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दीवानी में दो गुट आमने-सामने आए, तमंचे लहराए गए
Updated Fri, 28 Jul 2017 01:34 AM IST
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दीवानी में दो गुट आमने-सामने आए, तमंचे लहराए
ब्यूरो, अमर उजाला अलीगढ़।
अलीगढ़। दीवानी न्यायालय परिसर में गुरुवार दोपहर उस समय सनसनी फैल गई जब खैर के गांव बिसारा के नामचीन दो आपराधिक गुटों के मुखिया कप्तान सिंह व बंटी चौधरी आमने-सामने आ गए। पेशी के दौरान दोनों में पहले तनातनी हुई और देखते ही देखते गालीगलौज होने लगी। मारपीट की नौबत आती देख वहां तमंचे लहराए गए। मगर तभी वहां पुलिस को आता देख तमंचे लहराने वाले भाग गए और पुलिस ने बमुश्किल मामले को शांत कराया।
खैर के गांव बिसारा के दो आपराधिक गुटों में रंजिश चल रही है। दोनों ओर से हत्याएं भी हो चुकी हैं। इनमें से एक गुट का मुखिया कप्तान सिंह गौतमबुद्ध नगर जेल में निरुद्घ है और गुरुवार को पुलिस अभिरक्षा में अलीगढ़ में पेशी के लिए आया था। इधर दूसरे गुट का बंटी चौधरी की भी एक मुकदमे के सिलसिले में तारीख पर आया था। कोर्ट के अंदर जाने से पहले दोनों के आमने-सामने आने पर तनातनी और गालीगलौज होने लगी।
यह देख नौबत मारपीट की आ गई और तमंचे तक निकल आए। मगर कप्तान को लेकर आए पुलिसकर्मियों ने सुरक्षा कारणों से पुलिस बुला ली। पुलिस के आते ही तमंचे लहराने वाले भाग गए। इस मामले में कप्तान सिंह ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर बंटी से जान का खतरा बताया है। इधर दूसरे पक्ष के बंटी ने भी जान से मारने की आशंका जताते हुए शिकायत देने की तैयारी की है। बता दें कि कप्तान सिंह कुख्यात अरुण फौजी का सगा साला है और पूर्व में बंटी पर बम फेंककर हमला भी हो चुका है। बंटी हाल ही में गभाना के चांदनेर के पूर्व प्रधान की हत्या में जेल से छूटकर आया है।
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ब्यूरो, अमर उजाला अलीगढ़।
अलीगढ़। दीवानी न्यायालय परिसर में गुरुवार दोपहर उस समय सनसनी फैल गई जब खैर के गांव बिसारा के नामचीन दो आपराधिक गुटों के मुखिया कप्तान सिंह व बंटी चौधरी आमने-सामने आ गए। पेशी के दौरान दोनों में पहले तनातनी हुई और देखते ही देखते गालीगलौज होने लगी। मारपीट की नौबत आती देख वहां तमंचे लहराए गए। मगर तभी वहां पुलिस को आता देख तमंचे लहराने वाले भाग गए और पुलिस ने बमुश्किल मामले को शांत कराया।
खैर के गांव बिसारा के दो आपराधिक गुटों में रंजिश चल रही है। दोनों ओर से हत्याएं भी हो चुकी हैं। इनमें से एक गुट का मुखिया कप्तान सिंह गौतमबुद्ध नगर जेल में निरुद्घ है और गुरुवार को पुलिस अभिरक्षा में अलीगढ़ में पेशी के लिए आया था। इधर दूसरे गुट का बंटी चौधरी की भी एक मुकदमे के सिलसिले में तारीख पर आया था। कोर्ट के अंदर जाने से पहले दोनों के आमने-सामने आने पर तनातनी और गालीगलौज होने लगी।
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यह देख नौबत मारपीट की आ गई और तमंचे तक निकल आए। मगर कप्तान को लेकर आए पुलिसकर्मियों ने सुरक्षा कारणों से पुलिस बुला ली। पुलिस के आते ही तमंचे लहराने वाले भाग गए। इस मामले में कप्तान सिंह ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर बंटी से जान का खतरा बताया है। इधर दूसरे पक्ष के बंटी ने भी जान से मारने की आशंका जताते हुए शिकायत देने की तैयारी की है। बता दें कि कप्तान सिंह कुख्यात अरुण फौजी का सगा साला है और पूर्व में बंटी पर बम फेंककर हमला भी हो चुका है। बंटी हाल ही में गभाना के चांदनेर के पूर्व प्रधान की हत्या में जेल से छूटकर आया है।
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