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केंद्र सरकार एएमयू में मजाज चेयर स् थापित करें
Updated Mon, 22 Oct 2018 01:40 AM IST
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डेस्क न्यूज, अमर उजाला, अलीगढ़
एएमयू तराना के रचयिता असरारूल हक मजाज के नाम पर विश्वविद्यालय में मजाज चेयर स्थापित करने की मांग हिंदुस्तानी साहित्य संस्कृति संगम ने की है।
मजाज के 108 वीं जयंती पर मीडिया सेंटर पर आयोजित कार्यक्रम में संगम के सचिव डॉ. जसीम मोहम्मद ने कहा कि 19 अक्टूबर 1911 को बाराबंकी जिले मे पैदा हुए मजाज एएमयू के पूर्व छात्र थे और एएमयू ने उनकी नम नज्म को अपने तराने के रूप में अपनाया जो उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि है। उन्होंने कहा कि मजाज की शायरी में प्रेम के अलावा क्रांतिकारी विचारों की झलक भी मिलती है। कार्यक्रम को प्रो. हुमायूं मुराद, प्रो. रजाउल्लाह खान, हनीफ खान, डॉ. कपिल कुमार, दीबा अबरार, डॉ. फारूक अली, दिलशाद कुरैशी, उम्मे कुलसुम आदि मौजूद थे।
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एएमयू तराना के रचयिता असरारूल हक मजाज के नाम पर विश्वविद्यालय में मजाज चेयर स्थापित करने की मांग हिंदुस्तानी साहित्य संस्कृति संगम ने की है।
मजाज के 108 वीं जयंती पर मीडिया सेंटर पर आयोजित कार्यक्रम में संगम के सचिव डॉ. जसीम मोहम्मद ने कहा कि 19 अक्टूबर 1911 को बाराबंकी जिले मे पैदा हुए मजाज एएमयू के पूर्व छात्र थे और एएमयू ने उनकी नम नज्म को अपने तराने के रूप में अपनाया जो उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि है। उन्होंने कहा कि मजाज की शायरी में प्रेम के अलावा क्रांतिकारी विचारों की झलक भी मिलती है। कार्यक्रम को प्रो. हुमायूं मुराद, प्रो. रजाउल्लाह खान, हनीफ खान, डॉ. कपिल कुमार, दीबा अबरार, डॉ. फारूक अली, दिलशाद कुरैशी, उम्मे कुलसुम आदि मौजूद थे।