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अलीगढ़ः अवैध आरओ प्लांट पर शिकंजा, जेल भेजे जाएंगे संचालक

Sat, 21 Aug 2021 01:24 AM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Sat, 21 Aug 2021 01:24 AM IST
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Aligarh news
अब हर तरह की बोरिंग का पंजीकरण कराना अनिवार्य हो गया है। घरेलू, कृषि और औद्योगिक, तीन श्रेणियों में पंजीकरण होगा। पंजीकरण नहीं होने पर जुर्माना और कारावास तक हो सकता है। साथ ही जिले में अपंजीकृत आरओ प्लांट, औद्योगिक उपभोगकर्ता, निर्माण कार्य, होटल, हास्पिटल, वाहन धुलाई सेंटर में अनियमित भूजल दोहन पर शिकंजा कसा जाएगा। जिला स्तरीय भूजल प्रबंधन परिषद की अध्यक्ष जिलाधिकारी सेल्वा कुमारी जे. ने सहायक अभियंता लघु सिंचाई को जनपद में तेजी से गिरते भूजल स्तर में सुधार लाने के लिए नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कराते हुए जेल भेजने के निर्देश दिए हैं।
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जिलाधिकारी ने अवैध एवं अपंजीकृत आरओ प्लांट के खिलाफ अभियान चलाने के लिए कहा है। अभियान के लिए जिला प्रशासन, भूजल सर्वेक्षण विभाग और लघु सिंचाई विभाग की टीम बनाई गई है। डीएम ने कहा कि जनपद में अवैध आरओ प्लांट द्वारा बडी मात्रा में भूजल का दोहन किया जा रहा है, इनके स्वामी बिना पंजीकरण कराए अपने घरों में प्लांट लगाकर पानी की सप्लाई करते हैं। शहर के अतिरिक्त अब ग्रामीण अंचल में भी आरओ प्लांट लगने लगे हैं।
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जितने पानी का उपयोग, उसी हिसाब से देना होगा शुल्क
लघु सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता ने बताया कि घरेलू और कृषि कार्यों की बोरिंग का पंजीकरण नि:शुल्क होगा। औद्योगिक उपयोग के लिए पांच हजार रुपये पंजीकरण एवं पांच हजार रुपये अनापत्ति प्रमाण पत्र शुल्क देना होगा। प्रतिदिन जितने पानी का उपयोग होगा, उस मात्रा के अनुपात में वार्षिक शुल्क अलग से देना होगा। औद्योगिक उपयोग की बोरिंग को तीन श्रेणियों में बांटा गया है, इनमें बल्क यूजर, इंडस्ट्रियल और निर्माण। निर्माण क्षेत्र के लिए बोरिंग पंजीकरण कराए बिना भूजल दोहन पर जुर्माना, कारावास या दोनों हो सकता है। इन सभी को पंजीकरण या अनापत्ति प्रमाणपत्र लेना अनिवार्य है। जिसके लिए निवेश मित्र पोर्टल पर आनलाइन आवेदन होता है।
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ड्रिलिंग मशीनों का भी कराना होगा पंजीकरण
ग्राउंड वाटर एक्ट 2019 के तहत केवल बोरिंग ही नहीं, ड्रिलिंग मशीनों का भी पंजीकरण कराना अनिवार्य है। मशीन उसी जिले में बोरिंग कर सकेगी, जहां उसका पंजीकरण होगा। ड्रिलिंग एजेंसी का पंजीकरण आनलाइन वेब पोर्टल पर होगा। इसका पंजीकरण शुल्क पांच हजार रुपये होगा। पंजीकृत ड्रिलिंग एजेंसी को अधिसूचित क्षेत्र और भूजल गुणवत्ता के संवेदनशील क्षेत्रों में कार्य कराने की अनुमति नहीं होगी। ऐसी कंपनियों के पंजीकरण की वैधता तीन वर्ष होगी।

शहर और इगलास में औद्योगिक बोरिंग नहीं
जनपद में नगर निगम के शहरी क्षेत्र एवं विकास खंड इगलास अधिसूचित क्षेत्र के अंतर्गत आता है। जिसमें औद्योगिक एवं व्यावसायिक बोरिंग कराने पर अधिनियम के अनुसार पूर्ण प्रतिबंध है। कृषि एवं घरेलू प्रयोग हेतु प्रतिबंध नहीं है।
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