ईद है।
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इस्लामी कैलेंडर के हिसाब से 10वां महीना शव्वाल यानी ईदुल फितर का है। रोजेदारों ने 30 रोजे मुकम्मल किए हैं। शव्वाल महीने का चांद दिखते ही एक महीने से चल रही तरावीह की नमाज खत्म हो गई। तरावीह की नमाज चांद रमजान महीने का चांद दिखने के साथ ही शुरू होती है और शव्वाल महीने का चांद दिखते ही तरावीह की नमाज खत्म हो जाती है। इफ्तार और नमाज पढ़ने के बाद लोग अपने-अपने घर की छत पर चांद का दीदार करने आ गए। इधर-उधर आसमान में नजर दौड़ाने के बाद उन्हें चांद का दीदार हो गया। इसके बाद दुआ की और एक-दूसरे को चांद की मुबारकबाद दी।
बाजारों में बढ़ी रौनक, खरीदार उमड़े
कई दिनों से बाजार गुलजार था, लेकिन खरीदारों के कम आने से रौनक गायब थी। लेकिन रविवार को चांद दिखते ही बाजारों की रौनक बढ़ गई। अमीरनिशां, दोदपुर, सिविल लाइंस, पुराने शहर में बाजारों में अन्य दिनों के मुकाबले खरीदारों की भीड़ थी। हालांकि, पिछली बार की ईद की तरह न तो भीड़ थी और न ही दुकानदारी। बहरहाल, लोगों ने सिवईं, मिठाई, कुर्ता-पजामा, सूट आदि की खरीदारी की। इन बाजारों में दिन कम भीड़ थी, लेकिन शाम होते-होते भीड़ बढ़ गई। शोएब, इमरान, परवेज अली खान ने बताया कि कोरोना वायरस व लॉक डाउन के चलते दुुकानदारी पर फर्क पड़ा है।
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ऐसे होगी ईद की नमाज
लॉक डाउन में ईदगाह में नमाज पढ़ने की पाबंदी है। ऐसे में अगर कोई ईद की नमाज अपने घर पर पढ़ना चाहता है तो उसे जमात बनानी होगी, जिसमें चार-पांच लोग होंगे। अगर चार-पांच लोग घर पर नहीं हैं, तो वह घर पर अकेले नमाज पढ़ सकता है। उसे ईद की नमाज की नहीं, बल्कि दो-दो रकात चाश्त की नमाज की नीयत करनी होगी।
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नमाज का तरीका
- ईद की नमाज में चार-पांच लोगों का होना जरूरी है। एक इमाम होगा, बाकी उनके पीछे होंगे। लोगों को दो रकात नमाज ईदुल फितर की करनी होगी। दोनों रकात में सूरह फातिहा के साथ छोटी-बड़ी सूरत पढ़नी होगी। नमाज के बाद इमाम को खुतबा पढ़ना होगा। खुतबे की किताब मस्जिद में मिलेगी या मोबाइल में खुतबे को डाउनलोड करके उसको पढ़ना होगा।
- अगर घर पर अकेले हैं, तो दो-दो रकात नमाज चाश्त की नमाज पढ़नी होगी। हर दो-दो रकात में सूरह फातिहा के साथ छोटी-बड़ी सूरत पढ़नी होगी। नमाज के बाद दुआ करें।

मुल्क के लोगों को ईद की दिली मुबारकबाद पेश करता हूं। लोगों से अपील करता हूं कि वह ईद का त्योहार अपने घर पर रहकर सादगी से मनाएं।
- मोहम्मद खालिद हमीद, शहर मुफ्ती
ईद की मुबारकबाद सभी को पेश करता हूं। सभी अपने घर पर रहकर ईद मनाएं। पड़ोसियों व जरूरतमंदों का ख्याल जरूर रखें।
- मुफ्ती डॉ. जाहिद खान, एएमयू
वॉयस कॉलिंग से पढ़ी जाएगी ईद की नमाज
अलीगढ़। वॉयस कॉलिंग से ईद की नमाज पढ़ी जाएगी। यह नमाज मौलाना अली नकवी पढ़ाएंगे। समाजसेवी इंजी. आगा यूनुस ने बताया कि वॉयस कॉलिंग से ईद की नमाज पढ़ी जाएगी, जिसकी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं।

चांद देखने के बाद दुआ करते रोजेदार।

चांद देखने के बाद दुआ करते रोजेदार।- फोटो : CITY OFFICE

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