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एएमयू इमाम के घर डाका
अमर उजाला ब्यूरो/अलीगढ़
Updated Mon, 14 Dec 2015 01:48 AM IST
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महानगर में बेखौफ घूम रहे बदमाशों ने रविवार तड़के सिविल लाइंस के जमालपुर इलाके में एएमयू के इमाम के घर धाबा बोलकर कई लाख का डाका डाल दिया।
इस दौरान बुजुर्ग इमाम को बेरहमी से पीटा गया और बदमाश उन्हें बेहोशी की हालत में छोड़कर भाग गए। करीब तीन घंटे बाद जब होश आया, तब इमाम ने पड़ोसियों से मदद मांगी और उन्हें मेडिकल कॉलेज भिजवाया गया। फिलहाल पुलिस जांच में जुटी है।
जमालपुर हमदर्द नगर निवासी 55 वर्षीय हाजी मुनव्वर अली पुत्र भोलू ठेकेदार यहां अकेले रहते हैं। उनकी पत्नी आमरा खातून व चार बेटे दिल्ली में रहते हैं।
मुनव्वर अली यहां एएमयू की कब्रिस्तान वाली मस्जिद में बतौर इमाम कार्यरत हैं। दो दिन पहले उनका एक बेटा कुछ देर के लिए आया था। बाद में वह ससुराल जाने की कहकर चला गया।
वाकया रविवार सुबह करीब साढ़े पांच-छह बजे के मध्य का है, जब पांच-छह बदमाशों ने उनका दरवाजा पीटा। घर में मौजूद इमाम ने दरवाजे पर आहट सुन दरवाजा खोला तो बदमाश उन्हें अंदर धकेलते हुए ले गए।
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इसके बाद अंदर ले जाकर उन्हें तमंचे की बटों आदि से बेरहमी से पीटा गया। बाद में चाभियां लेकर अलमीरा की तलाशी लेकर सेफ में रखे 1.60 लाख रुपये नगद व एक लाख रुपये कीमत के जेवरात लूट ले गए।
जब बदमाश गए तो वह बेहोश थे। घर का दरवाजा भी भिड़ा हुआ था। इस पर बाहर भी किसी को शक नहीं हुआ। सुबह करीब नौ बजे जब इमाम को होश आया तो उन्होंने बाहर आकर मदद मांगी।
इमाम को खून से लथपथ देख पड़ोसियों की भीड़ जमा हो गई। बाद में एकत्रित लोग उन्हें मेडिकल ले गए और पुलिस को खबर दी। खबर पर इंस्पेक्टर सिविल लाइंस आदि पहुंच गए। फील्ड यूनिट को भी बुलाया गया।
पुलिस के अनुसार फिलहाल जांच की जा रही है। पुलिस पूछताछ में हाजी ने एक बदमाश को पहचानने की बात कही है। इसके आधार पर तलाश के प्रयास जारी हैं। इधर, पारिवारिक कलह के चलते उनके अकेले रहने की बात सामने आ रही है।
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इस दौरान बुजुर्ग इमाम को बेरहमी से पीटा गया और बदमाश उन्हें बेहोशी की हालत में छोड़कर भाग गए। करीब तीन घंटे बाद जब होश आया, तब इमाम ने पड़ोसियों से मदद मांगी और उन्हें मेडिकल कॉलेज भिजवाया गया। फिलहाल पुलिस जांच में जुटी है।
जमालपुर हमदर्द नगर निवासी 55 वर्षीय हाजी मुनव्वर अली पुत्र भोलू ठेकेदार यहां अकेले रहते हैं। उनकी पत्नी आमरा खातून व चार बेटे दिल्ली में रहते हैं।
मुनव्वर अली यहां एएमयू की कब्रिस्तान वाली मस्जिद में बतौर इमाम कार्यरत हैं। दो दिन पहले उनका एक बेटा कुछ देर के लिए आया था। बाद में वह ससुराल जाने की कहकर चला गया।
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वाकया रविवार सुबह करीब साढ़े पांच-छह बजे के मध्य का है, जब पांच-छह बदमाशों ने उनका दरवाजा पीटा। घर में मौजूद इमाम ने दरवाजे पर आहट सुन दरवाजा खोला तो बदमाश उन्हें अंदर धकेलते हुए ले गए।
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इसके बाद अंदर ले जाकर उन्हें तमंचे की बटों आदि से बेरहमी से पीटा गया। बाद में चाभियां लेकर अलमीरा की तलाशी लेकर सेफ में रखे 1.60 लाख रुपये नगद व एक लाख रुपये कीमत के जेवरात लूट ले गए।
जब बदमाश गए तो वह बेहोश थे। घर का दरवाजा भी भिड़ा हुआ था। इस पर बाहर भी किसी को शक नहीं हुआ। सुबह करीब नौ बजे जब इमाम को होश आया तो उन्होंने बाहर आकर मदद मांगी।
इमाम को खून से लथपथ देख पड़ोसियों की भीड़ जमा हो गई। बाद में एकत्रित लोग उन्हें मेडिकल ले गए और पुलिस को खबर दी। खबर पर इंस्पेक्टर सिविल लाइंस आदि पहुंच गए। फील्ड यूनिट को भी बुलाया गया।
पुलिस के अनुसार फिलहाल जांच की जा रही है। पुलिस पूछताछ में हाजी ने एक बदमाश को पहचानने की बात कही है। इसके आधार पर तलाश के प्रयास जारी हैं। इधर, पारिवारिक कलह के चलते उनके अकेले रहने की बात सामने आ रही है।