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वाणिज्य कर विभाग की तानाशाही के खिलाफ 11 सदस्यीय टीम गठित
Updated Wed, 10 Jan 2018 01:29 AM IST
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
वाणिज्य कर विभाग की तानाशाही के खिलाफ व्यापारियों ने 11 सदस्यीय टीम का गठन किया है। व्यापारियों को बेवजह परेशान करने किए जाने पर यह टीम मौके पर पहुंचकर अधिकारियों से दो-दो हाथ कर सबक सिखाएगी।
इसकी घोषणा उत्तर प्रदेश ब्रज औद्योगिक व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष सौरभ सिक्ससंस ने की। उन्होंने कहा कि एक्सपोर्ट का माल 24 घंटे से ज्यादा किसी भी अधिकारी को रोकने का अधिकार नहीं है। जब तक कि वो रीजन नोटिस न दे।
व्यापारी के माल की गाड़ी भी संबंधित व्यापारी को बिना लिखित रीजन के ले जाने का अधिकार नहीं है। वाणिज्य कर विभाग के अधिकारी तानाशाही कर स्वयं सरकार के नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं।
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आभा रीजेंसी में आयोजित बैठक में उन्होंने कहा कि केंद्र व राज्य सरकार की सोच है कि व्यापारी की तरक्की हो और व्यापार बढ़े। पर अधिकारी ही सरकारी मंशा पर पतीला लगा रहे हैं। लचर यातायात व्यवस्था एवं शहर में बढ़ते अपराध पर भी व्यापारियों ने आक्रोश व्यक्त किया।
इस अवसर पर उमेश खन्ना, पंकज वार्ष्णेय, प्रदीप वार्ष्णेय, संदीप मित्तल, विकास वार्ष्णेय, जगन राधे, ललित वार्ष्णेय, किशोर कुरकुरे, मनीष वार्ष्णेय, पंकज अग्रवाल, अमित किताब, प्रदीप चौधरी, दीपक अग्रवाल, अभिषेक वार्ष्णेय, अमित अग्रवाल, अमित मित्तल, संजीव कुमार अग्रवाल, अभिषेक जिंदल आदि मौजूद थे।
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वाणिज्य कर विभाग की तानाशाही के खिलाफ व्यापारियों ने 11 सदस्यीय टीम का गठन किया है। व्यापारियों को बेवजह परेशान करने किए जाने पर यह टीम मौके पर पहुंचकर अधिकारियों से दो-दो हाथ कर सबक सिखाएगी।
इसकी घोषणा उत्तर प्रदेश ब्रज औद्योगिक व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष सौरभ सिक्ससंस ने की। उन्होंने कहा कि एक्सपोर्ट का माल 24 घंटे से ज्यादा किसी भी अधिकारी को रोकने का अधिकार नहीं है। जब तक कि वो रीजन नोटिस न दे।
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व्यापारी के माल की गाड़ी भी संबंधित व्यापारी को बिना लिखित रीजन के ले जाने का अधिकार नहीं है। वाणिज्य कर विभाग के अधिकारी तानाशाही कर स्वयं सरकार के नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं।
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आभा रीजेंसी में आयोजित बैठक में उन्होंने कहा कि केंद्र व राज्य सरकार की सोच है कि व्यापारी की तरक्की हो और व्यापार बढ़े। पर अधिकारी ही सरकारी मंशा पर पतीला लगा रहे हैं। लचर यातायात व्यवस्था एवं शहर में बढ़ते अपराध पर भी व्यापारियों ने आक्रोश व्यक्त किया।
इस अवसर पर उमेश खन्ना, पंकज वार्ष्णेय, प्रदीप वार्ष्णेय, संदीप मित्तल, विकास वार्ष्णेय, जगन राधे, ललित वार्ष्णेय, किशोर कुरकुरे, मनीष वार्ष्णेय, पंकज अग्रवाल, अमित किताब, प्रदीप चौधरी, दीपक अग्रवाल, अभिषेक वार्ष्णेय, अमित अग्रवाल, अमित मित्तल, संजीव कुमार अग्रवाल, अभिषेक जिंदल आदि मौजूद थे।