{"_id":"5a4a96d54f1c1b156b8bf97c","slug":"151514837717-aligarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अलीगढ़... अपहरण की झूठी सूचना ने पुलिस को किया परेशान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अलीगढ़... अपहरण की झूठी सूचना ने पुलिस को किया परेशान
Updated Tue, 02 Jan 2018 01:45 AM IST
विज्ञापन
अपहरण की झूठी सूचना पर पुलिस को परेशान किया
ब्यूरो, अमर उजाला, अलीगढ़।
अतरौली निवासी एक किशोर ने अपने अपहरण की झूठी सूचना घरवालों को दी और पुलिस को भी परेशान किया। किशोर गांव छोड़कर शहर में रहना चाहता था जबकि उसके माता पिता उसे अपने पास अतरौली में ही रखना चाहते थे। अतरौली निवासी सद्दाम 25 दिसंबर को अपनी मां और चाचा के साथ जमालपुर शादी समारोह में आया था।
यहां से 28 दिसंबर को वह शाहजमाल रहने वाली अपनी मौसी के यहां पर चला गया। यहां पर वह रह रहा था कि तभी घर से मां का फोन आया कि वह अतरौली चला आए। वह घर जाना नहीं चाहता था। कठपुले के पास आकर उसने घर पर सूचना दे दी कि उसका अपहरण कार सवारों ने कर लिया है और वह उसे कहीं ले जा रहे हैं। इस पर माता पिता घबरा गए और उन्होंने पुलिस को सूचित किया।
पुलिस अपहरण की सूचना पर हरकत में आ गई और तलाश किया तो सद्दाम को धौर्रा माफी में पाया गया। यहां पर सद्दाम ने पुलिस को बताया कि बदमाश उसे यहां पर उतार गए हैं। थाने लाकर कड़ाई से पूछताछ की गई तो सद्दाम ने सच्चाई पुलिस को बता दी। बाद में पुलिस ने सद्दाम को परिवार के सुपुर्द कर दिया।
विज्ञापन
अपहरण के मामले में कार्रवाई नहीं, एसएसपी से शिकायत
पति के अपहरण के आरोपियों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई नहीं होने पर पत्नी ने एसएसपी से गुहार लगाई है। अकराबाद निवासी ज्योति पत्नी विशंभर ने एसएसपी को दिए प्रार्थना पत्र में कहा है कि 23 दिसंबर 2017 को उसके पति उसकी बड़ी बहन के यहां पर हरियाणा के गांव पौनी गए थे। 24 दिसंबर को वह वहां से वापस चल दिए। वापसी में वह इंटरचेंज के पास एक होटल में खाना खा रहे थे। तभी वहां पर टप्पल के गांव बजौता के कुछ परिचित पहुंच गए। विशंबभर उनके साथ पैसे लेने चले गए। इसके बाद विशंबभर का कोई पता नहीं है। उनका मोबाइल भी नहीं मिल रहा है। इस मामले में ज्योति ने बजौता के सतेंद्र, राकेश, गौरव, मोनू और मौनी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया। लेकिन पुलिस ने कार्यवाई नहीं की है।
विज्ञापन
ब्यूरो, अमर उजाला, अलीगढ़।
अतरौली निवासी एक किशोर ने अपने अपहरण की झूठी सूचना घरवालों को दी और पुलिस को भी परेशान किया। किशोर गांव छोड़कर शहर में रहना चाहता था जबकि उसके माता पिता उसे अपने पास अतरौली में ही रखना चाहते थे। अतरौली निवासी सद्दाम 25 दिसंबर को अपनी मां और चाचा के साथ जमालपुर शादी समारोह में आया था।
यहां से 28 दिसंबर को वह शाहजमाल रहने वाली अपनी मौसी के यहां पर चला गया। यहां पर वह रह रहा था कि तभी घर से मां का फोन आया कि वह अतरौली चला आए। वह घर जाना नहीं चाहता था। कठपुले के पास आकर उसने घर पर सूचना दे दी कि उसका अपहरण कार सवारों ने कर लिया है और वह उसे कहीं ले जा रहे हैं। इस पर माता पिता घबरा गए और उन्होंने पुलिस को सूचित किया।
विज्ञापन
पुलिस अपहरण की सूचना पर हरकत में आ गई और तलाश किया तो सद्दाम को धौर्रा माफी में पाया गया। यहां पर सद्दाम ने पुलिस को बताया कि बदमाश उसे यहां पर उतार गए हैं। थाने लाकर कड़ाई से पूछताछ की गई तो सद्दाम ने सच्चाई पुलिस को बता दी। बाद में पुलिस ने सद्दाम को परिवार के सुपुर्द कर दिया।
विज्ञापन
अपहरण के मामले में कार्रवाई नहीं, एसएसपी से शिकायत
पति के अपहरण के आरोपियों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई नहीं होने पर पत्नी ने एसएसपी से गुहार लगाई है। अकराबाद निवासी ज्योति पत्नी विशंभर ने एसएसपी को दिए प्रार्थना पत्र में कहा है कि 23 दिसंबर 2017 को उसके पति उसकी बड़ी बहन के यहां पर हरियाणा के गांव पौनी गए थे। 24 दिसंबर को वह वहां से वापस चल दिए। वापसी में वह इंटरचेंज के पास एक होटल में खाना खा रहे थे। तभी वहां पर टप्पल के गांव बजौता के कुछ परिचित पहुंच गए। विशंबभर उनके साथ पैसे लेने चले गए। इसके बाद विशंबभर का कोई पता नहीं है। उनका मोबाइल भी नहीं मिल रहा है। इस मामले में ज्योति ने बजौता के सतेंद्र, राकेश, गौरव, मोनू और मौनी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया। लेकिन पुलिस ने कार्यवाई नहीं की है।