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रानी पदमवती फिल्म रुकवाने की मांग
Updated Mon, 13 Nov 2017 01:26 AM IST
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रानी पदमवती फिल्म रुकवाने की मांग
ब्यूरो,अमर उजाला, अलीगढ़।
रानी पद्मावती पर बनी फिल्म को यूपी के सिनेमाघरों में चलाने की सीएम द्वारा अनुमति दिए जाने पर क्षत्रिय समाज के लोगों ने सांसद समेत व विधायकों से मुलाकात की और फिल्म के प्रसारण को यूपी में रुकवाने के लिए मुख्यमंत्री को पत्र लिखवाया।
क्षत्रिय समाज के लोगों के कहने पर जनप्रतिनिधियों ने सीएम को भेजे पत्र में रानी पद्मावती के इतिहास के साथ छेड़छाड़ बात कहकर फिल्म के प्रसारण को रुकवाने का पत्र लिखा है।
अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के प्रदेश महासचिव ठा. कमल प्रताप सिंह के नेतृत्व में क्षत्रिय समाज का एक प्रतिनिधिमंडल सांसद सतीश गौतम, बरौली विधायक ठा. दलवीर सिंह छर्रा विधायक ठा. रवेन्द्र पाल सिंह, कोल विधायक अनिल पारासर, शहर विधायकर संजीव राजा से मिला। प्रतिनिधिमंडल ने जनप्रतिनिधियों को बताया कि किस तरह इतिहास के साथ छेड़छाड़ कर फिल्म बनाई गई है।
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फिल्म में रानी पदमावती को भरे दरबार में बेढ़ंग के वस्त्रों में नृत्य करते हुए दिखाया गया है, जबकि कभी भी राजपूत समाज की रानी तो दूर किसी राजपूज समाज की नारी ने भी दरबार में नृत्य नहीं किया।
फिल्म में अलाउद्दीन खिलजी को एक महान सम्राट दिखाया गया है, जबकि वह एक क्रूर, निर्दयी और नीच राजा था। इस फिल्म के द्वारा क्षत्रिय समाज की बहन-बेटियों को लज्जित किया गया है। प्रतिनिधिमंडल के कहने पर जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र भेज फिल्म पर रोक लगाने की मांग की है।
प्रतिनिधिमंडल में राजकुमार सिंह चौहान, विवेक सिंह, विपिन राणा, अनुज प्रताप सिंह, आदर्श राज सिंह, दुष्यन्त सिंह, सौरभ तौमर, शेखर ठाकुर, प्रताप सिंह, मनीष ठाकुर, मनोज सिंह, देशू ठाकुर आदि मौजूद थे।
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ब्यूरो,अमर उजाला, अलीगढ़।
रानी पद्मावती पर बनी फिल्म को यूपी के सिनेमाघरों में चलाने की सीएम द्वारा अनुमति दिए जाने पर क्षत्रिय समाज के लोगों ने सांसद समेत व विधायकों से मुलाकात की और फिल्म के प्रसारण को यूपी में रुकवाने के लिए मुख्यमंत्री को पत्र लिखवाया।
क्षत्रिय समाज के लोगों के कहने पर जनप्रतिनिधियों ने सीएम को भेजे पत्र में रानी पद्मावती के इतिहास के साथ छेड़छाड़ बात कहकर फिल्म के प्रसारण को रुकवाने का पत्र लिखा है।
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अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के प्रदेश महासचिव ठा. कमल प्रताप सिंह के नेतृत्व में क्षत्रिय समाज का एक प्रतिनिधिमंडल सांसद सतीश गौतम, बरौली विधायक ठा. दलवीर सिंह छर्रा विधायक ठा. रवेन्द्र पाल सिंह, कोल विधायक अनिल पारासर, शहर विधायकर संजीव राजा से मिला। प्रतिनिधिमंडल ने जनप्रतिनिधियों को बताया कि किस तरह इतिहास के साथ छेड़छाड़ कर फिल्म बनाई गई है।
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फिल्म में रानी पदमावती को भरे दरबार में बेढ़ंग के वस्त्रों में नृत्य करते हुए दिखाया गया है, जबकि कभी भी राजपूत समाज की रानी तो दूर किसी राजपूज समाज की नारी ने भी दरबार में नृत्य नहीं किया।
फिल्म में अलाउद्दीन खिलजी को एक महान सम्राट दिखाया गया है, जबकि वह एक क्रूर, निर्दयी और नीच राजा था। इस फिल्म के द्वारा क्षत्रिय समाज की बहन-बेटियों को लज्जित किया गया है। प्रतिनिधिमंडल के कहने पर जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र भेज फिल्म पर रोक लगाने की मांग की है।
प्रतिनिधिमंडल में राजकुमार सिंह चौहान, विवेक सिंह, विपिन राणा, अनुज प्रताप सिंह, आदर्श राज सिंह, दुष्यन्त सिंह, सौरभ तौमर, शेखर ठाकुर, प्रताप सिंह, मनीष ठाकुर, मनोज सिंह, देशू ठाकुर आदि मौजूद थे।