{"_id":"6161e7868ebc3e4539437b2b","slug":"aligarh-ten-hours-of-power-cut-in-rural-area-blew-sleep-city-office-news-ali27533588","type":"story","status":"publish","title_hn":"अलीगढ़ : ग्रामीण क्षेत्र में दस घंटे की बिजली कटौती ने उड़ाई नींद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अलीगढ़ : ग्रामीण क्षेत्र में दस घंटे की बिजली कटौती ने उड़ाई नींद
विज्ञापन
अतरौली में बिजली कटौती के विरोध में प्रदर्शन करते लोग।
- फोटो : ATHROLI
ग्रामीण क्षेत्र में बिजली कटौती से लोगों की नींद उड़ी हुई है। तय शेड्यूल के विपरीत पांच से दस घंटे की बिजली कटौती हो रही है। रात में कटौती होनेे से कूलर-पंखे नहीं चल पाते हैं। इनवर्टर भी ठप हो जाते हैं। ऐसे में गर्मी और मच्छरों से लोग परेशान हो रहे हैं। डेंगू और मलेरिया भी लगातार ग्रामीण इलाकों में पैर पैसार रहा है। इधर, बिजली कटौती से नाराज लोगों ने अतरौली में प्रदर्शन किया।
झारखंड से कोयला आपूर्ति में बाधा उत्पन्न होने के बाद हरदुआगंज तापीय परियोजना सहित अन्य पॉवर प्लांटों में उत्पादन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। हरदुआगंज में दो यूनिटों में उत्पादन बंद हो गया है। इसकी वजह से ग्रामीण क्षेत्रों में पांच से लेकर 12 घंटे तक की कटौती हो रही है। रात में कटौती होने से लोग ठीक से सो नहीं पा रहे हैं।
इन्वर्टर जवाब दे रहे हैं। पंखा बंद होने के बाद मच्छरों का हमला शुरू हो जाता है। ग्रामीण क्षेत्रों में पहले से ही डेंगू व बुखार के काफी मरीज निकल रहे हैं। सरकारी एवं प्राइवेट अस्पतालों में मरीजों की भीड़ लगी है। अधीक्षण अभियंता ग्रामीण धर्मेंद्र सारस्वत एवं ई. राघवेंद्र ने बताया कि दो-तीन में समस्या का समाधान होने की उम्मीद है। ग्रामीण क्षेत्रों में पांच घंटे तक की कटौती हो रही है।
विज्ञापन
गोंडा में 12 घंटे से अधिक की कटौती
गोंडा क्षेत्र में 10 से 12 घंटे बिजली की आपूर्ति हो रही है। शुक्रवार को दिन में करीब पांच घंटे एवं रात 9 बजे के बाद कटौती हुई। इनवर्टर हाफ रहे हैं। उद्योग धंधे बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। लोग बेहद परेशान है। रात की नींद उड़ गई है। डेंगू एवं मलेरिया का खतरा बढ़ गया है।
गंगीरी में मात्र आठ घंटे ही बिजली सप्लाई
गंगीरी क्षेत्र में मात्र 8 घंटे बिजली मिल रही है। छह घंटे बिजली टुकड़ों में दिन में मिलती है। रात में बार-बार ट्रिपिंग के बाद दो घंटे बिजली मिलती है। दो दिन से ग्रामीण रात में ठीक से सो नहीं पा रहे हैं। इससे ग्रामीणों में काफी रोष है। सप्लाई रजिस्टर में 16 घंटे आपूर्ति दिखाई जा रही है। जेई फोन नहीं उठा रहे हैं।
पिसावा में रात में बमुश्किल से छह घंटे आपूर्ति
गर पंचायत पिसावा में बिजली बिल तो लोग शहर का भर रहे हैं लेकिन आपूर्ति देहात से भी खराब है। पिछले दो-तीन दिन से बिजली की आपूर्ति बेहद खराब होने से लोगों की परेशानी काफी बढ़ गई है। रात में मुश्किल से 6-7 घंटे आपूर्ति हो रही है।
अकराबाद में बढ़ गया है डेंगू व मलेरिया का खतरा
बेतहाशा बिजली कटौती से अकराबाद क्षेत्र में डेंगू एवं मलेरिया का खतरा बढ़ गया है। क्षेत्र में बिजली व्यवस्था चरमरा गई है। लोग रात में ठीक से सो नहीं पा रहे हैं। बुखार व अन्य बीमारियां पैर पसार रही है। अधिकारी नगर पंचायत को 18 व गांवों को 17 घंटे आपूर्ति देने का दावा कर रहे हैं।
विजयगढ़ में ट्रिपिंग से हो रही परेशानी
कस्बा में 24 घंटे में मुश्किल से 10 घंटे बिजली मिल रही है। बीच-बीच में ट्रिपिंग भी होती है। रात्रि में 9 से 12 बजे के बीच बिजली कटौती हो रही है, जिनके पास इनवर्टर नहीं है, वह जागकर रात गुजार रहे हैं। मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है। अधिकारी फोन तक नहीं उठाते।
चंडौस में 4 घंटे की बिजली कटौती
चंडौस कस्बे में 14 घंटे ही बिजली आपूर्ति हो रही है। चार घंटे या उससे अधिक की कटौती हो रही है। दिन-चार दिन से ज्यादा कटौती हो रही है। ग्रामीण क्षेत्रों की स्थिति और खराब है। बिजली कटौती से लोग परेशान है।
जवां में 10 से 15 घंटे ही आपूर्ति
जवां क्षेत्र में 18 घंटे की जगह 10 से 15 घंटे की बिजली आपूर्ति हो रही है। सुमेरा झाल के जेई रजत कुमार ने बताया कि शुक्रवार को क्षेत्र में 15 घंटे आपूर्ति हुई। एएलडीएस पनकी से पांच घंटे आपूर्ति बंद करने का आदेश दिया गया, जिसके बाद आपूर्ति बंद की गई।
आठ से दस घंटे बिजली कटौती से तिलमिलाए लोग
अतरौली क्षेत्र में आठ से दस घंटे की बिजली कटौती से लोग तिलमिला गए हैं। बिजली विभाग के खिलाफ लोग प्रदर्शन कर रहे हैं। अतरौली में 22 घंटे आपूर्ति का आदेश है। पिछले तीन दिन से अंधाधुंध कटौती हो रही है। शुक्रवार को करीब नौ घंटे की कटौती हुई।
गभाना में बिजली गुल रहने से दैनिक कार्य प्रभावित
गभाना कस्बा एवं क्षेत्र में पांच से छह घंटे की कटौती हो रही है। इससे लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। दैनिक कार्य प्रभावित हो रहे हैं। शुक्रवार को छह घंटे की कटौती हुई। देहात के फीडर वीरपुरा, गिरधरपुर, कौरहरुस्तमपुर, बिसारा में 18 घंटे की जगह 12 से लेकर 13 घंटे आपूर्ति मिल रही है।
विज्ञापन
झारखंड से कोयला आपूर्ति में बाधा उत्पन्न होने के बाद हरदुआगंज तापीय परियोजना सहित अन्य पॉवर प्लांटों में उत्पादन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। हरदुआगंज में दो यूनिटों में उत्पादन बंद हो गया है। इसकी वजह से ग्रामीण क्षेत्रों में पांच से लेकर 12 घंटे तक की कटौती हो रही है। रात में कटौती होने से लोग ठीक से सो नहीं पा रहे हैं।
विज्ञापन
इन्वर्टर जवाब दे रहे हैं। पंखा बंद होने के बाद मच्छरों का हमला शुरू हो जाता है। ग्रामीण क्षेत्रों में पहले से ही डेंगू व बुखार के काफी मरीज निकल रहे हैं। सरकारी एवं प्राइवेट अस्पतालों में मरीजों की भीड़ लगी है। अधीक्षण अभियंता ग्रामीण धर्मेंद्र सारस्वत एवं ई. राघवेंद्र ने बताया कि दो-तीन में समस्या का समाधान होने की उम्मीद है। ग्रामीण क्षेत्रों में पांच घंटे तक की कटौती हो रही है।
विज्ञापन
गोंडा में 12 घंटे से अधिक की कटौती
गोंडा क्षेत्र में 10 से 12 घंटे बिजली की आपूर्ति हो रही है। शुक्रवार को दिन में करीब पांच घंटे एवं रात 9 बजे के बाद कटौती हुई। इनवर्टर हाफ रहे हैं। उद्योग धंधे बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। लोग बेहद परेशान है। रात की नींद उड़ गई है। डेंगू एवं मलेरिया का खतरा बढ़ गया है।
गंगीरी में मात्र आठ घंटे ही बिजली सप्लाई
गंगीरी क्षेत्र में मात्र 8 घंटे बिजली मिल रही है। छह घंटे बिजली टुकड़ों में दिन में मिलती है। रात में बार-बार ट्रिपिंग के बाद दो घंटे बिजली मिलती है। दो दिन से ग्रामीण रात में ठीक से सो नहीं पा रहे हैं। इससे ग्रामीणों में काफी रोष है। सप्लाई रजिस्टर में 16 घंटे आपूर्ति दिखाई जा रही है। जेई फोन नहीं उठा रहे हैं।
पिसावा में रात में बमुश्किल से छह घंटे आपूर्ति
गर पंचायत पिसावा में बिजली बिल तो लोग शहर का भर रहे हैं लेकिन आपूर्ति देहात से भी खराब है। पिछले दो-तीन दिन से बिजली की आपूर्ति बेहद खराब होने से लोगों की परेशानी काफी बढ़ गई है। रात में मुश्किल से 6-7 घंटे आपूर्ति हो रही है।
अकराबाद में बढ़ गया है डेंगू व मलेरिया का खतरा
बेतहाशा बिजली कटौती से अकराबाद क्षेत्र में डेंगू एवं मलेरिया का खतरा बढ़ गया है। क्षेत्र में बिजली व्यवस्था चरमरा गई है। लोग रात में ठीक से सो नहीं पा रहे हैं। बुखार व अन्य बीमारियां पैर पसार रही है। अधिकारी नगर पंचायत को 18 व गांवों को 17 घंटे आपूर्ति देने का दावा कर रहे हैं।
विजयगढ़ में ट्रिपिंग से हो रही परेशानी
कस्बा में 24 घंटे में मुश्किल से 10 घंटे बिजली मिल रही है। बीच-बीच में ट्रिपिंग भी होती है। रात्रि में 9 से 12 बजे के बीच बिजली कटौती हो रही है, जिनके पास इनवर्टर नहीं है, वह जागकर रात गुजार रहे हैं। मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है। अधिकारी फोन तक नहीं उठाते।
चंडौस में 4 घंटे की बिजली कटौती
चंडौस कस्बे में 14 घंटे ही बिजली आपूर्ति हो रही है। चार घंटे या उससे अधिक की कटौती हो रही है। दिन-चार दिन से ज्यादा कटौती हो रही है। ग्रामीण क्षेत्रों की स्थिति और खराब है। बिजली कटौती से लोग परेशान है।
जवां में 10 से 15 घंटे ही आपूर्ति
जवां क्षेत्र में 18 घंटे की जगह 10 से 15 घंटे की बिजली आपूर्ति हो रही है। सुमेरा झाल के जेई रजत कुमार ने बताया कि शुक्रवार को क्षेत्र में 15 घंटे आपूर्ति हुई। एएलडीएस पनकी से पांच घंटे आपूर्ति बंद करने का आदेश दिया गया, जिसके बाद आपूर्ति बंद की गई।
आठ से दस घंटे बिजली कटौती से तिलमिलाए लोग
अतरौली क्षेत्र में आठ से दस घंटे की बिजली कटौती से लोग तिलमिला गए हैं। बिजली विभाग के खिलाफ लोग प्रदर्शन कर रहे हैं। अतरौली में 22 घंटे आपूर्ति का आदेश है। पिछले तीन दिन से अंधाधुंध कटौती हो रही है। शुक्रवार को करीब नौ घंटे की कटौती हुई।
गभाना में बिजली गुल रहने से दैनिक कार्य प्रभावित
गभाना कस्बा एवं क्षेत्र में पांच से छह घंटे की कटौती हो रही है। इससे लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। दैनिक कार्य प्रभावित हो रहे हैं। शुक्रवार को छह घंटे की कटौती हुई। देहात के फीडर वीरपुरा, गिरधरपुर, कौरहरुस्तमपुर, बिसारा में 18 घंटे की जगह 12 से लेकर 13 घंटे आपूर्ति मिल रही है।