{"_id":"5efe480c8ebc3e42e72b37b5","slug":"aligarh-now-it-is-easier-to-deliver-clean-water-to-the-thirsty-city-office-news-ali2376509183","type":"story","status":"publish","title_hn":"अलीगढ़ : अब प्यासों तक स्वच्छ पानी पहुंचाना हुआ आसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अलीगढ़ : अब प्यासों तक स्वच्छ पानी पहुंचाना हुआ आसान
विज्ञापन
नगर निगम द्वारा खरीदे गए नए टैंकर से पानी भरते लोग।
- फोटो : CITY OFFICE
नगर निगम ने 41 लाख रुपये की लागत से 13 नए टैंकर खरीदे हैं। भीषण गर्मी में प्यासों तक पानी पहुंचाने का काम अब आसान हो जाएगा।
महानगर के कई क्षेत्रों में भीषण गर्मी में पानी की दिक्कत है। अलीगढ़ शहर डार्क जोन में शामिल हो गया है। यहां का जलस्तर लगातार नीचे गिरता जा रहा है। जबकि महानगर की आबादी बढ़ती जा रही है और इसके साथ ही पानी की जरूरत भी बढ़ गई है। गर्मी के महीनों में अन्य दिनों की तुलना में पानी की डिमांड कई गुना बढ़ जाती है। बिजली आपूर्ति में व्यवधान और अन्य कई कारणों से भी पानी की आपूर्ति में दिक्कत होती है। सहायक नगर आयुक्त राज बहादुर सिंह ने बताया कि नगर निगम द्वारा 41 लाख रुपये की लागत से 13 टैंकर खरीदे गए हैं। इसमें से पांच टैंकर की क्षमता पांच हजार लीटर एवं आठ टैंकर की क्षमता तीन हजार लीटर है। पानी की आपूर्ति के लिए पहले से नगर निगम के पास 16 टैंकर है। इसके अतिरिक्त नगर निगम के वर्कशॉप एवं हर्टिकल्चर में भी टैंकर है, जिसकी संख्या जोड़ दी जाए तो करीब 50 टैंकर नगर निगम के पास हो गए हैं। उन्होंने बताया कि नए टैंकर स्टील के है और इसके आने से जनता तक स्वच्छ पानी पहुंचाना आसान हो गया है।
पुराने टैंकर के ढक्कन में बोल्ट लगाने के निर्देश
नगर निगम के सहायक नगर आयुक्त राजबहादुर सिंह ने बताया कि नगर निगम के पुराने टैंकर के ढक्कन में बोल्ट लगाने के निर्देश दिए गए हैं। कुछ रोज पहले नौरंगाबाद में पानी के टैंकर में बंदर का मल मिलने के बाद खलबली मच गई थी। इस घटना के बाद नगर निगम द्वारा ढक्कन में बोल्ट लगाने का निर्णय लिया गया है ताकि कोई उसे आसानी से खोल नहीं सकें। अमर उजाला में खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया गया था।
विज्ञापन
महानगर के कई क्षेत्रों में भीषण गर्मी में पानी की दिक्कत है। अलीगढ़ शहर डार्क जोन में शामिल हो गया है। यहां का जलस्तर लगातार नीचे गिरता जा रहा है। जबकि महानगर की आबादी बढ़ती जा रही है और इसके साथ ही पानी की जरूरत भी बढ़ गई है। गर्मी के महीनों में अन्य दिनों की तुलना में पानी की डिमांड कई गुना बढ़ जाती है। बिजली आपूर्ति में व्यवधान और अन्य कई कारणों से भी पानी की आपूर्ति में दिक्कत होती है। सहायक नगर आयुक्त राज बहादुर सिंह ने बताया कि नगर निगम द्वारा 41 लाख रुपये की लागत से 13 टैंकर खरीदे गए हैं। इसमें से पांच टैंकर की क्षमता पांच हजार लीटर एवं आठ टैंकर की क्षमता तीन हजार लीटर है। पानी की आपूर्ति के लिए पहले से नगर निगम के पास 16 टैंकर है। इसके अतिरिक्त नगर निगम के वर्कशॉप एवं हर्टिकल्चर में भी टैंकर है, जिसकी संख्या जोड़ दी जाए तो करीब 50 टैंकर नगर निगम के पास हो गए हैं। उन्होंने बताया कि नए टैंकर स्टील के है और इसके आने से जनता तक स्वच्छ पानी पहुंचाना आसान हो गया है।
पुराने टैंकर के ढक्कन में बोल्ट लगाने के निर्देश
नगर निगम के सहायक नगर आयुक्त राजबहादुर सिंह ने बताया कि नगर निगम के पुराने टैंकर के ढक्कन में बोल्ट लगाने के निर्देश दिए गए हैं। कुछ रोज पहले नौरंगाबाद में पानी के टैंकर में बंदर का मल मिलने के बाद खलबली मच गई थी। इस घटना के बाद नगर निगम द्वारा ढक्कन में बोल्ट लगाने का निर्णय लिया गया है ताकि कोई उसे आसानी से खोल नहीं सकें। अमर उजाला में खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया गया था।
विज्ञापन